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कैकेयी गई कोप भवन में, आज वन को जाएंगे श्रीराम
Updated Mon, 29 Oct 2018 08:40 PM IST
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मथुरा। श्री बाल रामलीला कमेटी द्वारा गांधी पार्क में चल रहे मंचन के दौरान सोमवार को कैकेयी कोप भवन लीला का मंचन किया गया। मंथरा-कैकेयी के संवाद को सुनने के लिए दर्शक अपने स्थानों पर देर तक जमे रहे।
प्रभु श्रीराम की बारात लौटकर अवधपुरी पहुंची, महिलाओं द्वारा मंगलाचार गाए गए। मां कौशल्या, सुमित्रा व कैकेयी ने चारों भाइयों की आरती उतारी। राजा दशरथ ने गुरु वशिष्ठ से श्रीराम का राज्याभिषेक करने की बात कही। इसके लिए राज्य में तैयारियां शुरू हो गईं। मंथरा ने कैकेयी के कान भर दिए।
कहा कि यदि श्रीराम राजा बने तो तुम्हारे पुत्र को क्या मिलेगा। तुम राजा दशरथ से दो वर मांग लो। कैकेयी कोपभवन में चली गईं। जब दशरथ उनके पास गए तो कैकेयी ने पहले वर के रूप में भरत को राजगद्दी व दूसरे वर के रूप में श्रीराम को 14 वर्ष का वनवास मांगा। राजा दशरथ मूर्छित हो गए।
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जब श्रीराम को पता चला तो वह वन को जाने लगे। लक्ष्मण और मां जानकी भी उनके साथ चल दिए। लीला में सभापति मदनमोहन अग्रवाल, रविकांत गर्ग, संजय नदवई, सौरभ खंडेलवाल, मनीषा गुप्ता, सोहन लाल शर्मा, विपुल पारीक, पंकज शर्मा, शंकर स्टील, राजनारायण गौड़, शंशाक पाठक, भोला पंडित, रामगोपाल शर्मा, पुनीत शास्त्री, दुर्गेश आदि उपस्थित थे।
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प्रभु श्रीराम की बारात लौटकर अवधपुरी पहुंची, महिलाओं द्वारा मंगलाचार गाए गए। मां कौशल्या, सुमित्रा व कैकेयी ने चारों भाइयों की आरती उतारी। राजा दशरथ ने गुरु वशिष्ठ से श्रीराम का राज्याभिषेक करने की बात कही। इसके लिए राज्य में तैयारियां शुरू हो गईं। मंथरा ने कैकेयी के कान भर दिए।
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कहा कि यदि श्रीराम राजा बने तो तुम्हारे पुत्र को क्या मिलेगा। तुम राजा दशरथ से दो वर मांग लो। कैकेयी कोपभवन में चली गईं। जब दशरथ उनके पास गए तो कैकेयी ने पहले वर के रूप में भरत को राजगद्दी व दूसरे वर के रूप में श्रीराम को 14 वर्ष का वनवास मांगा। राजा दशरथ मूर्छित हो गए।
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जब श्रीराम को पता चला तो वह वन को जाने लगे। लक्ष्मण और मां जानकी भी उनके साथ चल दिए। लीला में सभापति मदनमोहन अग्रवाल, रविकांत गर्ग, संजय नदवई, सौरभ खंडेलवाल, मनीषा गुप्ता, सोहन लाल शर्मा, विपुल पारीक, पंकज शर्मा, शंकर स्टील, राजनारायण गौड़, शंशाक पाठक, भोला पंडित, रामगोपाल शर्मा, पुनीत शास्त्री, दुर्गेश आदि उपस्थित थे।