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एकेटीयू बनाएगी एसएन मेडिकल कालेज को ई-हॉस्पिटल
Updated Wed, 27 Dec 2017 11:37 PM IST
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आगरा। एसएन मेडिकल कालेज को ई-हास्पिटल बनाने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। एपीजे अब्दुल कलाम टेक्निकल यूनीवर्सिटी (एकेटीयू) और नेशनल इनफॉरमेशन सेंटर (एनआइसी) की तकनीकी टीम ने बुधवार को कालेज का सर्वे किया।
जल्द इस योजना पर कार्य शुरू हो जाएगा। सालभर में काम पूरा हो जाने की उम्मीद है। करीब 2.5 करोड़ रुपये का बजट का प्रस्ताव किया गया है। एकेटीयू के अभिषेक नागर और एनआईसी के निकेश कुमार ने इमरजेंसी, सात मंजिला, स्त्री रोग, बाल रोग विभाग, टीबी रोग, मेडिसिन विभाग, नेत्र रोग विभाग, ओपीडी समेत पूरे परिसर का सर्वे किया।
कंप्यूटर कक्ष समेत इसकी मानीटरिंग के लिए कक्ष के स्थान देखे गए। शाम तक चले सर्वे के बाद रिपोर्ट पर कार्य शुरू हुआ। प्राचार्य डा. सरोज सिंह ने बताया कि ई-हास्पिटल योजना पर कार्य शुरू हो गया है। इसमें मरीज का पर्चा बनने से लेकर इलाज पूरा होने तक सभी जानकारी आनलाइन होगी। विभाग एक-दूसरे से जुडे़ंगे। क्रांतिकारी बदलाव होगा।
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ये है योजना
ई-हास्पिटल नेटवर्किंग योजना के तहत जिला अस्पताल और एसएन मेडिकल कालेज चयनित किए गए हैं। इसमें ओपीडी समेत सभी विभाग आपस में इंटरनेट से जुडे़ंगे। चिकित्सकों के नाम, विशेषज्ञता, ओपीडी का दिन समेत सभी जानकारी आनलाइन होगी।
मरीज घर बैठे पंजीकरण करा सकेगा, पर्चा बनने के बाद उसकी जांच, इलाज समेत सभी कुछ कंप्यूटर में दर्ज होगा। पर्चा खोने के बाद भी उसकी सभी रिपोर्ट सुरक्षित रहेंगी।
तीन चरणों में होगा कार्य
ई-हास्पिटल के लिए तीन चरणों में कार्य होगा। पहले चरण में ओपीडी, आईपीडी, सभी विभाग आपस में इंटरनेट के जरिये जोड़े जाएंगे।
दूसरे चरण में रेडियो डाइग्नोसिस, पैथोलॉजी लैब, माइक्रोबायोलॉजी लैब, बायोकेमिस्ट्री लैब और फैकल्टी कक्ष होंगे। अंतिम चरण में हास्टल, वार्ड और एसआईसी-प्राचार्य कार्यालय होगा। इनका सेंटर पुस्तकालय में बनाया जाएगा।
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जल्द इस योजना पर कार्य शुरू हो जाएगा। सालभर में काम पूरा हो जाने की उम्मीद है। करीब 2.5 करोड़ रुपये का बजट का प्रस्ताव किया गया है। एकेटीयू के अभिषेक नागर और एनआईसी के निकेश कुमार ने इमरजेंसी, सात मंजिला, स्त्री रोग, बाल रोग विभाग, टीबी रोग, मेडिसिन विभाग, नेत्र रोग विभाग, ओपीडी समेत पूरे परिसर का सर्वे किया।
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कंप्यूटर कक्ष समेत इसकी मानीटरिंग के लिए कक्ष के स्थान देखे गए। शाम तक चले सर्वे के बाद रिपोर्ट पर कार्य शुरू हुआ। प्राचार्य डा. सरोज सिंह ने बताया कि ई-हास्पिटल योजना पर कार्य शुरू हो गया है। इसमें मरीज का पर्चा बनने से लेकर इलाज पूरा होने तक सभी जानकारी आनलाइन होगी। विभाग एक-दूसरे से जुडे़ंगे। क्रांतिकारी बदलाव होगा।
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ये है योजना
ई-हास्पिटल नेटवर्किंग योजना के तहत जिला अस्पताल और एसएन मेडिकल कालेज चयनित किए गए हैं। इसमें ओपीडी समेत सभी विभाग आपस में इंटरनेट से जुडे़ंगे। चिकित्सकों के नाम, विशेषज्ञता, ओपीडी का दिन समेत सभी जानकारी आनलाइन होगी।
मरीज घर बैठे पंजीकरण करा सकेगा, पर्चा बनने के बाद उसकी जांच, इलाज समेत सभी कुछ कंप्यूटर में दर्ज होगा। पर्चा खोने के बाद भी उसकी सभी रिपोर्ट सुरक्षित रहेंगी।
तीन चरणों में होगा कार्य
ई-हास्पिटल के लिए तीन चरणों में कार्य होगा। पहले चरण में ओपीडी, आईपीडी, सभी विभाग आपस में इंटरनेट के जरिये जोड़े जाएंगे।
दूसरे चरण में रेडियो डाइग्नोसिस, पैथोलॉजी लैब, माइक्रोबायोलॉजी लैब, बायोकेमिस्ट्री लैब और फैकल्टी कक्ष होंगे। अंतिम चरण में हास्टल, वार्ड और एसआईसी-प्राचार्य कार्यालय होगा। इनका सेंटर पुस्तकालय में बनाया जाएगा।