हिमाचल ई-विधानसभा का ये देश भी हुआ मुरीद, जाना सदन का कामकाज
देश की पहली और इकलौती ई-विधानसभा का मॉडल देखकर मलयेशियाई संसद के सदस्यों का दल अभिभूत हो गया। हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव मलयेशियन पार्लियामेंट के अध्यक्ष पांदिकर अमीन के नेतृत्व में बुधवार को शिमला विधानसभा सचिवालय पहुंचे छह सदस्यीय ई-विधानसभा के तारीफों के पुल बांधते नहीं थका।
विधानसभा अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल के साथ शिष्टाचार भेंट करने के बाद सदन के कामकाज और तौर तरीकों को समझने के बाद सभी ने एक स्वर में कहा, ऐसी प्रणाली कहीं नहीं देखी।
अमीन ने कहा, वे कई मुल्कों की यात्रा कर चुके हैं। दुनिया भर में इको फ्रेंडली सदन के बारे में उन्होंने देखा न सुना। साथ ही जोड़ते हुए बोले, इस तरह की प्रणाली वह अपने मुल्क में स्थापित होते देखने की कल्पना कर रहे हैं।
ई-विधानसभा के मॉडल को अपनाने के लिए उठाएंगे मामला
अमीन ने कहा, मलयेशिया लौटते ही वह सबसे पहले हिमाचल की ई-विधानसभा के मॉडल को अपनाने के लिए राष्ट्रीय स्तर पर मामले को उठाएंगे। वहीं इससे पूर्व हिमाचल विधानसभा के अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल ने प्रतिनिधिमंडल को बताया कि सदन की कार्यवाही पूरी तरह से पर्यावरण के अनुकूल है।
इस प्रणाली को अपनाने से कागज के उपयोग की गुंजाइश नहीं रहती और पर्यावरण पर भी प्रतिकूल असर नहीं पड़ता। इसके अलावा कार्य में दक्षता और पारदर्शिता आती है। इस अवसर पर विधानसभा सचिव सुंदर सिंह वर्मा और निदेशक सूचना प्रौद्योगिकी हिमाचल प्रदेश विधानसभा धर्मेश शर्मा भी मौजूद थे।