फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Shimla News ›   himachal vidhansabha mansoon session at shimla.

हिमाचल विधानसभाः पहले दिन सरकार नरम, वापस लिया केस

Sat, 22 Aug 2015 09:46 AM IST
Updated Sat, 22 Aug 2015 09:46 AM IST
विज्ञापन
himachal vidhansabha mansoon session at shimla.

हिमाचल सरकार नयना देवी के भाजपा विधायक रणधीर शर्मा और उनके साथियों पर दर्ज केस को वापस लेगी। मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने शुक्रवार को यह जानकारी विधानसभा के भीतर दी। वीरभद्र सिंह ने सदन में ही ऊना रैली में कहे उन शब्दों को भी वापस लेने की भी बात की, जिन्हें विपक्ष ने आपत्तिजनक माना है।

विज्ञापन


शोक प्रस्ताव पर चर्चा के बाद मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने कहा कि सत्र के शुरू होने के पहले दिन उन्होंने स्वयं और नेता प्रतिपक्ष ने परंपरा से हटकर सर्वदलीय बैठक में हिस्सा लिया। उन्होंने कहा कि बिलासपुर के बस्सी में हुई घटना पर नयना देवी के भाजपा विधायक रणधीर शर्मा और उनके साथियों के खिलाफ जो मामला दर्ज हुआ है, उसे वापस लिया जाएगा। वीरभद्र सिंह ने कहा वह ऊना रैली में कहे गए उन शब्दों को भी वापस लेते हैं, जिन पर भाजपा के सदस्य आपत्ति जता रहे हैं।

विज्ञापन

बारिश से नुकसान पर हल्की नोंक-झोंक

himachal vidhansabha mansoon session at shimla.

वहीं, इससे पहले हिमाचल विधानसभा के मानसून सत्र का आगाज शांतिपूर्ण माहौल में हुआ। इससे पहले 11 बजे मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने नेता प्रतिपक्ष प्रेमकुमार धूमल से उनकी सीट के पास जाकर गर्मजोशी से मुलाकात की। शोकोद्गार प्रस्ताव हो या प्रश्नकाल, विपक्ष अपने नरम रुख में ही नजर आया।

हालांकि, विपक्ष की ओर से नियम 130 के तहत भारी बारिश से हुए नुकसान पर लाए गए आखिरी प्रस्ताव पर दोनों पक्षों में हल्की नोक-झोंक जरूर हुई। बावजूद इसके बिना गतिरोध पूरे दिन की कार्यवाही चलती रही। इसे एक दिन पहले हुई सर्वदलीय बैठक का असर माना जा रहा है।

इसमें मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह और नेता प्रतिपक्ष प्रेमकुमार धूमल खुद शामिल हुए थे। सत्र के पहले दिन का प्रारंभ राष्ट्रगान से हुआ। इसके बाद मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने सदन में पूर्व राष्ट्रपति एपीजे अब्दुल कलाम, पूर्व विधायक ज्ञान सिंह नेगी और बजीर चंद के हाल ही में हुए निधन पर शोक जताया। ज्ञान सिंह नेगी विस उपाध्यक्ष जगत सिंह नेगी के पिता थे। सीएम ने राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी की पत्नी शुभ्रा मुखर्जी के देहांत पर भी दुख जताया।

प्रश्नकाल में गूंजे ये मुद्दे

himachal vidhansabha mansoon session at shimla.

नेता प्रतिपक्ष प्रेमकुमार धूमल ने भी शोक प्रस्ताव के साथ विपक्ष को सम्मिलित करते हुए कहा कि डा. एपीजे अब्दुल कलाम ने हिमाचल के लिए नौ सूत्रीय कार्यक्रम दिए थे। बाद में उन्होंने एक बार यह जानना भी चाहा कि इस कार्यक्रम पर कितना काम हुआ।

इसके बाद प्रश्नकाल हुआ। इसमें समय प्रबंधन को देखते हुए विस अध्यक्ष ने केवल दो मौखिक सवाल पूछने के बाद ही प्रश्नकाल के समाप्त होने की घोषणा की। उन्होंने विधायक रणधीर शर्मा पर मामला वापस लेने की भी जानकारी दी।

फिर मुख्यमंत्री ने कार्यसूची से अवगत करवाया। विस सचिव ने बजट सत्र में पारित और राष्ट्रपति तथा राज्यपाल से मंजूर बिलों की जानकारी दी। आबकारी एवं कराधान मंत्री प्रकाश चौधरी ने विलासिता कर पर लाए गए अध्यादेश की प्रति सदन के पटल पर रखी।

नियम-62 के तहत ट्रैकर अरुण शर्मा की खोज करने को लेकर विपक्ष सदन में ध्यानाकर्षण प्रस्ताव लाया। नियम 130 के तहत भाजपा विधायक महेंद्र सिंह ने भारी बारिश से हो रहे नुकसान पर संकल्प प्रस्ताव लाया। इस पर भोजनावकाश से पहले चर्चा शुरू हुई और भोजनावकाश के बाद भी चलती रही।

विज्ञापन

राजेंद्र राणा के बहाने कसे तीखे तंज

himachal vidhansabha mansoon session at shimla.

प्रदेश आपदा प्रबंधन बोर्ड के उपाध्यक्ष राजेंद्र राणा के बहाने भाजपा विधायकों ने शुक्रवार को मानसून सत्र के पहले दिन सरकारी व्यवस्था पर तीखे तंज कसे। भाजपा विधायक महेंद्र सिंह ने राजेंद्र राणा का उनके क्षेत्र का दौरा करने के लिए आभार जताते हुए कहा कि कहा आपदा प्रबंधन बोर्ड उपाध्यक्ष के पांव जमीन पर नहीं लगते। दूसरों की पीठ पर ही वह सवार रहते हैं।

छह इंच के पानी में भी न उतर सके। विधायक डा. राजीव बिंदल ने कहा कि प्रदेश में आपदा प्रबंधन लोगों की पीठ पर सवार है। उन्होंने आपदा प्रबंधन बोर्ड को सुदृढ़ करने की मांग की। राजेंद्र राणा के बचाव में उतरे मुख्य संसदीय सचिव इंद्र दत्त लखनपाल ने कहा उनके पांव में चोट लगी थी। उन्हें पीठ पर उठाने की कार्यकर्ता की भावना भी हो सकती है।

इस पर विधायक वीरेंद्र कंवर ने कहा पीठ पर तो ढोया जाता है, उत्साह में तो कंधे पर उठाते हैं। इस पर मुख्य संसदीय सचिव जगजीवन पाल ने कहा, आपदा प्रभावितों को कैसे खतरे से बाहर निकाला जाए, इसका तरीका राजेंद्र राणा बता रहे थे। इसको लेकर विधानसभा में खूब ठहाके लगे।

वीरभद्र-महेंद्र सिंह में नोकझोंक

himachal vidhansabha mansoon session at shimla.

धर्मपुर बस स्टैंड निर्माण को लेकर विधानसभा में मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह और भाजपा विधायक महेंद्र सिंह के बीच तीखी नोकझोंक हुई। बादल फटने से प्रदेश में हुए नुकसान पर महेंद्र सिंह ने नियम 130 के तहत चर्चा करते हुए सरकार पर राहत देने में नाकाम साबित होने का आरोप लगाया।

मुख्यमंत्री ने कहा धर्मपुर में बस स्टैंड गलत जगह बनाया गया। इसी कारण नुकसान अधिक हुआ। उन्होंने कहा कि कहीं सुरक्षित स्थान पर बस स्टैंड निर्माण करना चाहिए था। नुकसान होने का हमें भी दुख है। नियमानुसार भरपाई भी की जा रही है।

इस पर महेंद्र सिंह ने पलटवार करते हुए कहा अगर बस स्टैंड गलत जगह बनाया गया तो सरकार मामले की जांच क्यों नहीं करवाती। महेंद्र सिंह ने धर्मपुर सहित निचले हिमाचल की अनदेखी होने का आरोप लगाया।

रेस्ट हाउसों पर लाखों खर्चे, रहने लायक कमरे दो या तीन

himachal vidhansabha mansoon session at shimla.

हिमाचल में रेस्ट हाउसों पर लाखों रुपये खर्चे गए, जबकि इनमें रहने लायक कमरे दो या तीन थे। सदन में यह मामला ऊना के भाजपा विधायक सतपाल सत्ती ने उठाया। कहा कि वह सरकार का ध्यान इस ओर दिलाना चाहते हैं कि प्रदेश में रिपेयर के नाम पर किस तरह का धंधा चल रहा है। उन्होंने सदन में बड़सर, बंगाणा और भरवाईं में कथित गड़बड़ी का मामला उठाया।

सत्ती ने सवाल किया कि बड़सर में छह कमरे हैं। इस पर रिपेयर में 37.64 लाख खर्च दिए गए। बंगाणा में पांच कमरे हैं और रहने लायक दो हैं। इस पर 22.54 लाख खर्च किए गए। भरवाईं में छह कमरे हैं। इनमें रहने लायक तीन कमरे हैं। कहा कि 25 दिसंबर, 2012 से 15 फरवरी, 2015 तक इन विश्राम गृहों, निरीक्षण हटों की मरम्मत के लिए खर्च की गई राशि का ब्योरा दें।

कहां-कहां इसमें गड़बड़ी हुई है, इसकी भी उन्होंने जानकारी मांगी। इस पर मुख्यमंत्री ने कहा कि सवाल का विस्तृत उत्तर दिया गया है। इस पर अगर एक-एक चीज के बारे में जानकारी चाहिए तो विस्तार से इस पर लिखकर दें। जो भी सूचना चाहते हैं, उसके बारे में बता दिया जाएगा।

प्रदेश में पूर्व सैनिकों से भरे जाएंगे 935 पद

himachal vidhansabha mansoon session at shimla.

प्रदेश के विभिन्न विभागों में पूर्व सैनिकों के बैकलॉग के 935 पद भरे जा रहे हैं। इसकी प्रक्रिया तेजी से चल रही है। सरकार के महकमों में पूर्व सैनिकों के बैकलॉग की 3030 रिक्तियां हैं। अधिकतर पद भरने की प्रक्रिया समय-समय पर चल रही है। यह जानकारी सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री कर्नल धनीराम शांडिल ने प्रश्नकाल के दौरान दी।

सरकाघाट से भाजपा विधायक इंद्र सिंह के सवाल पर मंत्री कर्नल धनीराम शांडिल ने कहा कि एक अप्रैल, 2013 से 15 फरवरी, 2015 के बीच पूर्व सैनिकों के लिए चिन्हित रिक्त पदों में प्रथम श्रेणी के 248, द्वितीय श्रेणी के 23, तृतीय श्रेणी के 2434 और चतुर्थ श्रेणी के 345 पद हैं। ये रिक्तियां 74 विभागों में हैं। स्थायी पद 235 और 509 अस्थायी पद भरे गए हैं।

टीजीटी और प्रवक्ता पदों के लिए कई बार उम्मीदवार तय शर्तों को पूरा नहीं करते हैं। सैनिक विभाग हमीरपुर ने तो ऑनलाइन भर्ती शुरू कर दी है। भाजपा विधायक कर्नल इंद्र सिंह ने फिर से पूछा कि कि क्या पूर्व सैनिकों के लिए तय पदों पर नियमित नियुक्ति को भी सरकार विचार कर रही है। इस पर मंत्री ने कहा कि यह मामला सरकार के विचाराधीन है।

सदन के पटल पर रखे राज्यपाल से मंजूर विधेयक

himachal vidhansabha mansoon session at shimla.

राष्ट्रपति अथवा राज्यपाल की ओर से विधानसभा में पिछले सत्रों में पारित विधेयकों को भी शुक्रवार को सदन के पटल पर रखा गया। इनमें हिमाचल प्रदेश लोकायुक्त विधेयक सहित एक दर्जन विधेयक शामिल हैं। ये लोकायुक्त विधेयक हिमाचल प्रदेश विनियोग विधेयक, शिमला की सड़कों का उपयोग लोक सुविधा एवं सुरक्षा विधेयक, हिमाचल प्रदेश शामलात भूमि विधेयक शामिल हैं।

इसके अलावा न्यायालय कर्मचारी संशोधन विधेयक, वैट संशोधन विधेयक, सहकारी सोसाइटी संशोधन विधेयक, नगर एवं ग्राम योजना संशोधन विधेयक, पंचायतीराज संशोधन विधेयक, मंत्रियों के वेतन एवं भत्ता संशोधन विधेयक, विधानसभा अध्यक्ष एवं उपाध्यक्ष संशोधन विधेयक और विधानसभा सदस्य भत्ते एवं पेंशन संशोधन विधेयक हैं। इन्हें शुक्रवार को विधानसभा सचिव सुंदर सिंह वर्मा ने सदन के पटल पर रखा।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed