फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Agra News ›   अपहरण का सच जानने पानीपत पहुंची पुलिस

अपहरण का सच जानने पानीपत पहुंची पुलिस

Mon, 31 Jul 2017 11:58 PM IST
Updated Mon, 31 Jul 2017 11:58 PM IST
विज्ञापन
अपहरण का सच जानने पानीपत पहुंची पुलिस
फिरोजाबाद। उद्योगपति संजीव गुप्ता द्वारा रची गई अपहरण की कहानी की सच्चाई जानने को पुलिस ने कार्रवाई को गति देना शुरू कर दिया है। इसी शृंखला में सोमवार को पुलिस टीम पानीपत के लिए रवाना की गई। 28 जुलाई शुक्रवार की शाम छह बजे बरामद किया था।
विज्ञापन


पुलिस ने संजीव को 28 जुलाई को पानीपत के स्वर्ण महल होटल के बाहर से बरादम किया था। पुलिस लाइन सभागार में चली पूछताछ के बाद उद्योगपति के घर पर भी बयान दर्ज किए गए। इसके बाद भी अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि संजीव गुप्ता का अपहरण हुआ था अथवा नहीं। मामले का सच जानने के लिए पुलिस की एक टीम सोमवार को जिले से पानीपत के लिए रवाना हो गई। टीम होटल स्वर्णमहल में लगे सीसीटीवी कैमरों के खंगालने के साथ ही यह भी जांच करेगी कि उद्योगपति यहां रुके थे अथवा नहीं। यदि वह रुके तो होटल का कमरा किस के नाम पर बुक कराया गया और वह यहां कितने दिनों तक रहे। उनके साथ कौन कौन मौजूद था। पुलिस होेटल कर्मचारियों से भी पूछताछ करेगी। चडीगढ़ के साथ जम्मू में संजीव गुप्ता कहां-कहां रुके। साथ ही अन्य बिंदुओं पर भी जांच कर सीसीटीवी कैमरे भी खंगाले जाएंगे।
विज्ञापन


बिना अनुमति के नहीं मिलता कोठी में प्रवेश
फिरोजाबाद। आर्चिट ग्रीन स्थित संजीव गुप्ता की कोठी पर तीसरे दिन भी पुलिस का पहरा रहा। इस दौरान संजीव गुप्ता और उनके परिवारीजनों ने कोठी के बाहर कदम नहीं रखा। वहीं कोठी के अंदर पुलिस केवल उन्हीं लोगों को प्रवेश करने दे रही है, जिसकी अनुमति संजीव गुप्ता या फिर उनकी पत्नी द्वारा दी जाती है। अनुमति न मिलने पर किसी भी व्यक्ति को कोठी के अंदर कदम तक नहीं रखने दिया जा रहा।
विज्ञापन
विज्ञापन


संजीव गुप्ता की बरामदगी बरामदगी के बाद कोठी के अंदर और बाहर सन्नाटा पसरा दिखाई देता है। नातेरिश्तेदारों की बात तो दूर परिचित भी संजीव गुप्ता से मिलने को उनकी कोठी पर नहीं पहुंच रहे। संजीव गुप्ता और उनके परिवारीजनों पर पुलिस जहां 24 घंटे नजर रखे हुए है। वहीं कोठी के अंदर केवल उन्हीं लोगों को प्रवेश दिया जा रहा है, जिनके कोठी के अंदर आने की अनुमति संजीव गुप्ता या फिर उनकी पत्नी सारिका गुप्ता द्वारा दी जाती है। सोमवार दोपहर करीब दो बजे तक संजीव गुप्ता से मिलने के लिए कोई भी व्यक्ति उनकी कोठी पर नहीं पहुंचा और न ही संजीव गुप्ता और उनकी पत्नी ने कोठी से बाहर कदम रखा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed