माला फेर मंत्री ने दिलाई वोट की कसम, चुनाव आयोग ने लिया संज्ञान
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हिमाचल के जनजातीय क्षेत्र लाहौल-स्पीति में वोटरों को कसमें दिलाकर भाजपा प्रत्याशी को वोट देने के मामले में चुनाव आयोग ने जांच बैठा दी है। आयोग के पास इस तरह का यह पहला मामला है।
पूर्व कांग्रेस विधायक रवि ठाकुर ने कृषि मंत्री रामलाल मारकंडा पर आरोप लगाए हैं कि उनकी उपस्थिति में सरकारी कर्मचारी मंत्री के नाम पर नौतोड़ लाभार्थियों और अन्य वोटरों के सिर पर परंपरागत तरीके से माला फेरकर भाजपा के पक्ष में वोट डालने की कसमें खिला रहे हैं।
उन्होंने आयोग को लिखा है कि वह आयोग के समक्ष गवाह भी पेश कर सकते हैं। इस शिकायत पर चुनाव आयोग ने संज्ञान लिया है। राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी देवेश कुमार ने शिकायत की पुष्टि करते हुए कहा कि जांच की जा रही है।
झूठ बोलते हैं पूर्व विधायक रवि : मारकंडा
रवि ठाकुर ने आरोप लगाया है कि लंगचा पंचायत और कवांग क्षेत्र में वोटरों को कसमें खिलाई जा रही हैं। उन्होंने कहा कि आचार संहिता के चलते कोई घोषणाएं नहीं की जा सकती हैं और न ही लोगों से ऐसे वोट मांगे जा सकते हैं।
ठाकुर के अनुसार मंत्री मारकंडा जनता के बीच जाकर पानी की स्कीमें देने और नौतोड़ जमीन के लाभार्थियों से भाजपा प्रत्याशी के पक्ष में वोट मांग रहे हैं। उन्होंने आयोग से प्रत्याशी का नामांकन रद्द करने का भी मामला उठाया।
रवि ठाकुर ने कहा कि मैं चुनाव आयोग को सुबूत देने को भी तैयार हूं। कृषि मंत्री रामलाल मारकंडा ने कहा है कि पूर्व कांग्रेस विधायक झूठ बोल रहे हैं। शिकायतें करना उनका पेशा है। ऐसा कुछ नहीं किया गया है।