लापरवाही की हद, अबॉर्शन के दौरान काट दी आंत
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एक प्राइवेट क्लीनिक के डॉक्टर ने लापरवाही की हद कर दी। अबॉर्शन के दौरान एक महिला की आंत काट दी। अब यह महिला मौत से लड़ रही है। मामला शिमला के साथ लगते ठियोग में निजी क्लीनिक का है। यहां एक डाक्टर के खिलाफ मरीज के इलाज में लापरवाही बरतने को लेकर पुलिस ने मामला दर्ज किया है। पुलिस के अनुसार जगदीश कुमार गांव भोग कोकूनाला ने इस बाबत शिकायत दर्ज करवाई।
जगदीश ने शिकायत में आरोप लगाया है कि रविवार को वह उनके घर में काम करने वाली सरिता को गर्भावस्था में क्लीनिक में लेकर गए थे। यहां पर डॉ. बीएस नेगी ने उन्हें गर्भपात करवाने को कहा। इस पर वह मान गए और गर्भपात कर दिया गया। इसके बाद सरिता को रात के समय घर ले जाया गया। यहां उसे फिर से पेट में तेज दर्द उठा। उसे इलाज के लिए शिमला के कमला नेहरू अस्पताल ले जाया गया।
अस्पताल में चला पता, काट दी है एक आंत
यहां पर डॉक्टरी जांच में पता चला कि महिला के पेट की एक आंत कटी हुई है। कटी आंत की हालात में महिला जिंदगी से लड़ते हुए वह अस्पताल पहुंची। महिला यहां पर वह जिंदगी और मौत से लड़ रही है। जगदीश ने इसकी शिकायत पुलिस को दे दी है। शिमला एसपी डीब्लयू नेगी ने बताया कि डॉ. बीसी नेगी पर लापरवाही बरतने को लेकर मामला दर्ज कर लिया है।
थाना ठियोग में मामले को दर्ज किया गया है। उधर, इस बारे में कमला नेहरू अस्पताल के कोई भी जिम्मेदार अधिकारी इस मामले में मीडिया को अपना पक्ष देने से बचते नजर आए। इस मामले को सुनने के बाद एचओडी प्रोफेसर केएनएच प्रोफेसर संतोष मिंहास ने कहा कि वह आउट आफ स्टेशन हैं। जब अस्पताल के वरिष्ठ चिकित्सा अधीक्षक से बात की गई तो वह भी कोई टिप्पणी देने से बचते रहे।
महिला ने ले रखी थी गर्भपात की दवा
डॉ. बीएस नेगी ने कहा कि महिला जब क्लीनिक में लाई गई तो वह गंभीर अवस्था में थी। उसने पहले ही गर्भपात की दवा ले रखी थी। उसकी खराब हालत को देखते हुए उसे शिमला रेफर किया।