घासनी में सूखी घास जलाने को लगाई आग, फिर हुआ कुछ ऐसा कि गवानी पड़ी जान
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बुजुर्ग ने घासनी में सूखी घास जलाने के लिए पहले आग लगाई। फिर हुआ कुछ ऐसा कि बुजुर्ग को जान से हाथ धोना पड़ा।
दरअसल, बिलासपुर के भड़ोली कलां गांव में घासनी में उगी घास को आग लगाते समय बुजुर्ग के आग की चपेट में आने से मौत हो गई है।
बुजुर्ग को गंभीर हालत में झंडूता स्वास्थ्य केंद्र भी पहुंचाया गया। लेकिन आग से ज्यादा झुलस जाने उसकी मौत हो गई। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। मामला दर्ज कर मामले की छानबीन शुरू कर दी है।
शाहतलाई स्थित ग्राम पंचायत भड़ोलियां कलां के गांव भड़ोली कलां का निवासी होशियार सिंह (75) पुत्र बख्शी राम सोमवार सुबह करीब आठ बजे अपनी घासनी में उगे फुलनू घास को उखाड़ कर जला रहा था।
अचानक ही तेज हवाएं चली। जिससे आग घासनी के साथ लगते जंगल की ओर बढ़ने लग गई। होशियार सिंह ने आग को बुझाना चाहा, लेकिन उसके कपड़े आग की चपेट में आ गए।
घास के ढेर से ऐसे फैली आग
इससे पहले की वह कपड़ों से आग को बुझा पाता दूसरी तरफ से भी हवा चल पड़ी। जिससे वह पूरी तरह आग की लपटों में घिर गया। हालांकि उसने खुद को बचाने के लिए काफी जद्दोजहद की, लेकिन आसपास कोई भी घर न होने से समय पर उसे मदद नहीं मिल पाई।
जब तक ग्रामीण आग पर काबू पाकर होशियार सिंह तक पहुंचते तब तक काफी देर हो गई थी। होशियार सिंह बुरी तरह से झुलस गया था। गंभीर हालत में उसे झंडूता स्वास्थ्य केंद्र में उपचार के लिए ले जाया गया। जहां जिन्दगी और मौत से जुझते हुए उसकी मौत हो गई।
वहीं, उप-तहसील कलोल के नायब तहसीलदार रमेश धीमान ने बताया कि घटना का पता चला है, जोकि बेहद दुर्भाग्यपुर्ण है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। छानबीन में जो सामने आएगा उसके तहत पीड़ित परिवार को आर्थिक मदद की जाएगी।
एसपी बिलासपुर अशोक कुमार ने बताया कि शाहतलाई में आग लगाते समय एक बुजुर्ग जिंदा जला है। तलाई पुलिस ने रमामला दर्ज कर लिया है। शव को पोस्मार्टम के लिए भेज दिया गया है।