मौसम: हिमाचल प्रदेश में आज से चार दिन तक येलो अलर्ट, मंडी में मिलीमीटर बारिश दर्ज
दो सितंबर तक पूरे प्रदेश में मौसम खराब रहने का पूर्वानुमान है। मौसम विज्ञान केंद्र ने भारी बारिश से भूस्खलन होने की संभावना जताई है। सैलानियों व स्थानीय लोगों से नदी और नालों से दूर रहने की अपील की गई है।
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हिमाचल प्रदेश के लिए मौसम विभाग ने 27 से 30 अगस्त तक येलो अलर्ट जारी किया है। मौसम विज्ञान केंद्र शिमला के अनुसार प्रदेश के मैदानी जिलों ऊना, बिलासपुर, हमीरपुर, कांगड़ा और मध्य पर्वतीय जिलों शिमला, सोलन, सिरमौर, मंडी, कुल्लू और चंबा के कई भागों में आगामी चार दिनों तक बारिश होने के आसार हैं। दो सितंबर तक पूरे प्रदेश में मौसम खराब रहने का पूर्वानुमान है। मौसम विज्ञान केंद्र ने भारी बारिश से भूस्खलन होने की संभावना जताई है। सैलानियों व स्थानीय लोगों से नदी और नालों से दूर रहने की अपील की गई है।
राजधानी शिमला में दिन भर बादल छाए रहे। देरशाम झमाझम बादल बरसे। शुक्रवार को मंडी में 27, शिमला-धर्मशाला में 15, पालमपुर में 14.5, शाहपुर में 13, स्वारघाट में 7, कल्पा में 5, नाहन में 3.9 और भुंतर में 2 मिलीमीटर बारिश हुई। वहीं, गुरुवार रात को ऊना जिले बंगाणा में 107, गोहर मंडी 72, गुलेर कांगड़ा 56, सुंदरनगर 20, पालमपुर 26.2, कांगड़ा 22.4, डलहौजी 14, धर्मशाला 8.4, बिलासपुर छह, मंडी 3.5 और जुब्बड़हट्टी में1.6 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई है। केलांग में न्यूनतम तापमान 12.3 दर्ज किया गया है। उधर, शुक्रवार को ऊना में अधिकतम तापमान 35.7, चंबा में 32.8, बिलासपुर में 31.0, कांगड़ा में 30.7, हमीरपुर में 29.8, सोलन में 29.5, भुंतर में 28.7, सुंदरनगर में 26.0, नाहन-केलांग में 25.7, धर्मशाला में 25.6, कल्पा में 24.2, शिमला में 23.8 और डलहौजी में 20.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ।
चट्टानें गिरने से मंडी-कुल्लू एनएच बंद, चंबा के लुडेरा नाले में अधेड़ बहा
मंडी के सात मील के पास गुरुवार रात 11 बजे से चंडीगढ़-मंडी-मनाली एनएच भूस्खलन से भारी चट्टानें गिरने से बंद हो गया है। रात आठ बजे 21 घंटे बाद भी एनएच बहाल नहीं हो पाया। इस दौरान दोनों ओर करीब 20 किलोमीटर लंबा जाम लग गया। इस बीच वाया कटौला वैकल्पिक मार्ग पर भी दिनभर करीब 30 किलोमीटर लंबा जाम लगा रहा। यहां तक की सेब, सब्जियों से लदे ट्रक, पिकअप और अन्य वाहन भी फंसे रहे। खराब मौसम के चलते हिमाचल में शुक्रवार को 198 सड़कें ठप रहीं। उधर, चंबा के लुडेरा नाले में एक अधेड़ बह गया। प्रदेश भर में 16 कच्चे मकान क्षतिग्रस्त और तीन मकान ध्वस्त हुए हैं। 18 गोशालाओं को भी नुकसान पहुंचा है। बिजली के आठ ट्रांसफार्मर प्रभावित हुए हैं। चंबा के तुन्नूहट्टी-ककीरा मार्ग पर पैर फिसलने से लुडेरा नाले में गिरने से बहे कर्मचंद (58) निवासी गांव लुडेरा का शव बरामद हुआ।
मंडी-पठानकोट, मंडी-जालंधर वाया धर्मपुर मार्ग पर भी आवाजाही प्रभावित रही। गोहर, धर्मपुर और जोगिंद्रनगर क्षेत्र में 10 गोशालाएं ध्वस्त हो गईं। गोहर में गोशाला ढहने से तीन मवेशियों की मौत हुई है। सराज में तीन रिहायशी मकानों पर मलबा गिरा है। बारिश से बिलासपुर के कई भागों में यातायात ठप रहा। श्री नयनादेवी जी विधानसभा क्षेत्र में भाखड़ा बांध के पास पुलिस बैरियर के नजदीक पहाड़ी गिरने से ढाई घंटे तक मार्ग अवरुद्ध रहा। जिला कांगड़ा के चंगर के क्षेत्रों में वीरवार रात को जमकर बारिश हुई। खुंडियां के सुराणी में एक चट्टान सड़क मार्ग पर गिर गई। इसके चलते सड़क सुबह आठ बजे से दोपहर डेढ़ बजे तक बंद रही। टिहरी में एक रिहायशी कच्चा मकान गिर गया, जबकि थिल में एक गोशाला पर पेड़ गिर गया।