लोगों को हो रही परेशानी से नाराज हुए राष्ट्रपति कोविंद, शिमला मालरोड पर बंद नहीं कराईं दुकानें
राष्ट्रपति का काफिला गुजरने के दौरान शहर के मालरोड पर सभी दुकानें खुली रहीं।कारोबारियों के विरोध के बाद जिला प्रशासन ने काफिला गुजरने के दौरान दुकानें बंद रखने का फैसला वापस ले लिया। पहले दुकानें बंद रखने के निर्देश दिए गए थे।
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रात्रि भोज के लिए राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद का काफिला शुक्रवार शाम हिमाचल की राजधानी शिमला स्थित सेसिल होटल से सीटीओ चौक और फिर स्कैंडल प्वाइंट, रिज मैदान और फिर खेल परिसर होते हुए राजभवन पहुंचा। शाम 7:18 बजे राष्ट्रपति के काफिले की 28 गाड़ियां एकसाथ राजभवन के लिए रवाना हुआ। राष्ट्रपति का काफिला गुजरने के दौरान शहर के मालरोड पर सभी दुकानें खुली रहीं। कारोबारियों के विरोध के बाद जिला प्रशासन ने काफिला गुजरने के दौरान दुकानें बंद रखने का फैसला वापस ले लिया। पहले दुकानें बंद रखने के निर्देश दिए गए थे। इसके अनुसार मालरोड के सभी कारोबारियों को शाम 6:45 पर दुकानें बंद करने को कहा था। दुकानें बंद न करवाई जाए, इस मांग को लेकर अस्थायी व्यापार मंडल के पदाधिकारी उपायुक्त और एसपी शिमला से मिले।
अध्यक्ष संजीव ठाकुर ने कहा कि उन्होंने प्रशासन के समक्ष अपनी मांग रखी और कहा कि शहर के कारोबारी राष्ट्रपति का स्वागत करना चाहते हैं। ऐसे में दुकानें बंद न करवाई जाए। जिला प्रशासन ने उनकी मांग मान ली और दुकानें बंद करने के फैसले को तुरंत वापस ले लिया। शाम को जब मालरोड और रिज से राष्ट्रपति का काफिला गुजरा तो दुकानें खुली रहीं और पैदल आवाजाही भी सामान्य रही। हालांकि, पुलिस ने सुरक्षा को देखते हुए वन वे आवाजाही रखी। इस व्यवस्था से लोग और कारोबारी खुश दिखे। व्यापार मंडल महासचिव नितिन सोहल ने कहा कि दुकानें बंद न करवाने का फैसला स्वागत योग्य है।