फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Etah News ›   पिलुआ में बन रहा था नकली लवण भास्कर चूर्ण

पिलुआ में बन रहा था नकली लवण भास्कर चूर्ण

Sun, 24 Sep 2017 11:38 PM IST
Updated Sun, 24 Sep 2017 11:38 PM IST
विज्ञापन
पिलुआ में बन रहा था नकली लवण भास्कर चूर्ण
Fraud
एटा। कस्बा पिलुआ में लंबे से समय से बनाया जा रहा नकली डाबर लवण भास्कर चूर्ण का रविवार को भंडाफोड़ हो गया।
विज्ञापन


सूचना पर पहुंची डाबर कंपनी के अधिकारियों ने पुलिस के साथ मिलकर तीन आरोपियों को मौके से गिरफ्तार कर लिया।

इनके पास से भारी मात्रा में नकली चूर्ण, बीज, रेपर, ढक्कन, बाजरा, लाहा, पालक, पोदीना, धनिया के बीज मिले हैं।

कस्बा पिलुआ निवासी रामप्रकाश, दिनेश, पीतम्बर लंबे समय से पिलुआ में नकली डाबर कंपनी का लवण भास्कर चूूर्ण, बाजरा और लाहा, धनिया, पोदीना आदि का कारोबार कर रहे थे।

इसकी जानकारी किसी तरह से डाबर कंपनी के मुख्य जांचकर्ता जीतू शर्मा को हुई तो वे अपनी टीम और पिलुआ पुलिस के साथ कस्बा में जा पहुंचे। इसके बाद उन्होंने पुलिस की मदद से तीनों आरोपियों को पकड़ लिया।
विज्ञापन


डाबर कंपनी के जांच अधिकारी ने बताया कि छापामार कार्रवाई के वक्त मौके से 518 सीसी भरी हुई चूर्ण की और 215 खाली बरामद हुई है, जबकि 105 पैकेट नकली पायनियर बाजरा और लाहा, 325 खाली पैकेट एक किलो वाले एवं 525 भरे हुए धनिया, पोदीना के बीज, 28 पालक नकली बीज से भरे हुए पैकेट एवं 505 खाली रैपर बरामद किए गए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


मामले की रिपोर्ट आरोपियों के खिलाफ डाबर कंपनी के मुख्य जांच अधिकारी जीतू शर्मा ने थाना पिलुआ में दर्ज कराई है।

अलग-अलग घरों पर चल रहा था कारोबार

नकली चूर्ण और बीज तैयार करने के आरोप में पकड़े गए तीनो आरोपी अपने-अपने घरों पर यह कारोबार कर रहे थे। छापामार कार्रवाई के वक्त सभी आरोपियों के घर से नकली चूर्ण और बीज बरामद हुआ है।

जिले के साथ ही आसपास तक थी सप्लाई

कस्बा पिलुआ में चल रहे नकली कारोबार में तैयार होने वाले सामान की सप्लाई जिले के साथ ही पड़ोसी जिले कासगंज, फिरोजाबाद, मैनपुरी, हाथरस और आगरा तक होती है। डिमांड के अनुसार आरोपी चूर्ण और नकली बीज को तैयार करते थे।

सरगना नहीं लगा हाथ

पिलुआ से पकड़े गए आरोपियों का सरगना पुलिस और डाबर कंपनी के अधिकारियों के हाथ नहीं लगा है। पकड़े गए आरोपियों ने बताया कि उन्हें चूर्ण और बीज भरने की मेहनत के लिए तीस हजार रुपये मात्रा के हिसाब से मिलते थे।


पकड़े गए आरोपी पुलिस को गुमराह करते हुए सरगना के बारे में कोई जानकारी न होने की बात कह रहे हैं। हालांकि पुलिस आरोपियों से पूछताछ करके सरगना तक पहुंचने की कोशिश कर रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed