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फर्जी यूनिट दिखाकर राशन का गोलमाल
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राशन
एटा। सरकार एक ओर गरीबों को राशन मुहैया कराने के लिए तमाम कोशिशें कर रही है। वहीं डीलर राशन की कालाबाजारी कर गरीबों के निवाले पर डाका डाल रहे हैं। जिले के गांव दूल्हापुर में ऐसा ही मामला सामने आया है। जहां राशन डीलर सालों से फर्जी यूनिटें दिखाकर राशन का गोलमाल कर रहा है। जांच के डर से डीलर ने 120 फर्जी यूनिटों को डिलीट करा दिया गया है। जबकि गांव में आज भी तमाम परिवार राशन को तरस रहे हैं।
दरअसल, खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत हर गरीब परिवार को सरकार द्वारा गेहूं, चावल के तौर पर राशन दिया जाता है। पिछले दिनों गांव दूल्हापुर के डीलर गीतम पुत्र अंतराम की शिकायत एसडीएम सदर से की गई। शिकायत में कहा गया कि डीलर हर कार्ड पर पांच किलो राशन कम देता है। साथ ही सूची में तमाम फर्जी नाम शामिल किए गए हैं। शिकायत के बाद एसडीएम सदर और ज्वाइंट मजिस्ट्रेट महेंद्र सिंह तंवर ने मामले की जांच निर्देश दिए हैं।
एसडीएम ने मामले को संदिग्ध मानते हुए रिकवरी कराने के लिए कहा है। ग्रामीण बताते हैं कि राशन डीलर करीब 425 यूनिटों का राशन कई साल से ले रहा है। जिसमें तमाम यूनिटें फर्जी हैं। वहीं राशन डीलर ने जांच के डर से कई फर्जी यूनिटों को डिलीट करा दिया। बताया जाता है कि छह जनवरी को गांव की सूची में 1808 यूनिटों के हिसाब से राशन आ रहा था। जबकि छह फरवरी की सूची में 120 यूनिट कम पाई गईं। ग्रामीणों का आरोप है डीलर करीब 40 क्विंटल राशन का हर महीने गोलमाल कर रहा है। वहीं गांव के तमाम पात्र परिवार राशन को तरस रहे हैं। एसडीएम सदर और ज्वाइंट मजिस्ट्रेट महेंद्र सिंह तंवर ने पूर्ति निरीक्षक को जांच कर राशन डीलर से रिकवरी कराने और एफआईआर कराने के निर्देश दिए हैं।
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कार्डों पर से काटे कई नाम
राशन डीलर ने गांव के कई कार्डों पर से यूनिटों को काट दिया है। गांव की ज्ञानदेवी के कार्ड से तीन, बबिता के कार्ड से एक, पूनम के कार्ड से एक, कमला देवी के कार्ड से तीन, गंगा देवी के कार्ड से चार, पूजा कुमारी के कार्ड से तीन यूनिट काट दी गई हैं। जबकि इनका यूनिटों का कई साल से राशन डीलर को मिल रहा था।
कभी वापस नहीं किया राशन
राशन डीलर का कहना है कि उसे गलती से राशन मिलता रहा, लेकिन कभी डीलर ने राशन को वापस नहीं किया। इससे साफ है कि डीलर कालाबाजारी करता रहा।
इनका कहना है
गांव में जमीन की रंजिश में मुझे परेशान किया जा रहा है। एसडीएम ने जांच टीम भेजी थी। मैनें कुछ भी गलत नहीं किया है। आधार कार्ड फीड गलत हो गए थे। इसलिए राशन कार्ड पर से नाम काटे हैं।
गीतम सिंह, राशन डीलर
लोग कहते हैं
मेरे राशन कार्ड से एक यूनिट को गलत बताकर काट दिया गया है। जबकि सालों से मुझे राशन पांच यूनिट का मिला है। एक यूनिट का राशन डीलर रख लेता है।
पूनम देवी
मेरे ार्ड पर से भी नाम काट दिया है। कभी-कभी राशन मिलता है। डीलर मनमानी करता है और राशन कम देता है।
बबिता देवी
मामले की जांच के निर्देश एसडीएम और ज्वाइंट मजिस्ट्रेट ने दिए हैं। जांच की जा रही है। जांच के बाद रिपोर्ट सौंपी जाएगी।
योगेंद्र कुमार, पूर्ति निरीक्षक
दूल्हापुर की शिकायत आई है। प्रथम दृष्टया कुछ संदिग्धतता प्रतीत हो रही है। कार्डों पर से नाम काटे गए हैं। इसके लिए पूर्ति निरीक्षक को जांच कराने के लिए कहा है। अगर शिकायत सही पाई गई, तो रिकवरी कराई जाएगी।
महेंद्र सिंह तंवर, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट और एसडीएम सदर
शिकायत एसडीएम और ज्वाइंट मजिस्ट्रेट से की गई है। मामले की जांच चल रही है। जल्द ही कार्रवाई की जाएगी।
आरके मिश्रा, डीएसओ
क्या कहते हैं आंकड़े
90 क्विंटल करीब राशन मिलता है हर माह
1808 यूनिट का आता है डीलर पर राशन
05 किग्रा प्रति यूनिट राशन देने का नियम
790 राशन दुकानें हैं जिले में
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दरअसल, खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत हर गरीब परिवार को सरकार द्वारा गेहूं, चावल के तौर पर राशन दिया जाता है। पिछले दिनों गांव दूल्हापुर के डीलर गीतम पुत्र अंतराम की शिकायत एसडीएम सदर से की गई। शिकायत में कहा गया कि डीलर हर कार्ड पर पांच किलो राशन कम देता है। साथ ही सूची में तमाम फर्जी नाम शामिल किए गए हैं। शिकायत के बाद एसडीएम सदर और ज्वाइंट मजिस्ट्रेट महेंद्र सिंह तंवर ने मामले की जांच निर्देश दिए हैं।
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एसडीएम ने मामले को संदिग्ध मानते हुए रिकवरी कराने के लिए कहा है। ग्रामीण बताते हैं कि राशन डीलर करीब 425 यूनिटों का राशन कई साल से ले रहा है। जिसमें तमाम यूनिटें फर्जी हैं। वहीं राशन डीलर ने जांच के डर से कई फर्जी यूनिटों को डिलीट करा दिया। बताया जाता है कि छह जनवरी को गांव की सूची में 1808 यूनिटों के हिसाब से राशन आ रहा था। जबकि छह फरवरी की सूची में 120 यूनिट कम पाई गईं। ग्रामीणों का आरोप है डीलर करीब 40 क्विंटल राशन का हर महीने गोलमाल कर रहा है। वहीं गांव के तमाम पात्र परिवार राशन को तरस रहे हैं। एसडीएम सदर और ज्वाइंट मजिस्ट्रेट महेंद्र सिंह तंवर ने पूर्ति निरीक्षक को जांच कर राशन डीलर से रिकवरी कराने और एफआईआर कराने के निर्देश दिए हैं।
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कार्डों पर से काटे कई नाम
राशन डीलर ने गांव के कई कार्डों पर से यूनिटों को काट दिया है। गांव की ज्ञानदेवी के कार्ड से तीन, बबिता के कार्ड से एक, पूनम के कार्ड से एक, कमला देवी के कार्ड से तीन, गंगा देवी के कार्ड से चार, पूजा कुमारी के कार्ड से तीन यूनिट काट दी गई हैं। जबकि इनका यूनिटों का कई साल से राशन डीलर को मिल रहा था।
कभी वापस नहीं किया राशन
राशन डीलर का कहना है कि उसे गलती से राशन मिलता रहा, लेकिन कभी डीलर ने राशन को वापस नहीं किया। इससे साफ है कि डीलर कालाबाजारी करता रहा।
इनका कहना है
गांव में जमीन की रंजिश में मुझे परेशान किया जा रहा है। एसडीएम ने जांच टीम भेजी थी। मैनें कुछ भी गलत नहीं किया है। आधार कार्ड फीड गलत हो गए थे। इसलिए राशन कार्ड पर से नाम काटे हैं।
गीतम सिंह, राशन डीलर
लोग कहते हैं
मेरे राशन कार्ड से एक यूनिट को गलत बताकर काट दिया गया है। जबकि सालों से मुझे राशन पांच यूनिट का मिला है। एक यूनिट का राशन डीलर रख लेता है।
पूनम देवी
मेरे ार्ड पर से भी नाम काट दिया है। कभी-कभी राशन मिलता है। डीलर मनमानी करता है और राशन कम देता है।
बबिता देवी
मामले की जांच के निर्देश एसडीएम और ज्वाइंट मजिस्ट्रेट ने दिए हैं। जांच की जा रही है। जांच के बाद रिपोर्ट सौंपी जाएगी।
योगेंद्र कुमार, पूर्ति निरीक्षक
दूल्हापुर की शिकायत आई है। प्रथम दृष्टया कुछ संदिग्धतता प्रतीत हो रही है। कार्डों पर से नाम काटे गए हैं। इसके लिए पूर्ति निरीक्षक को जांच कराने के लिए कहा है। अगर शिकायत सही पाई गई, तो रिकवरी कराई जाएगी।
महेंद्र सिंह तंवर, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट और एसडीएम सदर
शिकायत एसडीएम और ज्वाइंट मजिस्ट्रेट से की गई है। मामले की जांच चल रही है। जल्द ही कार्रवाई की जाएगी।
आरके मिश्रा, डीएसओ
क्या कहते हैं आंकड़े
90 क्विंटल करीब राशन मिलता है हर माह
1808 यूनिट का आता है डीलर पर राशन
05 किग्रा प्रति यूनिट राशन देने का नियम
790 राशन दुकानें हैं जिले में