{"_id":"5bf6ee7ebdec2241c54d071a","slug":"151542909566-agra-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"फर्जी शिक्षकों पर गिरेगी गाज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
फर्जी शिक्षकों पर गिरेगी गाज
Updated Thu, 22 Nov 2018 11:29 PM IST
विज्ञापन
विज्ञापन
फिरोजाबाद। फिरोजाबाद समेत पूरे प्रदेश के विभिन्न जिलों के परिषदीय स्कूलों में विगत आठ वर्षों में हुई नियुक्तियों की जांच कराने के आदेश दिए हैं। फर्जी शिक्षकों पर जल्द ही गाज गिरेगी। अपर मुख्य सचिव बेसिक शिक्षा ने जांच कराने को कहा है। शीघ्र ही रिपोर्ट प्रेषित के लिए संबंधित डीएम एवं बीएसए को आदेशित किया है।
विभागीय लोगों के मुताबिक काफी संख्या में वर्ष 2010 के बाद शिक्षकों की अनियमित और फर्जी तरीके से नियुक्तियां हुई हैं। इन शिक्षकों को हर साल करोड़ो रुपये की धनराशि आवंटित की जा रही है। वहीं, योग्य व्यक्ति बेरोजगार घूम रहे है। शासन ने जांच के आदेश दिए हैं।
परिषदीय प्राथमिक विद्यालयों में फर्जी तरीके से तैनात शिक्षक जांच के घेरे में कुछ खास कारणों से आए हैं। इन शिक्षक-शिक्षिकाओं ने हाईस्कूल, इंटर, स्नातक, परास्तनाक एवं टीईटी आदि प्रमाणों की द्वितीय प्रति बोर्ड या विश्वविद्यालय से प्राप्त की है।
विज्ञापन
ऐसे में माना जा रहा है कि इनमें से अनेक शिक्षिकों ने फर्जीवाड़ा किया है। बीएसए अरविंद पाठक का कहना है कि हम कई शिक्षकों पर एफआईआर करा चुके हैं। कइयों की सत्यापन रिपोर्ट आने के बाद कार्रवाई की जाएगी।
फिरोजबाद। बेसिक शिक्षा विभाग पांच फर्जी शिक्षकों पर एफआईआर दर्ज करा चुका है। उनसे लिया गया वेतन की रिकवरी के आदेश जारी कर चुका है। करीब दस और शिक्षक जांच के घेरे में आ गए हैं। हालांकि उनके पुन: सत्यापन के लिए अभिलेख भेजे हैं।
अपर मुख्य सचिव बेसिक शिक्षा प्रभात कुमार ने विगत 15 नवंबर को आदेश जारी किया है। इसमें जांच कर शासन को रिपोर्ट भेजने को कहा है। पूर्व में भी जांच चल रही है। फर्जी शिक्षकों में खलबली मची हुई है।
विभागीय लोगों के मुताबिक काफी संख्या में वर्ष 2010 के बाद शिक्षकों की अनियमित और फर्जी तरीके से नियुक्तियां हुई हैं। इन शिक्षकों को हर साल करोड़ो रुपये की धनराशि आवंटित की जा रही है। वहीं, योग्य व्यक्ति बेरोजगार घूम रहे है। शासन ने जांच के आदेश दिए हैं।
विज्ञापन
परिषदीय प्राथमिक विद्यालयों में फर्जी तरीके से तैनात शिक्षक जांच के घेरे में कुछ खास कारणों से आए हैं। इन शिक्षक-शिक्षिकाओं ने हाईस्कूल, इंटर, स्नातक, परास्तनाक एवं टीईटी आदि प्रमाणों की द्वितीय प्रति बोर्ड या विश्वविद्यालय से प्राप्त की है।
विज्ञापन
ऐसे में माना जा रहा है कि इनमें से अनेक शिक्षिकों ने फर्जीवाड़ा किया है। बीएसए अरविंद पाठक का कहना है कि हम कई शिक्षकों पर एफआईआर करा चुके हैं। कइयों की सत्यापन रिपोर्ट आने के बाद कार्रवाई की जाएगी।
फिरोजबाद। बेसिक शिक्षा विभाग पांच फर्जी शिक्षकों पर एफआईआर दर्ज करा चुका है। उनसे लिया गया वेतन की रिकवरी के आदेश जारी कर चुका है। करीब दस और शिक्षक जांच के घेरे में आ गए हैं। हालांकि उनके पुन: सत्यापन के लिए अभिलेख भेजे हैं।
अपर मुख्य सचिव बेसिक शिक्षा प्रभात कुमार ने विगत 15 नवंबर को आदेश जारी किया है। इसमें जांच कर शासन को रिपोर्ट भेजने को कहा है। पूर्व में भी जांच चल रही है। फर्जी शिक्षकों में खलबली मची हुई है।