{"_id":"604a344e8ebc3ec44635b008","slug":"himachal-news-old-woman-and-grandson-living-in-garrage-in-hamirpur","type":"story","status":"publish","title_hn":"गैरेज में रात बिताने को मजबूर और दादी और पोता","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
गैरेज में रात बिताने को मजबूर और दादी और पोता
Fri, 12 Mar 2021 12:32 PM IST
अरविन्द ठाकुर
अमर उजाला नेटवर्क, नादौन (हमीरपुर)
अमर उजाला नेटवर्क, नादौन (हमीरपुर)
Published by: अरविन्द ठाकुर
Updated Fri, 12 Mar 2021 12:32 PM IST
विज्ञापन
80 वर्षीय तारो देवी और पोता रितिक।
- फोटो : अमर उजाला
हमीरपुर जिले के उपमंडल नादौन की ग्राम पंचायत भूंपल के कोहला फतेहपुर गांव का गरीब परिवार खुले आसमान के नीचे रात गुजार रहा है। परिवार के मुखिया का करीब एक दशक पहले देहांत हो चुका है। मनजीत कुमार और उसकी धर्मपत्नी सुमना देवी के निधन के बाद अब उनका इकलौता बेटा रितिक कुमार है। जो अक्षम है। उसका पालन पोषण उसकी 80 वर्षीय दादी तारो देवी कर रही है। करीब तीन महीने पहले उनका कच्चा मकान बारिश के कारण ध्वस्त हो गया है।
विज्ञापन
उसके बाद से दादी अक्षम पोते को लेकर छत की गुहार लगा रही है, लेकिन अभी तक उसकी फरियाद पूरी नहीं हो पाई। बीपीएल में होने के बावजूद सरकार की गृह अनुदान की योजना का लाभ नहीं मिल पाया। दादी और पोता गांव में ही एक गाड़ी पार्क करने के लिए बनाए गए गैरेज शेड में रहने को विवश हैं। रितिक दसवीं कक्षा में पढ़ता है और बीमार रहता है।
विज्ञापन
पंचायत प्रधान सुशील शीलू ने बताया कि परिवार काफी दयनीय स्थिति में है। इनका कच्चा मकान था, जो बारिश के कारण गिर गया है। पंचायत ने प्रधानमंत्री आवास योजना में इस परिवार का नाम बजट स्वीकृति के लिए भेजा है। मामला डीसी हमीरपुर के समक्ष भी उठाया जाएगा। एसडीएम नादौन विजय कुमार ने कहा कि इस बारे में जांच कर उचित कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। अगर सूचना सही पाई जाती है तो बीडीओ को तुरंत आगामी कार्रवाई के लिए कहा जाएगा।
विज्ञापन