{"_id":"5ad23bf04f1c1b84028b4818","slug":"191523727344-agra-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"गेहूं की फसल खराब होने से किसान की सदमे से मौत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
गेहूं की फसल खराब होने से किसान की सदमे से मौत
Updated Sat, 14 Apr 2018 11:05 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जसराना। जसराना क्षेत्र के गांव जाजूमई में किसान की उस समय मौत हो गई जब वो अन्य लोगों के साथ खेत में कटाई का कार्य रहा था। बारिश एवं आंधी में फसल के खराब होने के कारण दो दिन से सदमे था। किसान ने फसल करने के साथ ही लगान पर खेत ले रखा था। किसान की मौत के बाद उसके परिवार में कोहराम मच गया।
थाना क्षेत्र के गांव जाजूमई निवासी रवींद्र सिंह (45) पुत्र तुर्रम सिंह शनिवार की सुबह खेतों में खड़ी गेहूं की फसल को काटने गए थे। उन्होंने लगान पर खेत लेकर पांच बीघा में गेहूं की फसल की थी। उनके साथ कई और लोग भी थे। खेत में बैठने के दस मिनट बाद ही उनकी हालत खराब हो गई और वहीं तड़पने लगे। कुछ ही देर में उनकी मौत हो गई।
पत्नी सादेवी के साथ पुत्र एवं पुत्री में कोहराम मच गया। रवींद्र सिंह के पुत्र योगेश ने बताया कि उसके बाबा के नाम 20 बीघा खेत है जिस पर उसके पिता खेती करने का कार्य करते थे। दो दिन पूर्व हुई आंधी-बारिश से उनकी फसल को काफी नुकसान हुआ था जिसके कारण वो सदमे थे। बैंक के कर्जे को लेकर भी परेशान रहते थे।
विज्ञापन
सूचना पर एसडीएम मोहम्मद रिजवान, तहसीलदार जसराना वीपी पटेल, लेखपाल एवं थाना पुलिस गांव में पहुंची। अधिकारियों ने किसान के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। वहीं लोगों के बयान दर्ज करने के साथ ही फसल का भी मुआयना किया। एसडीएम जसराना ने पीड़ित परिवार की मदद करने का आश्वासन दिया है। किसान की मौत की सूचना पर जाजूमई पहुंचे एसडीएम जसराना मोहम्मद रिजवान ने कहा कि शव का पोस्टमार्टम कराया जा रह है। रिपोर्ट आने के बाद उसकी मौत का कारण स्पष्ट हो सकेगा।
गुमसुम बैठे थे पिता
जसराना। किसान रवींद्र सिंह के पिता पुत्र की मौत के बाद गुमसुम बैठे थे। पिता ने बताया कि फसल में नुकसान होने पर रवींद्र परेशान था। समझाया भी था। पिता ने कहा कि उनके तो बुढ़ापे का सहारा ही चला गया।
पिता का शव देख बिगड़ी बेटी की हालत
जसराना। जाजूमई में खेत पर किसान की मौत के बाद जब ग्रामीण एवं परिवारीजन उसके शव को लेकर घर पहुंचे वहां कोहराम मच गया। पत्नी एवं बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल गया। 17 वर्ष की बेटी पूजा की हालत काफी खराब हो गई। लोग पूजा को डाक्टर के पास लेकर गए। जहां उसका उपचार कराया गया।
मृतक के नाम नहीं है कोई खेत, ले रखा था लगान पर
जसराना। मृतक रवींद्र सिंह अपने पिता तुर्रम सिंह की अकेली संतान है। 20 बीघा खेती के मालिक तुर्रम सिंह की खेती रवींद्र सिंह ही करते थे। वहीं अन्य लोगों की खेती भी लगान पर ले रखी थी। पुत्र योगेश ने बताया कि जिस खेत में पिता की मौत हुई है वह लगान पर शिकोहाबाद के रामसिंह से लिया था। लगान पर लिए खेत में पांच बीघा में गेहूं की फसल की थी। आंधी-बारिश में पूरे पांच बीघा गेहूं की फसल खराब हो गई थी। दाना काला पड़ गया था। इससे वह सदमे में थे।
केसीसी पर कर्जा भी लिया था
जसराना। रवींद्र सिंह ने खेती के खर्चों के लिए पिता के खेत पर यूनियन बैंक ऑफ इंडिया शिकोहाबाद से दो साल पहले ही दो लाख रुपया का कर्जा लिया हुआ था। फसल खराब होने के कारण दो दिन से सदमे में थे। वहीं बैंक का कर्ज होने की चिंता भी थी।
विज्ञापन
थाना क्षेत्र के गांव जाजूमई निवासी रवींद्र सिंह (45) पुत्र तुर्रम सिंह शनिवार की सुबह खेतों में खड़ी गेहूं की फसल को काटने गए थे। उन्होंने लगान पर खेत लेकर पांच बीघा में गेहूं की फसल की थी। उनके साथ कई और लोग भी थे। खेत में बैठने के दस मिनट बाद ही उनकी हालत खराब हो गई और वहीं तड़पने लगे। कुछ ही देर में उनकी मौत हो गई।
विज्ञापन
पत्नी सादेवी के साथ पुत्र एवं पुत्री में कोहराम मच गया। रवींद्र सिंह के पुत्र योगेश ने बताया कि उसके बाबा के नाम 20 बीघा खेत है जिस पर उसके पिता खेती करने का कार्य करते थे। दो दिन पूर्व हुई आंधी-बारिश से उनकी फसल को काफी नुकसान हुआ था जिसके कारण वो सदमे थे। बैंक के कर्जे को लेकर भी परेशान रहते थे।
विज्ञापन
सूचना पर एसडीएम मोहम्मद रिजवान, तहसीलदार जसराना वीपी पटेल, लेखपाल एवं थाना पुलिस गांव में पहुंची। अधिकारियों ने किसान के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। वहीं लोगों के बयान दर्ज करने के साथ ही फसल का भी मुआयना किया। एसडीएम जसराना ने पीड़ित परिवार की मदद करने का आश्वासन दिया है। किसान की मौत की सूचना पर जाजूमई पहुंचे एसडीएम जसराना मोहम्मद रिजवान ने कहा कि शव का पोस्टमार्टम कराया जा रह है। रिपोर्ट आने के बाद उसकी मौत का कारण स्पष्ट हो सकेगा।
गुमसुम बैठे थे पिता
जसराना। किसान रवींद्र सिंह के पिता पुत्र की मौत के बाद गुमसुम बैठे थे। पिता ने बताया कि फसल में नुकसान होने पर रवींद्र परेशान था। समझाया भी था। पिता ने कहा कि उनके तो बुढ़ापे का सहारा ही चला गया।
पिता का शव देख बिगड़ी बेटी की हालत
जसराना। जाजूमई में खेत पर किसान की मौत के बाद जब ग्रामीण एवं परिवारीजन उसके शव को लेकर घर पहुंचे वहां कोहराम मच गया। पत्नी एवं बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल गया। 17 वर्ष की बेटी पूजा की हालत काफी खराब हो गई। लोग पूजा को डाक्टर के पास लेकर गए। जहां उसका उपचार कराया गया।
मृतक के नाम नहीं है कोई खेत, ले रखा था लगान पर
जसराना। मृतक रवींद्र सिंह अपने पिता तुर्रम सिंह की अकेली संतान है। 20 बीघा खेती के मालिक तुर्रम सिंह की खेती रवींद्र सिंह ही करते थे। वहीं अन्य लोगों की खेती भी लगान पर ले रखी थी। पुत्र योगेश ने बताया कि जिस खेत में पिता की मौत हुई है वह लगान पर शिकोहाबाद के रामसिंह से लिया था। लगान पर लिए खेत में पांच बीघा में गेहूं की फसल की थी। आंधी-बारिश में पूरे पांच बीघा गेहूं की फसल खराब हो गई थी। दाना काला पड़ गया था। इससे वह सदमे में थे।
केसीसी पर कर्जा भी लिया था
जसराना। रवींद्र सिंह ने खेती के खर्चों के लिए पिता के खेत पर यूनियन बैंक ऑफ इंडिया शिकोहाबाद से दो साल पहले ही दो लाख रुपया का कर्जा लिया हुआ था। फसल खराब होने के कारण दो दिन से सदमे में थे। वहीं बैंक का कर्ज होने की चिंता भी थी।