उत्कृष्ट कार्य करने वाली हिमाचलकी बेटियां बनेंगी पोस्टर गर्ल
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शिक्षा, खेल, न्यायिक, प्रशासनिक और सामाजिक क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाली हिमाचल की बेटियां अब सूबे की पोस्टर गर्ल बनेंगी। उनके फोटो वाले पोस्टर अब प्रदेश के प्रमुख स्थलों पर लगाए जाएंगे। इनमें बेटियों की उपलब्धियों का बखान होगा। बताया जाएगा कि किन हालातों में बेटियों ने देश-दुनिया में मुकाम हासिल किया।
इसका मकसद समाज में बेटियों के प्रति सकारात्मक भावना पैदा करना, जागरूकता फैलाना और बेटियों को प्रेरणा देना है। ऊना के बाद अब हमीरपुर जिला प्रशासन भी बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ अभियान के तहत जिले के बस अड्डों, शिक्षण संस्थानों और धार्मिक और पर्यटन स्थलों में बेटियों की उपलब्धियों के पोस्टर लगाने जा रहा है।
इसमें महिला एवं बाल विकास विभाग सहित अन्य विभागों और जिला के लोगों की सहायता ली जाएगी। हमीरपुर जिला प्रशासन ने लोगों से उनके क्षेत्र में मौजूद ऐसी बेटियों का डाटा देने की अपील की है। इस योजना को अब पूरे प्रदेश में लागू करने की तैयारी है।
बेटियों को किताबों के अलावा कॅरिअर टिप्स भी
उपायुक्त हमीरपुर डॉ. रिचा वर्मा का कहना है कि जिला प्रशासन ने विचार विमर्श करने के बाद जिलाभर के विभिन्न सार्वजनिक स्थलों पर बेटियों की उपलब्धि के पोस्टर लगाने का निर्णय लिया है। इससे लोगों में बेटियों के प्रति सकारात्मक सोच पैदा होगी। इसके लिए कई विभागों, पंचायतों और लोगों से उत्कृष्ट कार्य करने वाली बेटियों की जानकारी देने की अपील की गई है।
बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ अभियान के तहत मेधावी बेटियों को पाठ्य सामग्री देकर सम्मानित किया जाता है। इस योजना से सरकारी स्कूलों के विषय विशेषज्ञ अध्यापक शिविर लगाकर बेटियों को कॅरिअर संबंधी टिप्स भी देते हैं। ताकि बेटियां देश का नाम रोशन करने में पीछे न रहें। ऊना जिला प्रशासन ने अब बेटियों के नाम पर व्यापारिक प्रतिष्ठानों का नाम रखने पर पांच हजार रुपये प्रोत्साहन राशि देने का प्रावधान किया है।
दो हेल्पलाइन, शक्ति ऐप और 13 महिला थाने
हिमाचल में बेटियां और महिलाएं सुरक्षा के लिए गुडि़या हेल्पलाइन (1515), महिला हेल्पलाइन (1090) के अतिरिक्त 181 और 100 नंबर पर डायल कर सकती हैं। प्रदेश में 13 महिला पुलिस थाना स्थापित किए गए हैं। कुछ और खोलने की तैयारी है।
राज्य महिला आयोग ने शक्ति ऐप शुरू किया है। तुरंत मदद के लिए ऐप में लाल रंग का शक्ति बटन दबाते ही लड़की का नाम, फोन नंबर और उसकी लोकेशन के आधार पर नजदीकी पुलिस स्टेशन से मदद पहुंच जाएगी।