फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Shimla News ›   kalka shimla four lane land acquisition NHAI takes action

कालका-शिमला फोरलेन के लिए अधिगृहीत जमीन से उखाड़े कब्जे

Fri, 28 Sep 2018 12:22 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला Updated Fri, 28 Sep 2018 12:22 PM IST
विज्ञापन
kalka shimla four lane land acquisition NHAI takes action

राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) ने कैथलीघाट-ढली फोरलेन तक अधिगृहीत की जमीन के कब्जे अपने अधिकार क्षेत्र में लेने शुरू कर दिए हैं। एनएचएआई की टीम ने कैथलीघाट-ढली फोरलेन की सरकारी भूमि पर स्थापित कब्जों को हटाने का कार्य शुरू किया। इस दौरान एनएचएआई की टीम ने डेढ़ दर्जन से अधिक कब्जों को हटाया। कालका-शिमला फोरलेन का निर्माण कार्य विभिन्न चरणों में चला है। कैथलीघाट-ढली के बीच होने वाला कार्य अंतिम चरण में शामिल है। इसमें 25 गांवों की जमीन आई है।

विज्ञापन


सुबह एनएएचआई की टीम जेसीबी मशीन और मजदूरों के साथ ढली वाइफिरकेशन के पास पहुंची। टीम के पहुंचते ही इलाके में हड़कंप मच गया। इसके बाद टीम ने भट्ठाकुफर में सड़क के किनारे बने कब्जों को मशीनरी से गिराने का काम शुरू किया। भट्ठाकुफर में 11 और छकडै़ल में 9 कब्जों को तोड़ा।
विज्ञापन


गौरतलब है कि फोरलेन का मुआवजा मिलने के बाद भी सैकड़ों लोग अधिगृहीत की भूमि का कब्जा छोड़ने को तैयार नहीं है। इसके कारण फोरलेन कार्य प्रभावित हो रहा है। इसके तहत एनएचएआई की ओर से सरकारी भूमि पर स्थापित सभी 138 अवैध निर्माणों को गिराने का कार्य शुरू किया ताकि फोरलेन निर्माण का कार्य तय लक्ष्य में पूरा हो पाए।
विज्ञापन
विज्ञापन


नोटिसों के बावजूद नहीं छोड़े हैं कब्जे
भट्ठाकुफर और छकडै़ल में 20 कब्जों को हटाया है। फोरलेन की सरकारी भूमि पर स्थापित कब्जों के कारण फोरलेन कार्य में बाधा आ रही है। नोटिस देने के बावजूद जिन लोगों ने फोरलेन से अवैध कब्जे नहीं छोड़े हैं, उन लोगाें के भवनों को तोड़ने की कार्रवाई शुरू की गई है।  - अशोक रोलानिया, मैनेजर एनएचएआई, शिमला जोन


प्रभावितों को दे दिया है मुआवजा
फोरलेन में करीब 250 भूमि मालिकों की भूमि आ रही है। एनएचएआई ने इनमें से करीब 200 लोगों को जमीन का मुआवजा दे दिया है। 50 लोगों के मामले न्यायालय के पास विचाराधीन हैं। ऐसे में करीब 138 लोगों ने अभी तक फोरलेन जमीन से कब्जे नहीं छोड़े हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed