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बॉडी वार्न कैमरों से लैस होगी प्रदेश पुलिस: एसआर मरडी

Wed, 23 Jan 2019 09:20 PM IST
ashok chauhan न्यूज डेस्क, अमर उजाला, धर्मशाला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, धर्मशाला Published by: ashok chauhan Updated Wed, 23 Jan 2019 09:20 PM IST
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himachal police dgp sr mardi statement in dharamshala himachal

प्रदेश पुलिस बॉडी वार्न कैमरों से लेस होगी। ये कैमरे खरीदने की योजना पुलिस विभाग ने बनाई है। पुलिस ने नए अल्कोहल सेंसर भी खरीदे हैं, जिससे शराब पीकर वाहन चलाने वाले चालकों पर शिकंजा कसा जा सके। यह बात धर्मशाला में पत्रकारों से डीजीपी एसआर मरडी ने कही।

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कहा कि प्रदेश में टूट रहे परिवारों में नशे की प्रवृति बढ़ रही है। बिखर रहे परिवारों में लोग एक-दूसरे पर ध्यान नहीं दे रहे, जिस कारण प्रदेश के युवा नशे के दलदल में धंस रहे हैं। जो लोग पहले नशे के आदी बन रहे हैं, वही बाद में अपने नशे के लिए धन एकत्रित करने के लिए नशे के सौदागर बन रहे हैं।
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एक साल में प्रदेश भर में कानून व्यवस्था में काफी सुधार आया है। इस वर्ष हत्या के 98, हत्या के प्रयास के 58, डकैती का एक और अपहरण के 476 मामले प्रदेेश भर में दर्ज हुए हैैं। यह गत वर्ष के मुकाबले कहीं कम हैं।
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इस वर्ष महिलाओं पर हत्याचार के 191 मामले सामने आए हैं, जबकि महिला छेड़छाड़ के 515 मामले दर्ज हुए, जबकि 3757 शिकायतें पुलिस को प्राप्त हुईं। उन्होंने बताया कि इनमें 3284 मामलों को पुलिस ने सुलझा लिया। 

ऊना, चंबा, कांगड़ा की हुई समीक्षा बैठक 

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इस वर्ष सड़क दुर्घटनाओं में भी कमी आई है। वर्ष 2018 में प्रदेश भर में सड़क दुर्घटनाओं में 5541 लोग घायल हुए, जबकि 1201 लोगों की मौत सड़क हादसों में हुई है। एनडीपीएस के तहत 1342 मामले दर्ज हुए, जिनमें 1724 लोगों को गिरफ्तार किया।

इनमें 10 विदेशी शामिल हैं। इस वर्ष 1048 सीसीटीवी कैमरे प्रदेश भर में स्थापित किए गए हैं।  इससे पहले डीजीपी एसआर मरडी ने ऊना, चंबा और कांगड़ा के एसपी, डीएस और एसएचओ के साथ समीक्षा बैठक की। इस दौरान उनसे क्राइम, ड्रग, अवैध खनन सहित अन्य मामलों पर फीडबैक लिया गया।

उन्हें एनडीपीएस के मामलों को कम करने के लिए नशा निवारण कमेटियों के साथ बैठाए गए तालमेल पर भी समीक्षा। डीजीपी ने बताया कि इस वर्ष प्रदेश में करीब 4 लाख लोगों ने पुलिस को ड्रग माफिया सहित अन्य अवैध गतिविधियां करने वाले लोगों के बारे में सूचना दी है।

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