18 सालों में 40 से 70 करोड़ के मालिक हो गए परिवहन मंत्री जीएस बाली
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परिवहन और खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री जीएस बाली के पास करीब 70 करोड़ रुपये की संपत्ति है। उन्होंने अलग-अलग बैंकों से करीब साढे़ 16 करोड़ रुपये का ऋण ले रखा है। उन्होंने अपनी संपत्ति का यह खुलासा वीरवार को राजीव भवन शिमला में पत्रकार वार्ता में किया। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में पारदर्शिता रखनी चाहिए।
उन्होंने कहा था कि 31 मार्च तक उन्होंने संपत्ति सार्वजनिक करने की बात की थी। वे अपना वादा पूरा कर रहे हैं। परिवहन मंत्री जीएस बाली ने कहा कि वर्ष 2012-13 में उनकी आमदनी एक करोड़ 79 लाख 98 हजार रुपये थी। वर्ष 2013-14 में दो करोड़ 38 लाख रुपये हुई। इसके बाद एमएलए की तनख्वाह बढ़ गई। 2014-15 में दो करोड़ 78 लाख रुपये और 2015-16 में तीन करोड़ 24 लाख रुपये थी।
पिछले साल दिया इतने लाख रुपए इनकम टैक्स
पिछले साल 72 लाख आयकर दिया। उससे पहले 62 लाख और उससे पहले 52 लाख रुपये इनकम टैक्स दिया। इस वर्ष आय के करीब चार करोड़ रुपये होने का अनुमान है। पांच करोड़ लोन पीएनबी कांगड़ा से लिया है। वर्तमान कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में उन्होंने दो प्रॉपर्टी और 12 कनाल भूमि खरीदी है। इनमें एक फ्लैट दिल्ली में खरीदा गया है जिसके लिए चार करोड़ का लोन पीएनबी से लिया है।
धर्मशाला में होटल खरीदा है। इसके लिए पांच करोड़ रुपये जमा करवाए हैं। अपने एक अन्य होटल पर चार करोड़ रुपये का लोन है। 2.5 करोड़ रुपये फोर्टिस पर लोन है। 22 लाख 50 हजार का भी एक और लोन है। टाटा स्टॉर्म पर 14 लाख रुपये का कर्ज है। सचिवालय के सेलरी एकाउंट में मेरे 22 लाख 98 हजार रुपये पडे़ हैं। 2,63,259 रुपये मेरे विधानसभा परिसर के यूको बैंक एकाउंट में पडे़ हैं।
पत्नी के पास इतने लाख रुपये के जेवरात
बाली ने बताया कि उनके पास 4,56,000 और पत्नी के पास 39,50,000 रुपये के जेवरात हैं। मेरी फैक्टरी 1982 में लगनी शुरू हो गई थी। इसका उद्घाटन वीरभद्र सिंह ने ही किया था और होटल को 38 से 40 साल हो गए हैं। वर्ष 2012 में मेरे पास एक मर्सिडीज, एक इनोवा और एक टाटा कार थी। फिक्स डिपाजिट 52 लाख 62 हजार रुपये की है।
इस पर लोन लिया है। पीएनबी से 19 लाख और ओबीसी कांगड़ा में एफडी पर 17 लाख 50 हजार का लोन लिया हुआ है। पहली बार 1998 में विधायक बना था। राजनीति में आने से पहले उनके पास 40 करोड़ रुपये की संपत्ति थी। अब अगर ये 70 करोड़ रुपये हुई है तो अब प्रॉपर्टी की मार्केट वैल्यू बढ़ी है और विधायक का मानदेय भी बढ़ा है।
बेटे की है अलग संपत्ति
परिवहन मंत्री जीएस बाली ने बताया कि उनका बेटा अलग बिजनेस करता है। बिग बाजार से लेकर विशाल मेगामार्ट के मालिक हैं। उन्होंने कहा कि उनका बेटा भी उनके बराबर ही इनकम टैक्स देता है। उन्होंने कहा कि यदि बेटा राजनीति में आता है तो सबसे पहले अपनी संपत्ति सार्वजनिक करे।
पारदर्शी कानून लाएगी कांग्रेस: सुक्खू
कांग्रेस अध्यक्ष सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि प्रदेश में होने वाले विधानसभा चुनावों के दौरान पार्टी घोषणा पत्र में पारदर्शी कानून लाने की सिफारिश करेगी। इसमें हर साल विधायक की प्रॉपर्टी कितनी बढ़ी। प्रॉपर्टी कहां से और कितने में खरीदी इसे सार्वजनिक किया जाएगा।
कई विधायक करना चाहते हैं संपत्ति सार्वजनिक
सुक्खू ने कहा कि जब वे विधायक बने थे तब उन्होंने अपनी संपत्ति को सार्वजनिक किया था। उन्होंने परिवहन मंत्री की इस पहल की तारिफ की है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में कई विधायक भी अपनी प्रॉपर्टी सार्वजनिक करना चाहते हैं। वे उनके संपर्क में हैं।