ईसाई मिशनरी की प्रार्थना सभा में हंगामा, पुलिस से उलझे हिंदू संगठन
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निजी गेस्ट हाउस में ईसाई मिशनरियों की प्रार्थना सभा के दौरान हिंदू संगठनों ने आयोजन स्थल के बाहर जमकर हंगामा किया। आरोप लगाए कि सम्मेलन की आड़ में ईसाई मिशनरी धर्मांतरण को अंजाम दे रहे हैं।
गरीब, जरूरतमंद, बीमार और बेसहारों को सम्मेलन में बुलाकर ईसाई धर्म अपनाने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। इस दौरान मिशनरी की प्रार्थना सभा के समय प्रशासन व पुलिस के खिलाफ जमकर नारेबाजी की गई।
विरोध-प्रदर्शन के दौरान पुलिस और विश्व हिंदू परिषद के कार्यकर्ता के बीच कहासुनी भी हुई। इसके बाद पुलिस बल को मौके पर बुलाकर स्थिति को काबू किया गया।
नहीं दिखाए मंजूरी के दस्तावेज, कार्यक्रम बीच में ही करवाया बंद
सूचना मिलते ही नायब तहसीलदार सुंदरनगर मौके पर पहुंचे और ईसाई मिशनरी की प्रार्थना सभा के आयोजकों से संबंधित कार्यक्रम की अनुमति के दस्तावेज मांगे गए। आयोजकों द्वारा दस्तावेज न दिखाने के बाद सभा पुलिस की मदद से बंद करवानी पड़ी। इस दौरान काफी तनावपूर्ण माहौल बन गया।
प्रार्थना सभा की आड़ में हो रहा था धर्मपरिवर्तन : शमशेर
प्रांत समन्वय प्रमुख विश्व हिंदू परिषद शमशेर सिंह ठाकुर ने कहा कि ईसाई मिशनरी की प्रार्थना सभा की आड़ में धर्म परिवर्तन किया जा रहा है। इसकी भनक हिंदू समाज के लोगों को लगते ही गेस्ट हाउस के बाहर एकत्रित हुए और प्रदर्शन किया। हिंदू संगठनों ने प्रशासन से मांग की है कि भविष्य में इस प्रकार की गतिविधियों पर नजर रखें। जो लोग इस प्रकार धर्म परिवर्तन कर रहे हैं।
आयोजकों ने आरोपों को सिरे से नकारा
ईसाई मिशनरी की प्रार्थना सभा के आयोजक अमर सिंह का कहना है कि जैसे अन्य धर्म गुरु अपने कार्यक्रम आयोजित करते हैं। उसी तरह से यह हमारी वार्षिक प्रार्थना सभा थी। इसमें किसी तरह का धर्म परिवर्तन नहीं किया जाता है। लोगों को केवल धर्म के बारे में प्रवचन सुनाए जाते हैं। उन्होंने हिंदू संगठनों द्वारा लगाए गए आरोपों को सिरे से नकारा है।
हंगामे की मिली थी सूचना : राजेंद्र
बीएसएल कॉलोनी थाना के एएसआई राजेंद्र सिंह ने बताया कि निजी होटल में हंगामा होने की सूचना मिली थी। मौके पर पहुंचकर प्रदर्शन करने वालों को सभा स्थल तक जाने से रोका गया। इसके बाद नायब तहसीलदार के साथ मिलकर सभा को बंद करवाया गया।