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न शिविर लगे, न बांटी गई दवाएं
Updated Tue, 27 Jun 2017 10:39 PM IST
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कासगंज। जानलेवा दस्त पर प्रभावी नियंत्रण के लिए स्वास्थ्य विभाग की बनाई गई सघन दस्त नियंत्रण कार्यक्रम योजना फेल हो गई है। दो दिन बाद भी चिकित्सालय पर शिविर नहीं लग पाए हैं। जिससे लोगों को ओआरएस घोल, जिंक की गोली की उपलब्धता नहीं हो पा रही।
एएनएम और आशाएं भी अपने क्षेत्रों में नहीं पहुंच रही। स्वास्थ्य विभाग ने 26 जून से सघन दस्त नियंत्रण पखवाड़ा शुरू करने की योजना बनाई। योजना के तहत स्वास्थ्य केंद्रों पर शिविर लगाकर ओआरएस के पाउच और जिंक की गोलियों का वितरण किया जाना था। पखवाड़ा शुरू हुए दो दिन का समय हो गया है, लेकिन किसी स्वास्थ्य केंद्र पर अभी तक ये शिविर नहीं लगे हैं।
एएनएम व आशा भी अपने क्षेत्र में अभी तक नहीं पहुंची हैं। 1.67 लाख बच्चों तक ओआरएस और जिंक की गोली पहुंचाने का निर्णय लिया था जो लापरवाही की भेंट चढ़ गया है।
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अवकाश के चलते शिविर नहीं लग पाए। बुधवार से सभी स्वास्थ्य केंद्रों पर शिविर शुरू हो जाएंगे। आशा एवं एएनएम भी अपने अपने क्षेत्र में उनका वितरण शुरू कर देंगी।
- डा. रंगजी दुबे, मुख्य चिकित्साधिकारी
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एएनएम और आशाएं भी अपने क्षेत्रों में नहीं पहुंच रही। स्वास्थ्य विभाग ने 26 जून से सघन दस्त नियंत्रण पखवाड़ा शुरू करने की योजना बनाई। योजना के तहत स्वास्थ्य केंद्रों पर शिविर लगाकर ओआरएस के पाउच और जिंक की गोलियों का वितरण किया जाना था। पखवाड़ा शुरू हुए दो दिन का समय हो गया है, लेकिन किसी स्वास्थ्य केंद्र पर अभी तक ये शिविर नहीं लगे हैं।
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एएनएम व आशा भी अपने क्षेत्र में अभी तक नहीं पहुंची हैं। 1.67 लाख बच्चों तक ओआरएस और जिंक की गोली पहुंचाने का निर्णय लिया था जो लापरवाही की भेंट चढ़ गया है।
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अवकाश के चलते शिविर नहीं लग पाए। बुधवार से सभी स्वास्थ्य केंद्रों पर शिविर शुरू हो जाएंगे। आशा एवं एएनएम भी अपने अपने क्षेत्र में उनका वितरण शुरू कर देंगी।
- डा. रंगजी दुबे, मुख्य चिकित्साधिकारी