{"_id":"5b92b892867a557ed62a4418","slug":"121536342162-agra-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"किशोरी के अपहरण में पांच साल की सजा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
किशोरी के अपहरण में पांच साल की सजा
Updated Fri, 07 Sep 2018 11:24 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मैनपुरी। कंप्यूटर सेंटर से किशोरी का अपहरण करने के आरोपी को एफटीसी प्रथम के जज तरुण कुमार सिंह ने दोषी पाया है। उसको पांच साल और सात हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई है। थाना किशनी क्षेत्र के एक गांव की रहने वाली एक किशोरी को किशनी में एक कंप्यूटर सेंटर पर शिक्षण कार्य करने वाला युवक 18 दिसंबर 2012 को भगा ले गया। किशोरी के चाचा की रिपोर्ट पर किशनी पुलिस ने 25 दिसंबर 2012 को किशोरी को जयपुर में बरामद किया।
किशोरी ने अदालत में बताया वह जयपुर में राहुल के साथ रही थी। पुलिस ने राहुल के खिलाफ अदालत में चार्जशीट भेजी। मामले की सुनवाई एफटीसी प्रथम के जज तरुण कुमार सिंह की कोर्ट में हुई। अभियोजन पक्ष की गवाही के आधार पर राहुल को दोषी पाया गया। सहायक शासकीय अधिवक्ता अनूप कुमार यादव ने आरोपी को कड़ी सजा देने की दलील दी। एफटीसी जज ने राहुल को पांच साल की सजा सुनाई है। उसको सात हजार रुपये का जुर्माना भी अदा करना होगा। सजा सुनाए जाने के बाद राहुल को हिरासत में लेकर जेल भेजा गया है।
विज्ञापन
किशोरी ने अदालत में बताया वह जयपुर में राहुल के साथ रही थी। पुलिस ने राहुल के खिलाफ अदालत में चार्जशीट भेजी। मामले की सुनवाई एफटीसी प्रथम के जज तरुण कुमार सिंह की कोर्ट में हुई। अभियोजन पक्ष की गवाही के आधार पर राहुल को दोषी पाया गया। सहायक शासकीय अधिवक्ता अनूप कुमार यादव ने आरोपी को कड़ी सजा देने की दलील दी। एफटीसी जज ने राहुल को पांच साल की सजा सुनाई है। उसको सात हजार रुपये का जुर्माना भी अदा करना होगा। सजा सुनाए जाने के बाद राहुल को हिरासत में लेकर जेल भेजा गया है।
विज्ञापन