फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Shimla News ›   Sacrificial practice will petition the gods Kardar

बलि प्रथा को लेकर कारदारों का ये फैसला!

Tue, 09 Sep 2014 12:12 AM IST
ब्यूरो/ अमर उजाला, कुल्लू
ब्यूरो/ अमर उजाला, कुल्लू Updated Tue, 09 Sep 2014 12:12 AM IST
विज्ञापन
Sacrificial practice will petition the gods Kardar

प्रदेश उच्च न्यायालय के देवालयों में बलि प्रथा बंद करने के फैसले के खिलाफ जिला देवी देवता कारदार संघ जल्द याचिका दायर करेगा। यह निर्णय सोमवार को देवसदन में हुई जिला देवी देवता कारदार संघ की आपात बैठक में लिया।

विज्ञापन


बैठक संघ अध्यक्ष दोत राम ठाकुर की अध्यक्षता में हुई। इस अवसर पर कुल्लू के विधायक एवं भगवान रघुनाथ के मुख्य छड़ीबरदार महेश्वर सिंह तथा डीसी कुल्लू राकेश कंवर विशेष तौर पर उपस्थित रहे।
विज्ञापन


बैठक में कहा गया कि देवता के मंदिरों में बलि प्रथा रोक के फैसले को हाईकोर्ट में चुनौती दी जाएगी। संघ के महासचिव टीसी महंत ने कहा कि कारदार संघ की जिला कार्यकारिणी ने बैठक में यह फैसला लिया है।
विज्ञापन
विज्ञापन


उन्होंने कहा कि इसी संदर्भ में 26 सितंबर को नग्गर स्थित जगती पट्ट में जगती बुला कर जिलाभर के देवी-देवातओं से बलि प्रथा रोक के बारे में पूछ होगी।

उन्होंने कहा कि जगती पट्टी के कारदार महेश्वर सिंह ने सभी देवी-देवताओं के हारियानों को आदेश दिए हैं कि वे26 सितंबर को अपने देवी-देवताओं के निशान के साथ के साथ जगती में भाग लें।

बैठक में डीसी राकेश कंवर ने कहा कि वह उच्च न्यायालय के आदेश का पालन करेंगे। इसको लेकर उन्होंने कारदार संघ से सहयोग की अपील की है।

डीसी ने बैठक में दौरान दशहरा उत्सव के बारे में भी कारदारों को जानकारी दी। बैठक में जिला के सभी 11 खंडों के कारदारों ने भाग लिया।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed