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ट्रेनों से टकराए जानवर
Updated Fri, 11 Aug 2017 12:02 AM IST
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फाइल फोटो
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टूंडला (फिरोजाबाद)। टूंडला-कानपुर रेलखंड पर अलग-अलग घटनाओं में दो ट्रेनों से जानवर टकराने के कारण कई ट्रेनें प्रभावित रहीं। इंजन में फंसे जानवरों के मांस को निकालने के बाद ही ट्रेनों को रवाना किया गया। इस दौरान कईं ट्रेनें प्रभावित रहीं।
बुधवार रात करीब ढाई बजे नई दिल्ली से चलकर कानपुर की ओर जा रही ब्रह्मपुत्र मेल टूंडला और हिरनगांव के बीच पहुंची ही थी। इसी बीच ट्रेन के इंजन से सांड़ टकरा गया। इसके चलते ट्रेन करीब बीस मिनट खड़ी रही। चालक ने पूरे मामले से मुख्य नियंत्रण कक्ष को अवगत कराते हुए इंजन में फंसे मांस के चिथड़ों को निकाला और इंजन को चालू किया। इसके बाद ट्रेन आगे बढ़ सकी।
गुरुवार शाम करीब साढ़े चार बजे कानपुर से चलकर दिल्ली जा रही कालका मेल कौरारा और शिकोहाबाद रेलवे स्टेशनों के मध्य पहुंची तभी एक नील गाय कालका मेल के इंजन से टकरा गई। नीलगाय के टकराने से चालक ने ट्रेन को रोकते हुए मुख्य नियंत्रण कक्ष को पूरे मामले से अवगत कराया। करीब आधा घंटे बाद इंजन को ठीक कर ट्रेन को आगे बढ़ाया जा सका। इस दौरान मुरी एक्सप्रेस के सहित अन्य ट्रेनें प्रभावित रहीं।
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बुधवार रात करीब ढाई बजे नई दिल्ली से चलकर कानपुर की ओर जा रही ब्रह्मपुत्र मेल टूंडला और हिरनगांव के बीच पहुंची ही थी। इसी बीच ट्रेन के इंजन से सांड़ टकरा गया। इसके चलते ट्रेन करीब बीस मिनट खड़ी रही। चालक ने पूरे मामले से मुख्य नियंत्रण कक्ष को अवगत कराते हुए इंजन में फंसे मांस के चिथड़ों को निकाला और इंजन को चालू किया। इसके बाद ट्रेन आगे बढ़ सकी।
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गुरुवार शाम करीब साढ़े चार बजे कानपुर से चलकर दिल्ली जा रही कालका मेल कौरारा और शिकोहाबाद रेलवे स्टेशनों के मध्य पहुंची तभी एक नील गाय कालका मेल के इंजन से टकरा गई। नीलगाय के टकराने से चालक ने ट्रेन को रोकते हुए मुख्य नियंत्रण कक्ष को पूरे मामले से अवगत कराया। करीब आधा घंटे बाद इंजन को ठीक कर ट्रेन को आगे बढ़ाया जा सका। इस दौरान मुरी एक्सप्रेस के सहित अन्य ट्रेनें प्रभावित रहीं।
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