लापरवाही: आईजीएमसी के ऑपरेशन थियेटर परिसर में खोल दी कैंटीन
आईजीएमसी अस्पताल को कारोबार का अड्डा बनाया जा रहा है। आलम यह है कि नियमों को ताक पर रखकर ऑपरेशन थियेटर परिसर में ही खाने पीने की कैंटीन खोल दी है।
इससे जहां मरीजों के स्वास्थ्य से खिलवाड़ हो रहा है वहीं मेडिकल काउंसिल आफ इंडिया के तय नियमों की भी धज्जियां उड़ाई जा रही हैं।
हैरानी इस बात की है कि कैंटीन खुलने की जानकारी अस्पताल प्रशासन को भी है लेकिन बावजूद इसके आज तक इसे बंद करवाने के लिए कोई कार्रवाई नहीं की गई। ऐसे में यहां डाक्टरों को तो सहूलियत मिल रही है लेकिन रोज यहां ऑपरेशन करवाने के लिए आने वाले मरीजों में संक्रमण फैलने का खतरा बढ़ गया है।
मामला आईजीएमसी के बी ब्लॉक का है। यहां पर सर्जरी के चार ऑपरेशन थियेटर हैं। इसमें हर रोज गंभीर बीमारियों से पीड़ित मरीजों के ऑपरेशन किए जाते हैं लेकिन नियमों को ताक पर रखकर इसी ओटी परिसर में खाने पीने की कैंटीन चलाई जा रही है।
कैंटीन में पक रहे परांठे
अस्पताल प्रशासन के अनुसार कैंटीन में डाक्टरों के लिए सिर्फ चाय बनती है। लेकिन मौके पर जब पड़ताल की गई तो पता चला कि यहां पर चाय के साथ परांठे और यहां तक खाना भी परोसा जाता है। बाकायदा इसके लिए गैस सिलेंडर भी रखा है। सिलेंडर होने से यहां हमेशा हादसे का खतरा बना रहता है।
रिकवरी रूम के साथ है कैंटीन
बी ब्लॉक की इस ओटी में यह कैंटीन रिकवरी रूम के एकदम साथ है। रिकवरी रूम में मरीजों को ऑपरेशन के बाद रिकवरी के लिए रखा जाता है ताकि मरीज की हालत सुधर जाए। इस दौरान मरीज को संक्रमण से बचाने की एहतियात की जरूरत है। लेकिन यहां कैंटीन खोलकर मरीज की जिंदगी से खिलवाड़ हो रहा है।
यह कैंटीन लंबे समय से चल रही है लेकिन अस्पताल प्रशासन ने आज तक इसे बंद करवाने के लिए कोई कदम नहीं उठाए। मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया ने ऑपरेशन थियेटर में मरीजों को किसी भी प्रकार के संक्रमण से बचाने के लिए सख्त हिदायतें दे रखी हैं।
आईजीएमसी के वरिष्ठ चिकित्सा अधीक्षक के नियमों डा. रमेश के मुताबिक ओटी परिसर में कैंटीन नहीं चलाई जा सकती है। इस संबंध में उचित कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।