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अंतरराज्यीय स्तर पर नशा तस्करी से निपटने को संयुक्त कार्य दल जरूरी : सीएम

Mon, 20 Aug 2018 09:10 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला Updated Mon, 20 Aug 2018 09:10 PM IST
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Joint Working Group is required to tackle drug trafficking at inter-state levels

अंतरराज्यीय स्तर पर नशा तस्करी से निपटने को संयुक्त कार्य दल जरूरी है। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने यह बात हरियाणा, पंजाब, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, राजस्थान के मुख्यमंत्रियों और केंद्र शासित क्षेत्र चंडीगढ़ के प्रशासक के साथ क्षेत्रीय सम्मेलन को वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से संबोधित करते हुए शिमला में कही।

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सीएम जयराम ठाकुर ने कहा कि उन्हें व्यक्तिगत रूप से इस महत्वपूर्ण बैठक में भाग लेना था, मगर खराब मौसम के कारण वह बैठक में भाग न ले सके। उन्होंने कहा कि मादक पदार्थों का दुरुपयोग समाज के लिए एक बड़ा खतरा बन गया है।
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इस सामाजिक बुराई से निपटने के लिए एक संयुक्त रणनीति बनाई जानी जरूरी है। यह मुद्दा केवल कुछ प्रदेशों तक सीमित नहीं है, बल्कि मादक पदार्थों का दुरुपयोग एक वैश्विक समस्या है।
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उन्होंने कहा कि प्रदेश में मादक पदार्थों के तस्करों की लगभग 1000 गिरफ्तारियां की गई हैं। राज्य की सीमाएं कई अन्य राज्यों से लगती हैं, इसलिए यह जरूरी है कि अंतरराज्यीय स्तर पर नशा तस्करी से निटपने के लिए एक संयुक्त कार्य दल बनाया जाए। 

मादक पदार्थों से बचाने के लिए दीर्घकालीन रणनीति बनाई जानी चाहिए

Joint Working Group is required to tackle drug trafficking at inter-state levels

उन्होंने कहा कि पड़ोसी राज्यों में बढ़ते दबाव के कारण हिमाचल प्रदेश में मादक पदार्थों की तस्करी से संबंधित गिरफ्तारियां में कई गुणा इज़ाफा हुआ है। उन्होंने कहा कि चरस या भांग का हिमाचल में नशे के आदी व्यक्तियों की ओर से अधिक रूप से इस्तेमाल किया जाता है, परंतु अब सिनथेटिक नशा प्रमुख रूप से चिंता का कारण बन कर उभरा है।

उन्होंने कहा कि नशीले पदार्थों की लत न केवल एक व्यक्ति के लिए बल्कि उसके करीबी लोगों तथा विशेषकर सारे समाज के लिए घातक है। उन्होंने कहा कि मादक पदार्थों का दुरुपयोग तथा तस्करी अपराध, बीमारियों, दुघर्टनाओं, घरेलू हिंसा, बेरोजगारी जैसी समस्याओं को बढ़ावा देते हैं। उन्होंने कहा कि युवाओं को मादक पदार्थों से बचाने के लिए एक दीर्घकालीन रणनीति बनाई जानी चाहिए।

उन्होंने कहा कि अभिभावकों को अपने छोटे बच्चों के असामान्य व्यवहार पर भी नजर रखनी चाहिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि नशे की प्रवृति के कारण बड़े पैमाने पर अपराध घटित हो रहे हैं क्योंकि नशे के आदी को अपनी जरूरत पूरा करने के लिए पैसा चाहिए होता है तथा जब उन्हें पैसा नहीं मिलता ऐसी अवस्था में हिंसा पर उतारू हो जाते हैं।

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