फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Shimla News ›   opposition party walk out during himachal assembly budget session

विधानसभा बजट सत्र में चर्चा के दौरान इस मामले पर विपक्ष ने किया वाकआउट

Wed, 14 Mar 2018 09:45 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला Updated Wed, 14 Mar 2018 09:45 AM IST
विज्ञापन
opposition party walk out during himachal assembly budget session

कांग्रेस विधायक जगत सिंह नेगी के विरोध का समर्थन करते हुए विपक्ष ने सदन से वाकआउट किया। विधानसभा में चल रही बजट चर्चा के दौरान जनजातीय जिला किन्नौर की उपेक्षा और किन्नौर के लोक एरिया डेवलपमेंट अथॉरिटी (लाडा) का अध्यक्ष विधायक के स्थान पर डीसी को बनाने के विरोध में विधायक जगत सिंह

विज्ञापन


नेगी ने सदन से वाकआउट किया। नेगी ने सरकार पर आरोप लगाया कि किन्नौर में जिलाधिकारी को अध्यक्ष बनाया जबकि पिछली सरकार में विधायक होते थे। नेगी के बाहर जाने के बाद कांग्रेस के अन्य विधायक भी सदन से बाहर चले गए।
विज्ञापन


हालांकि विधानसभा अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल ने सिर्फ नेगी के वाकआउट को ही माना। इससे पहले नेगी ने कहा कि जनजातीय क्षेत्रों लाहौल स्पीति, भरमौर और किन्नौर में गठित लोक एरिया डेवलपमेंट अथॉरिटी (लाडा) का अध्यक्ष स्थानीय विधायक ही बनता रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन


लेकिन वर्तमान सरकार ने गुपचुप तरीके से सिर्फ किन्नौर में उपायुक्त को इसका अध्यक्ष बना दिया। उन्होंने सरकार पर जनजातीय क्षेत्र न उसके जनादेश की उपेक्षा का आरोप लगाया है। जयराम सरकार ने एक माह पहले लाडा प्रभावित क्षेत्रों को जिलाधिकारियों के अधीन कर दोहरी व्यवस्था समाप्त की है।

वीरभद्र बोले, नेगी को दे मेरे हिस्से का समय

opposition party walk out during himachal assembly budget session

चर्चा के दौरान समय की कमी के चलते जब विधानसभा अध्यक्ष ने नेगी को रोका तो वीरभद्र सिंह ने उन्हें अपना समय देने की बात कही। हालांकि बिंदल ने कहा कि वीरभद्र सिंह जितनी देर चाहे बोल सकते हैं लेकिन बाकी सदस्यों को तय समय में ही अपनी बात कहनी होगी।

फेरी वाला एसडीएम होगा
जंजैहली में चल रहे विवाद को लेकर भी नेगी ने चुटकी ली कि जंजैहील में एसडीएम फेरीवाले जैसा हो जाएगा। डेढ़ महीने से जंजैहली जल रहा था और सरकार अब तय कर पाई कि कितने दिन एसडीएम कहां बैठेगा। कहा कि सरकार के इस फैसले से लोगों को परेशानी होगी क्योंकि लोेगों को पता ही नहीं होगा अफसर है कहां। 

मुकेश बोले, सदन में हो रही मैच फिक्सिंग 

opposition party walk out during himachal assembly budget session

भाजपा विधायक की ओर से एचआरटीसी में बसों से संबंधित प्रश्न बार-बार पूछे जाने के मामले पर कांग्रेस विधायक दल के नेता मुकेश अग्निहोत्री ने इसे मैच फिक्सिंग करार दिया। उन्होंने कहा कि इस मामले में राजनीति हो रही है।

अग्निहोत्री ने ये बात एचआरटीसी की बसों के खडे़ होने और भाजपा विधायक राकेश पठानिया की ओर से इन पर श्वेत पत्र जारी करने की मांग पर कही। पठानिया ने इस मामले की छानबीन कर परिवहन मंत्री गोबिंद सिंह ठाकुर से श्वेत पत्र जारी करने की बात कही थी। 

क्या आरटीआई में लेनी पड़ेगी सूचना
गत तीन वर्षों में बीएडीपी के तहत जिला किन्नौर में कितनी धनराशि स्वीकृत हुई और कितनी व्यय हुई? किन्नौर के कांग्रेस विधायक जगत सिंह नेगी ने जब ये सवाल उठाया तो जनजातीय विकास मंत्री रामलाल मारकंडा ने कहा - सूचना एकत्रित की जा रही है। इस पर जगत सिंह नेेगी बोले - दो जगहों की मात्र 60-60 योजनाओं के ये मामले हैं। जानकारी देने के बजाय कहा जा रहा है कि सूचना एकत्रित की जा रही है तो क्या आरटीआई में सूचना लेनी पड़ेगी?  

मुख्यमंत्री और मुख्य सचिव की गैर मौजूदगी पर बिफरी आशा

opposition party walk out during himachal assembly budget session

बजट पर जारी सामान्य चर्चा के दौरान कांग्रेस विधायक आशा कुमारी ने मुख्यमंत्री, मुख्य सचिव और वित्त सचिव की सदन में गैरमौजूदगी पर जमकर निशाना साधा। गैर मौजूदगी पर उन्होंने जयराम सरकार को नान सीरियस गवर्नमेंट की संज्ञा दी।

विधायक ने कहा कि जब सरकार बजट पर चर्चा को लेकर गंभीर ही नहीं है तो चर्चा का मतलब क्या है। कहा कि सदन में केवल एक ही मंत्री मौजूद हैं। कहा कि सदन में यदि मंत्री किशन कपूर न होते तो सदन स्थगित करना पड़ता।

विधानसभा उपाध्यक्ष हंसराज ने विवाद को शांत कराया। बजट चर्चा में हिस्सा लेते हुए आशा कुमारी ने कहा कि कांग्रेस सरकार ने माइनिंग पालिसी लाई थी। इसमें आक्शन का प्रावधान किया गया था।

उनका कहना था कि इससे राजस्व को बढ़ाया जा सकता है और माइनिंग करने वाला हर व्यक्ति गलत नहीं होता। आशा कुमारी ने कहा कि हम सोच रहे थे कि पंजाब पर ही बादल मंडरा रहे है लेकिन अब ये बादल हिमाचल भी आ गए है।

उन्होंने कहा कि सरकार ने जब बस का परमिट किसी एक फर्म को दिया है, तो उसे दूसरे को कैसे बेचा गया है। उन्होंने कहा कि इस तरह से परमिट को सबलैट नहीं किया जा सकता है। सिरमौर जिले का बैकवर्ड जिले का दर्जा खत्म होने पर भी उन्होंने सरकार पर निशाना साधा। 

नूरपुर से विधायक राकेश पठानिया के कांगड़ा के डमटाल स्थित मंदिर की भूमि पर कब्जे का मुद्दा उठाया। पठानिया ने पूछा कि क्या डमटाल स्थित मंदिन की भूमि पर कब्जा हो गया है। साथ ही यह भी पूछा कि सरकार ने इसपर क्या कार्रवाई की है।

इसके जवाब में सरकार ने जानकारी से इंकार किया। लिखित जवाब में कहा कि वह इस संबंध में सूचना इकट्ठा कर रही है। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने मंडी भाजपा के पूर्व मंडल अध्यक्ष चेतन शर्मा के निधन पर दुख जताया है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed