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Shimla News: प्रशासन बैठकें करता रहा, नहीं बनीं मंदिरों की वेबसाइट
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जिले के पांच प्रमुख मंदिरों की बनाई जानी है वेबसाइट, अब दोबारा बैठक में डीसी ने दिए अधिकारियों को निर्देश
मंदिर में रिक्त पदों को भरने के भी दिए निर्देश
संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। जिला शिमला के पांच प्रमुख मंदिरों की वेबसाइट बनाने की योजना आठ महीनों बाद भी धरातल पर नहीं उतर पाई है। वेबसाइट बनाने के नाम पर कई महीनों से सिर्फ बैठकों का आयोजन हो रहा है।
डीसी अनुपम कश्यप ने मंगलवार को हुई बैठक में इसी महीने इस काम को पूरा करने और मंदिर ट्रस्टों में रिक्त पदों को भरने के निर्देश दिए। जाखू, तारादेवी, संकट मोचन, हाटकोटी और भीमा काली मंदिर सराहन की वेबसाइट तैयार करने का कार्य आठ महीनों से कछुआ चाल से चल रहा है। बैठक में वेबसाइट निर्माण की प्रगति और ऑनलाइन सेवाओं पर चर्चा हुई। उपायुक्त ने निर्देश दिए कि ट्रस्ट में रिक्त पदों को भरने का विज्ञापन एक ही दिन जारी किया जाए। उन्होंने कहा कि मंदिर अधिकारी इस सप्ताह तक सभी औपचारिकताएं पूरी करें। तकनीकी टीम को वेबसाइटों का डिजाइन उपयोगकर्ता-अनुकूल बनाने के निर्देश दिए हैं। विभिन्न धार्मिक आयोजनों की अद्यतन जानकारी भी वेबसाइटों पर उपलब्ध होगी। उपायुक्त ने कहा कि मंदिर संबंधित विभागों को वेबसाइट निर्माण का कार्य निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरा करने के निर्देश दिए हैं। बैठक में उप-जिलाधिकारी शिमला ग्रामीण मंजीत शर्मा सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
वेबसाइट पर मिलेगी यह जानकारी
जिले के पांच प्रसिद्ध मंदिरों की इन वेबसाइट के माध्यम से श्रद्धालु मंदिरों का इतिहास, धार्मिक महत्व और पूजा-अर्चना का समय जान सकेंगे। प्रमुख उत्सवों की जानकारी भी वेबसाइट पर उपलब्ध होगी। वेबसाइटों पर ऑनलाइन दान, आरती और विशेष पूजन की बुकिंग जैसी सुविधाएं भी मिलेंगी। सभी आवश्यक जानकारी हिंदी और अंग्रेजी दोनों भाषाओं में उपलब्ध कराई जाएगी। इसके साथ ही साइबर सुरक्षा, नियमित अपडेट और पारदर्शिता पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा। बैठक में मंदिर ट्रस्टों की आयव्यय संबंधी जानकारी, संपर्क विवरण और श्रद्धालुओं के लिए शिकायत एवं सुझाव पोर्टल पर भी विचार-विमर्श किया।
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मंदिर में रिक्त पदों को भरने के भी दिए निर्देश
संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। जिला शिमला के पांच प्रमुख मंदिरों की वेबसाइट बनाने की योजना आठ महीनों बाद भी धरातल पर नहीं उतर पाई है। वेबसाइट बनाने के नाम पर कई महीनों से सिर्फ बैठकों का आयोजन हो रहा है।
डीसी अनुपम कश्यप ने मंगलवार को हुई बैठक में इसी महीने इस काम को पूरा करने और मंदिर ट्रस्टों में रिक्त पदों को भरने के निर्देश दिए। जाखू, तारादेवी, संकट मोचन, हाटकोटी और भीमा काली मंदिर सराहन की वेबसाइट तैयार करने का कार्य आठ महीनों से कछुआ चाल से चल रहा है। बैठक में वेबसाइट निर्माण की प्रगति और ऑनलाइन सेवाओं पर चर्चा हुई। उपायुक्त ने निर्देश दिए कि ट्रस्ट में रिक्त पदों को भरने का विज्ञापन एक ही दिन जारी किया जाए। उन्होंने कहा कि मंदिर अधिकारी इस सप्ताह तक सभी औपचारिकताएं पूरी करें। तकनीकी टीम को वेबसाइटों का डिजाइन उपयोगकर्ता-अनुकूल बनाने के निर्देश दिए हैं। विभिन्न धार्मिक आयोजनों की अद्यतन जानकारी भी वेबसाइटों पर उपलब्ध होगी। उपायुक्त ने कहा कि मंदिर संबंधित विभागों को वेबसाइट निर्माण का कार्य निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरा करने के निर्देश दिए हैं। बैठक में उप-जिलाधिकारी शिमला ग्रामीण मंजीत शर्मा सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
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वेबसाइट पर मिलेगी यह जानकारी
जिले के पांच प्रसिद्ध मंदिरों की इन वेबसाइट के माध्यम से श्रद्धालु मंदिरों का इतिहास, धार्मिक महत्व और पूजा-अर्चना का समय जान सकेंगे। प्रमुख उत्सवों की जानकारी भी वेबसाइट पर उपलब्ध होगी। वेबसाइटों पर ऑनलाइन दान, आरती और विशेष पूजन की बुकिंग जैसी सुविधाएं भी मिलेंगी। सभी आवश्यक जानकारी हिंदी और अंग्रेजी दोनों भाषाओं में उपलब्ध कराई जाएगी। इसके साथ ही साइबर सुरक्षा, नियमित अपडेट और पारदर्शिता पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा। बैठक में मंदिर ट्रस्टों की आयव्यय संबंधी जानकारी, संपर्क विवरण और श्रद्धालुओं के लिए शिकायत एवं सुझाव पोर्टल पर भी विचार-विमर्श किया।
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