Himachal: सीएम सुक्खू ने की चार बड़ी घोषणाएं, 2.37 लाख महिलाओं को 1500 रुपये पेंशन, 20 हजार युवाओं को नौकरियां
मुख्यमंत्री ने गारंटियों को पूरा करने की दिशा में मंच से चार बड़ी घोषणाएं कीं। मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि लाहौल-स्पीति की 18 साल से ऊपर की सभी महिलाओं को 1500-1500 रुपये मासिक पेंशन दी जाएगी।
विस्तार
सत्ता में आने से पहले दस गारंटियों का वादा करने वाली हिमाचल प्रदेश की सुखविंद्र सिंह सुक्खू सरकार ने सोमवार को एक साल का कार्यकाल पूरा होने का धर्मशाला में जश्न मनाया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने गारंटियों को पूरा करने की दिशा में मंच से चार बड़ी घोषणाएं कीं। मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि लाहौल-स्पीति की 18 साल से ऊपर की सभी महिलाओं को 1500-1500 रुपये मासिक पेंशन दी जाएगी। इसी तरह प्रदेश की 2.37 लाख महिलाओं को भी अगले वर्ष से 1100 के स्थान पर 1500 रुपये पेंशन दी जाएगी। सोमवार को पुलिस मैदान धर्मशाला में कांग्रेस सरकार के एक साल का कार्यकाल पूरा होने पर ''व्यवस्था परिवर्तन का एक साल'' नाम से आयोजित जनसभा में मुख्यमंत्री सुक्खू ने घोषणा की। कहा कि अगले साल के बजट में तीन गारंटियां और आएंगी। आने वाले वर्षों में आम आदमी, किसान और युवाओं से जुड़ी कई योजनाएं शुरू की जाएंगी। इसके साथ ही 20 हजार युवाओं को नौकरियां देने की बात कही।
विधवा महिलाओं के बच्चों की पढ़ाई का खर्च उठाएगी सरकार
जनजातीय जिले में स्पीति से महिलाओं को 1500 रुपये पेंशन देने की शुरुआत की गई थी। अब लाहौल की महिलाओं को भी यह लाभ मिलेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि योजना सभी जिलों में भी बारी-बारी से लागू होगी। भाजपा ने अर्थव्यवस्था को बदहाल कर रखा है और आपदा में भी राज्य को बहुत नुकसान हुआ है। इसे धीरे-धीरे ठीक किया जा रहा है। सुक्खू ने घोषणा की कि 18-60 साल तक की विधवा महिलाओं के बच्चों का स्कूलों, कॉलेजों, आईआईटी, आईआईएम में पढ़ाई का खर्च सरकार उठाएगी। वे चाहे डाक्टर बनें, इंजीनियर बनें या कुछ और बनें, सरकार पढ़ाई में पूरी मदद करेगी।
जनवरी से 37 रुपये प्रति लीटर के हिसाब से दूध खरीद
दूध उत्पादकों से अभी सरकार 31 रुपये प्रति लीटर दूध खरीदती है। जनवरी 2024 से छह रुपये बढ़ाकर मिल्कफेड 37 रुपये प्रति लीटर के हिसाब से दूध खरीदेगा। जनवरी से ही दो रुपये किलो के हिसाब से गोबर खाद भी खरीदी जाएगा। गोबर खरीदना लक्ष्य नहीं है। किसानों की समृद्धि कैसे हो, सरकार इसका ध्यान रखेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि अगले साल से एक सोलर स्कीम भी शुरू की जा रही है। इसमें युवाओं को लाभ दिया जाएगा। इसके तहत सरकार छह कनाल या तीन बीघा जमीन अपने पास लेगी। सरकार 20 हजार रुपये प्रति माह देगी और 2.40 लाख सालाना देगी।
31 मार्च से पहले हजारों युवाओं को नौकरी देंगे
सुक्खू ने कहा कि सरकार हजारों युवाओं को नौकरियां देगी। वर्ष 2020 में जेएओ आईटी की परीक्षा प्रदेश के 2.27 लाख छात्रों ने दी। मामला कोर्ट में गया तो वर्तमान सरकार ने पक्ष कोर्ट में ठीक से रखा। जल्द ही चयनित युवाओं को रोजगार दिया जाएगा। इसी साल 31 मार्च से पहले 2061 वन रक्षक, 1230 पुलिस आरक्षी, पंप आपरेटर, बहुउद्देश्यीय कामगारों, 6,000 जेबीटी, टीजीटी, प्रवक्ताओं, पटवारियों आदि की भर्ती होगी। जयराम सरकार ने 20 हजार नौकरियां पांच साल में दी होंगी, वे भी कानूनी पेचीदगियों में फंस गईं।
इंतजार करें, स्टार्टअप योजना में अभी और पैकेज आने वाला
मुख्यमंत्री ने कहा कि भाजपा आए दिन गारंटियों पर सवाल करती है। एक साल के कार्यकाल में 10 में से तीन गारंटियां पूरी की हैं। ओपीएस को लागू किया है। शिक्षा का स्तर गिरता देखा तो गारंटी दी कि हर विधानसभा क्षेत्र में चार अंग्रेजी मीडियम स्कूल बनाए जाएंगे। उससे बढ़कर काम किया और अगले सत्र से सभी स्कूलों में अंग्रेजी माध्यम स्कूल शुरू होंगे। स्टार्टअप गारंटी में ई-टैक्सी खरीदने पर 50 फीसदी अनुदान दिया जा रहा है। इंतजार करें, अभी पैकेज आने वाला है।
40 साल से पार्टी की सेवा करता रहा, लेकिन कभी पद की लालसा नहीं रही
मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि वह आम और किसान परिवार से आते हैं। आम लोगों का दर्द समझते हैं। उन्होंने आज के दिन शपथ ली। वह 40 साल से पार्टी की सेवा करते रहे हैं, मगर कभी पद की लालसा नहीं रही। वह आम और किसान परिवार से आते हैं। आम लोगों का दर्द समझते हैं। आज के ही दिन शपथ ली। जब कैबिनेट का विस्तार हुआ तो पहली बैठक में ही पुरानी पेंशन स्कीम को लागू करने का निर्णय लिया। यह किसी राजनीतिक लाभ के लिए नहीं किया। जनता ने साथ दिया, इसमें कर्मचारी भी थे और आम लोग थे। चाहते तो इसे आगे के वर्षों के लिए टाल सकते थे, पर तुरंत लागू किया। हमीरपुर कर्मचारी चयन आयोग में पिछली भाजपा सरकार से युवाओं से अन्याय हो रहा था और भर्ती का गोरखधंधा हुआ।
2032 तक हिमाचल को सबसे अमीर और आत्मनिर्भर राज्य बनाएंगे
जब बजट बनने लगा तो हमने आत्मनिर्भर हिमाचल की नींव रखने का संकल्प लिया। हम सत्ता में सुख के लिए नहीं आए। हिमाचल सदन और भवन में विधायक और आम जन बराबर किराया देते हैं। आने वाले चार साल में हिमाचल आत्मनिर्भर और 2032 तक हिमाचल देश का सबसे अमीर और आत्मनिर्भर राज्य बनेगा। शराब के ठेकों की नीलामी से आमदनी बढ़ाई। आपदा के वक्त मंत्रियों ने जिलों का दौरा किया। दिन-रात मेहनत करते रहे। केंद्र से विशेष राहत पैकेज मांगते रहे। भाजपा विधानसभा सत्र बुलाने की बात करती रही। केंद्र से आपदा राहत पैकेज को मांगने के लिए सदन में चर्चा रखी। भाजपा के तीनों सांसदों ने भी केंद्र में हिमाचल की बात नहीं रखी। राज्य सरकार ने आवास के लिए कानून बदल दिया गया। इसके अलावा कई अन्य प्रावधान किए। यह संवेदनशील सरकार है।
धर्मशाला जाने से पहले सीएम ने जाखू मंदिर में टेका माथा
इससे पहले सोमवार सुबह मुख्यमंत्री सुक्खू ने धर्मशाला रवाना होने से पहले शिमला के प्रसिद्ध जाखू हनुमान मंदिर में अपनी धर्मपत्नी के साथ पूजा की। धर्मशाला पहुंचने पर सबसे पहले सीएम मुख्यमंत्री शहीद स्मारक गए। शहीद स्मारक में शहीदों को श्रद्धांजलि देने के बाद पदयात्रा की। इसके बाद मुख्यमंत्री के समारोह स्थल पर पहुंचते ही पूरा पुलिस ग्राउंड सुक्खू भाई... जिंदाबाद के नारों से गूंज उठा।
दुख की घड़ी में घरवालों को ही भूले प्रधानमंत्री : शुक्ला
उन्होंने कहा कि कांग्रेस की सुक्खू सरकार का एक साल का कार्यकाल शानदार रहा है। आपदा के संकट से भरे दौर में सरकार का कामकाज नजीर बन गया है। उन्होंने कहा कि महिलाओं को 1500 रुपये की सम्मान राशि की गारंटी सरकार पूरी करने वाली थी। लेकिन, आपदा के चलते संभव न हो सका। राहत व पुनर्वास कार्यों पर सरकार को 4500 करोड़ रुपये खर्च करने पड़े। केंद्र सरकार को घेरते हुए राजीव शुक्ला ने कहा कि उम्मीद थी कि मोदी सरकार आपदा की घड़ी में जैसे अन्य राज्यों की मदद करती है, हिमाचल प्रदेश की भी मदद करेगी। लेकिन, ऐसा हुआ नहीं। केंद्र सरकार से मदद के नाम पर आर्थिक पैकेज तो मिलना दूर हिमाचल को उसके हक का पैसा भी नहीं मिला है। जबकि, प्रधानमंत्री मोदी हिमाचल को अपना घर बताते नहीं थकते। भाजपा शासित राज्यों को केंद्र सरकार दिल खोलकर मदद दे रही है, लेकिन हिमाचल से कौन सा बैर है, यह समझ से परे है।
पूर्व भाजपा सरकार ने 92,000 करोड़ रुपये की देनदारियां छोड़ीं: मुकेश
उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने कहा कि जो लोग कहते थे कि रिवाज बदल देंगे, वो आज सड़कों पर हैं। मुकेश ने कहा कि आज भाजपा के लोग सत्ता से हट गए हैं, मगर उनका हर काम प्रदेश की सरकार को बदनाम करने का है। भाजपा प्रदर्शन कर रही है। हिमाचल प्रदेश में एक स्थिर सरकार है। यहां परिंदा भी पर नहीं मार सकता है। जब भाजपा के लोग सरकार से गए तो 92,000 करोड़ रुपये का कर्ज हम पर छोड़कर चले गए। भाजपा ने 16,000 का कर्ज सरकार में दोबारा आने के लिए किया, लेकिन जनता ने इन्हें बाहर किया। गारंटियां पूरा करना राजधर्म है, इन्हें पूर्ण किया जाएगा। प्रदेश के कर्मचारियों से कहना चाहते हैं कि इतनी जल्दी भूल मत जाना। जयराम सरकार ने संसाधन पैदा करने के कोई प्रयास नहीं किए। भर्ती घोटाला हुआ। क्रिप्टोकरेंसी घोटाला हुआ। बेगानी शादी में अब्दुल्ला दीवाना वाली बात भाजपा पर लागू होती है। वहां चुनाव जीते गए। यहां खुशियां मना रहे हैं।
शिमला में ही रहीं प्रियंका गांधी, नहीं गईं धर्मशाला
कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव प्रियंका गांधी हिमाचल सरकार के एक वर्ष का कार्यकाल पूरा होने पर धर्मशाला में आयोजित समारोह में शामिल नहीं हुईं। वे सोमवार को शिमला में ही रहीं। पार्टी सूत्रों के मुताबिक सरकारी समारोह होने के चलते उन्होंने इसमें शामिल न होने का फैसला किया। सरकारी कार्यक्रम का कांग्रेसीकरण करने का आरोप लगने से बचने के तौर पर उनके इस फैसले को देखा जा रहा है। उधर, कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे सोमवार को नई दिल्ली में इंडिया गठबंधन की बैठक में मौजूद रहे। इस कारण वे भी नहीं आ सके। कांग्रेस के केंद्रीय नेताओं में हिमाचल प्रदेश के प्रभारी राजीव शुक्ल और सह प्रभारी तेजेंद्र सिंह बिट्टू ही समारोह में शामिल हुए।
सीएम की मां ने घर से लाइव देखा सरकार का कार्यक्रम
वहीं, सुक्खू सरकार का एक वर्ष पूर्ण होने पर उनके गांव व घर में खुशी का माहौल रहा। सुक्खू के पैतृक गांव भवड़ा में उनकी माता संसार देई भी काफी खुश नजर आईं। उन्होंने टीवी के जरिये सरकार के कार्यक्रम को देखा। इस मौके पर उन्होंने कहा कि उनका बेटा सही काम कर रहा है और आम लोगों के दुख-दर्द को समझता है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि उनका बेटा आगे भी बेहतर काम करेगा तथा प्रदेश को नई ऊंचाइयों पर ले जाएगा। सरकार के एक साल के कार्यक्रम को देखने के लिए गांव के लोग सीएम के घर पर जुट गए थे।
एक मंच पर दिखी हिमाचली संस्कृति की झलक
प्रदेश सरकार के एक साल के कार्यकाल पर धर्मशाला के पुलिस मैदान में आयोजित कार्यक्रम में लोक कलाकारों ने पारंपरिक वेशभूषा में प्रस्तुति देकर हिमाचली संस्कृति की झलक पेश की। शहीद स्मारक से लेकर पुलिस मैदान तक सड़क पर जगह-जगह लोक कलाकारों ने नाटी डालकर लोगों का मनोरंजन किया। इस दौरान कुल्लू और लाहौल-स्पीति से आए सांस्कृतिक दलों ने भी नृत्य पेश किया। आयोजन स्थल पर पर्यटन विकास निगम के चेयरमैन रघुवीर सिंह बाली ने कुल्लू के दल के साथ नाटी डाली। भाषा एवं संस्कृति विभाग शिमला के सौजन्य से आए सांस्कृतिक दल के कलाकार जोगिंद्र हाबी ने बताया कि इस सांस्कृतिक दल को जी-20 के लिए विशेष रूप से गठित किया गया है।
करीब 45 मिनट तक इस दल के कलाकारों ने एक साथ चंबा, मंडी, कुल्लू, लाहौल, सिरमौर और मंडी की संस्कृति की झलक पेश कर समा बांध दिया। उन्होंने बताया कि जी-20 कार्यक्रम सहित अंतरराष्ट्रीय दशहरा मेला कुल्लू में भी यह जल अपनी प्रस्तुति दे चुका है। किन्नौर से निकले शेशेरिंग एक्स जोन क्लब ने भी पारंपरिक परिधान और वाद्य यंत्रों के साथ सांस्कृतिक नृत्य पेश किया। दल के साथ आए रवि सोनी ने बताया कि इनका दल भी जी-20 सहित अंतरराष्ट्रीय कुल्लू दशहरा मेला, लवी मेला व अन्य बड़े मंचों पर अपनी कला को पेश कर चुका है। सीएम सुक्खू की शोभायात्रा के दौरान थोड़ी-थोडी दूरी पर विभिन्न नाट्य और सांस्कृतिक दलों ने अपनी कला का प्रदर्शन किया। कुल्लवी नाटी, गद्दी नृत्य, पहाड़ी गिद्दा, झमाकड़ा नृत्य और नेपाली नृत्य कर विभिन्न कलाकारों ने भी रैली में आए लोगों का ध्यान अपनी ओर आकर्षित किया।
365 दिन 365 फैसले पुस्तिका का विमोचन
समारोह के मंच से मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने सरकार की एक वर्ष की उपलब्धियों पर आधारित सूचना एवं जनसंपर्क विभाग की की पुस्तिका 365 दिन 365 फैसले का विमोचन किया। उन्होंने सरकार की उपलब्धियों को दर्शाती कॉफी टेबल बुक और व्यवस्था परिवर्तन के एक साल फोल्डर को भी लांच किया। विभाग की आधिकारिक वेबसाइट पर भी यह सामग्री ऑनलाइन उपलब्ध होगी। पुस्तक, फोल्डर और कॉफी टेबल बुक के माध्यम से सूचना एवं जनसंपर्क विभाग ने सरकार की उपलब्धियों और फैसलों को सिलसिलेवार बताया है। वायद किया वायदा निभाया शीर्षक से पुरानी पेंशन योजना को बहाल करने, युवाओं के लिए 680 करोड़ की स्टार्टअप योजना और सरकारी स्कूलों में इंग्लिश मीडियम शुरू करने का जिक्र किया गया है। इसी तरह सामाजिक कल्याण, हरित ऊर्जा राज्य, ऐतिहासिक निर्णय, आपदा राहत पैकेज व बचाव कार्य, रोजगार के अवसर, गुणात्मक शिक्षा, स्वास्थ्य सेवाएं, पर्यटन को प्रोत्साहन, किसानों-बागवानों को राहत, आमजन को राहत, राजस्व में वृद्धि, सरकार के कामकाज में पारदर्शिता आदि बिंदुओं पर सरकार के फैसलों और उपलब्धियों की जानकारी दी गई है।
रैली में 40 से 50 हजार लोग मौजूद हुए : चौहान
वहीं, मुख्यमंत्री के प्रधान मीडिया सलाहकार नरेश चौहान ने कहा कि सुक्खू सरकार के एक साल का कार्यकाल पूरा होने पर धर्मशाला में ऐतिहासिक रैली हुई। इसमें 40 से 50 हजार लोग शामिल हुए। पहले करीब 24-25 हजार कुर्सियां लगाई गई थीं और बाद में पांच हजार और मंगवानी पड़ीं। पुलिस मैदान और बाहर अलग से हजारों लोग खड़े थे। इससे यह साबित होता है कि सुक्खू के नेतृत्व की सरकार को अपार जनसमर्थन मिला है।