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मूलिंग पुल गिरने के मामले में चौंकाने वाले खुलासे

Mon, 16 Mar 2015 12:23 PM IST
रितेश गुलेरिया/ अमर उजाला, कुल्लू
रितेश गुलेरिया/ अमर उजाला, कुल्लू Updated Mon, 16 Mar 2015 12:23 PM IST
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muling bridge collapse case investigation.

उद्घाटन के पांच माह बाद लाहौल के मूलिंग पुल गिरने के मामले में एक और खुलासा हुआ है। पुल बनाने वाले ठेकेदारों को उद्घाटन से पहले ही पेमेंट कर दी गई थी।

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खास ये है कि निर्माण के दौरान विरोध के बाद सामग्री के सैंपल फेल होने के बावजूद विभाग ने ठेकेदारों को भुगतान किया गया। अब महज एक ठेकेदार के 50 लाख विभाग के पास बचे हैं, जिसे रोकने की बात की जा रही है।
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मूलिंग पुल को तीन ठेकेदारों ने मिलकर बनाया था। चौथा पार्टनर खुद लोक निर्माण विभाग है। पुल निर्माण के दौरान जिला परिषद के विरोध के बाद जब सामग्री की जांच की गई तो रेत और बजरी घटिया पाई गई थी।
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स्टील का स्ट्रक्चर हिमखंड से टूट गया था

muling bridge collapse case investigation.

जांच रिपोर्ट के अनुसार स्टील का स्ट्रक्चर भी हिमखंड गिरने से टूट गया था। टूटे हुए स्ट्रक्चर पर घटिया निर्माण सामग्री से पुल बनाने का परिणाम ये निकला कि वह उद्घाटन के पांच माह में ही ढह गया।

सवाल ये उठता है कि जब विभाग की जांच रिपोर्ट से इन बातों का खुलासा होता है तो उद्घाटन से पहले पेमेंट कैसे कर दी। जबकि नियमानुसार उद्घाटन के बाद छह माह तक इसलिए पेमेंट रोकी जाती है ताकि गड़बड़ी पाए जाने पर उसे नापा जा सके।

घटिया निर्माण सामग्री की जांच के बाद सैंपल फेल होने के बावजूद निर्माण कार्य न रोकना विभाग को सीधा-सीधा कठघरे में खड़ा करता है।

अतिरिक्त मुख्य सचिव लोनिवि नरेंद्र चौहान का कहना है कि ठेकेदार की बची पेमेंट रोक दी गई है। इस मामले में उचित कार्रवाई की जा रही है।

5 दिन बाद भी कोई कार्रवाई नहीं

muling bridge collapse case investigation.

4.5 करोड़ की लागत से बने मूलिंग पुल के ध्वस्त होने के पांच दिन बाद भी जिला प्रशासन की ओर से कोई पुलिस कार्रवाई नहीं की गई। अब तक किसी के खिलाफ एफआईआर दर्ज नहीं हो सकी है।

भाजपा जनजातीय मोर्चा के जिलाध्यक्ष सुनील कारवा, महामंत्री शिवलाल शर्मा का कहना है कि इस मामले में लीपापोती हो रही है।

जिले में सिंगल लाइन एडमिनिस्ट्रेशन होने के नाते जिला प्रशासन का दायित्व बनता है कि वह एफआईआर दर्ज कराए। मूलिंग पुल जनजातीय क्षेत्र में विकास कार्यों में हो रहे भ्रष्टाचार का एक उदाहरण है।

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