{"_id":"6ac638dce05c746e2001fd41","slug":"navratri-police-cctv-and-quick-response-teams-to-be-deployed-at-temples-shimla-news-c-19-sml1002-799660-2026-10-07","type":"story","status":"publish","title_hn":"नवरात्र : मंदिरों में पुलिस, सीसीटीवी और त्वरित प्रतिक्रिया दल रहेंगे तैनात","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
नवरात्र : मंदिरों में पुलिस, सीसीटीवी और त्वरित प्रतिक्रिया दल रहेंगे तैनात
विज्ञापन
उपायुक्त ने बैठक में 11 से 19 अक्तूबर तक व्यवस्था बनाने के दिए आदेश
अस्थायी शौचालयों का निर्माण, पेयजल और कूड़ेदान की पर्याप्त व्यवस्था करें अधिकारी
एसडीएम करेंगे व्यवस्थाओं की निगरानी, रोजाना देंगे स्थिति रिपोर्ट
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। नवरात्र के दौरान श्रद्धालुओं, पर्यटकों और आम जनता की सुरक्षा, सुविधा और स्वच्छता के लिए जिला प्रशासन ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। आयुक्त (मंदिर) एवं उपायुक्त शिमला अनुपम कश्यप ने शिमला में बैठक कर अधिकारियों को आवश्यक व्यवस्थाएं करने के निर्देश दिए हैं। नवरात्र 11 से 19 अक्तूबर तक मनाए जाएंगे, जबकि 20 अक्तूबर को दशहरा होगा। इस दौरान मंदिरों और धार्मिक स्थलों पर श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ने की संभावना है।
उपायुक्त ने मंदिरों और भीड़भाड़ वाले स्थानों पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात करने, यातायात व्यवस्था सुचारू रखने और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के निर्देश दिए। संवेदनशील स्थानों पर सीसीटीवी कैमरे लगाने, प्रवेश और निकासी के लिए अलग-अलग मार्ग चिह्नित करने तथा त्वरित प्रतिक्रिया दल और चिकित्सा सहायता दल तैयार रखने को कहा गया है।
मंदिर परिसरों और आसपास नियमित सफाई के साथ अस्थायी शौचालय, पेयजल और कूड़ेदान की पर्याप्त व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए हैं। स्थानीय निकाय को चौबीस घंटे स्वच्छता व्यवस्था बनाए रखने को कहा गया है। मंदिरों के समीप प्राथमिक उपचार केंद्र और एंबुलेंस उपलब्ध रखने तथा स्वास्थ्य विभाग के साथ समन्वय कर आपातकालीन चिकित्सा व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए हैं।
विज्ञापन
यातायात एवं भीड़ प्रबंधन के लिए डायवर्जन प्लान
उपायुक्त ने उचित ट्रैफिक डायवर्जन प्लान लागू करने और पर्याप्त पार्किंग स्थल चिह्नित कर उनकी जानकारी आम जनता को पहले से उपलब्ध करवाने के निर्देश दिए। मार्ग, पार्किंग और सुरक्षा व्यवस्था की जानकारी देने के लिए सार्वजनिक उद्घोषणा प्रणाली का उपयोग करने को कहा गया है। मंदिर परिसरों और संपर्क मार्गों पर पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था तथा विद्युत और जलापूर्ति की निर्बाध व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों की सुविधा का विशेष ध्यान रखने को कहा गया है।
नवरात्र के दौरान जाखू मंदिर में एस्केलेटर को एकतरफा और निर्धारित दिशा में संचालित करने के निर्देश भी दिए हैं। सभी एसडीएम को अपने-अपने क्षेत्रों में व्यवस्थाओं की व्यक्तिगत रूप से निगरानी करने और प्रतिदिन स्थिति रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा गया है।
विज्ञापन
अस्थायी शौचालयों का निर्माण, पेयजल और कूड़ेदान की पर्याप्त व्यवस्था करें अधिकारी
एसडीएम करेंगे व्यवस्थाओं की निगरानी, रोजाना देंगे स्थिति रिपोर्ट
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। नवरात्र के दौरान श्रद्धालुओं, पर्यटकों और आम जनता की सुरक्षा, सुविधा और स्वच्छता के लिए जिला प्रशासन ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। आयुक्त (मंदिर) एवं उपायुक्त शिमला अनुपम कश्यप ने शिमला में बैठक कर अधिकारियों को आवश्यक व्यवस्थाएं करने के निर्देश दिए हैं। नवरात्र 11 से 19 अक्तूबर तक मनाए जाएंगे, जबकि 20 अक्तूबर को दशहरा होगा। इस दौरान मंदिरों और धार्मिक स्थलों पर श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ने की संभावना है।
उपायुक्त ने मंदिरों और भीड़भाड़ वाले स्थानों पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात करने, यातायात व्यवस्था सुचारू रखने और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के निर्देश दिए। संवेदनशील स्थानों पर सीसीटीवी कैमरे लगाने, प्रवेश और निकासी के लिए अलग-अलग मार्ग चिह्नित करने तथा त्वरित प्रतिक्रिया दल और चिकित्सा सहायता दल तैयार रखने को कहा गया है।
विज्ञापन
मंदिर परिसरों और आसपास नियमित सफाई के साथ अस्थायी शौचालय, पेयजल और कूड़ेदान की पर्याप्त व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए हैं। स्थानीय निकाय को चौबीस घंटे स्वच्छता व्यवस्था बनाए रखने को कहा गया है। मंदिरों के समीप प्राथमिक उपचार केंद्र और एंबुलेंस उपलब्ध रखने तथा स्वास्थ्य विभाग के साथ समन्वय कर आपातकालीन चिकित्सा व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए हैं।
विज्ञापन
यातायात एवं भीड़ प्रबंधन के लिए डायवर्जन प्लान
उपायुक्त ने उचित ट्रैफिक डायवर्जन प्लान लागू करने और पर्याप्त पार्किंग स्थल चिह्नित कर उनकी जानकारी आम जनता को पहले से उपलब्ध करवाने के निर्देश दिए। मार्ग, पार्किंग और सुरक्षा व्यवस्था की जानकारी देने के लिए सार्वजनिक उद्घोषणा प्रणाली का उपयोग करने को कहा गया है। मंदिर परिसरों और संपर्क मार्गों पर पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था तथा विद्युत और जलापूर्ति की निर्बाध व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों की सुविधा का विशेष ध्यान रखने को कहा गया है।
नवरात्र के दौरान जाखू मंदिर में एस्केलेटर को एकतरफा और निर्धारित दिशा में संचालित करने के निर्देश भी दिए हैं। सभी एसडीएम को अपने-अपने क्षेत्रों में व्यवस्थाओं की व्यक्तिगत रूप से निगरानी करने और प्रतिदिन स्थिति रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा गया है।