{"_id":"631b8ea469d49217aa005c7b","slug":"sfi-aagitation-in-shimla-shimla-news-sml4211776114","type":"story","status":"publish","title_hn":"एसएफआई प्रदर्शन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
एसएफआई प्रदर्शन
विज्ञापन
SfI aagitation in shimla
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
एसएफआई इकाई ने उपायुक्त दफ्तर के बाहर किया प्रदर्शन
विवि में भर्तियों में हुए घोटाले को दबाने का लगाया आरोप
बोले, एसएफआई पर सुनियोजित तरीके से हो रहे हमले
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। एसएफआई की जिला इकाई ने शुक्रवार को उपायुक्त कार्यालय के बाहर प्रदर्शन किया। इस दौरान राजधानी के कॉलेजों में एसएफआई कार्यकर्ताओं पर हो रहे हमलों के खिलाफ और विश्वविद्यालयों में भर्तियों में हो रही गड़बड़ियों का विरोध किया गया। साथ आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की।
एसएफआई नेताओं ने आरोप लगाया कि एबीवीपी के गुंडे उनके कार्यकर्ताओं पर हमला कर रहे हैं। जिला अध्यक्ष अनिल ठाकुर और हिमाचल विश्वविद्यालय इकाई के अध्यक्ष रॉकी की अगुवाई में यह प्रदर्शन हुआ। रॉकी ने कहा कि एक सप्ताह से कोटशेरा, आरकेएमवी, संजौली कॉलेजों में हुई हिंसा की घटनाएं संयोग नहीं हैं। यह एक सोची समझी साजिश है। विश्वविद्यालय में हुई अयोग्य लोगों की भर्तियां और शिक्षक तथा गैर शिक्षक भर्तियों में हुई गड़बड़ियों को लेकर एसएफआई आंदोलन कर रही है। इस आंदोलन को दबाने के लिए सुनियोजित तरीके से यह हमले किए जा रहे हैं।
रॉकी ने कहा कि भाजपा सरकार के कार्यकाल में लगातार उच्च शिक्षण संस्थानों का भगवाकरण किया जा रहा है। विवि में जिन 70 फीसदी अयोग्य लोगों की भर्ती हुई है वह लोग ही इस साजिश को रचकर अंजाम दे रहे हैं। आरोप लगाया कि विश्वविद्यालय में भगवाकरण के एजेंडे को लागू करने के लिए भर्तियों में फर्जीबाड़ा किया जा रहा है। रॉकी ने कहा कि एसएफआई साजिशों को कामयाब नहीं होने देगी। अनिल ने कहा कि परिसरों में हिंसा करने वालों को जवाब दिया जाएगा। उन्होंने सरकार से विवि में हुई तमाम भर्तियों की न्यायिक जांच करवाने की मांग को दोहराया।
विज्ञापन
विज्ञापन
विवि में भर्तियों में हुए घोटाले को दबाने का लगाया आरोप
बोले, एसएफआई पर सुनियोजित तरीके से हो रहे हमले
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। एसएफआई की जिला इकाई ने शुक्रवार को उपायुक्त कार्यालय के बाहर प्रदर्शन किया। इस दौरान राजधानी के कॉलेजों में एसएफआई कार्यकर्ताओं पर हो रहे हमलों के खिलाफ और विश्वविद्यालयों में भर्तियों में हो रही गड़बड़ियों का विरोध किया गया। साथ आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की।
एसएफआई नेताओं ने आरोप लगाया कि एबीवीपी के गुंडे उनके कार्यकर्ताओं पर हमला कर रहे हैं। जिला अध्यक्ष अनिल ठाकुर और हिमाचल विश्वविद्यालय इकाई के अध्यक्ष रॉकी की अगुवाई में यह प्रदर्शन हुआ। रॉकी ने कहा कि एक सप्ताह से कोटशेरा, आरकेएमवी, संजौली कॉलेजों में हुई हिंसा की घटनाएं संयोग नहीं हैं। यह एक सोची समझी साजिश है। विश्वविद्यालय में हुई अयोग्य लोगों की भर्तियां और शिक्षक तथा गैर शिक्षक भर्तियों में हुई गड़बड़ियों को लेकर एसएफआई आंदोलन कर रही है। इस आंदोलन को दबाने के लिए सुनियोजित तरीके से यह हमले किए जा रहे हैं।
विज्ञापन
रॉकी ने कहा कि भाजपा सरकार के कार्यकाल में लगातार उच्च शिक्षण संस्थानों का भगवाकरण किया जा रहा है। विवि में जिन 70 फीसदी अयोग्य लोगों की भर्ती हुई है वह लोग ही इस साजिश को रचकर अंजाम दे रहे हैं। आरोप लगाया कि विश्वविद्यालय में भगवाकरण के एजेंडे को लागू करने के लिए भर्तियों में फर्जीबाड़ा किया जा रहा है। रॉकी ने कहा कि एसएफआई साजिशों को कामयाब नहीं होने देगी। अनिल ने कहा कि परिसरों में हिंसा करने वालों को जवाब दिया जाएगा। उन्होंने सरकार से विवि में हुई तमाम भर्तियों की न्यायिक जांच करवाने की मांग को दोहराया।
विज्ञापन