{"_id":"6ae482f636d236f80f07d76f","slug":"himachal-mukesh-agnihotri-says-the-goal-is-to-spend-500-crore-to-address-the-water-problem-in-haroli-2026-10-30","type":"story","status":"publish","title_hn":"हिमाचल: मुकेश अग्निहोत्री बोले- हरोली में पानी समस्या पर 500 करोड़ खर्च का लक्ष्य","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हिमाचल: मुकेश अग्निहोत्री बोले- हरोली में पानी समस्या पर 500 करोड़ खर्च का लक्ष्य
Fri, 30 Oct 2026 05:13 PM IST
Krishan Singh
संवाद न्यूज एजेंसी, हरोली (ऊना)।
संवाद न्यूज एजेंसी, हरोली (ऊना)।
Published by: Krishan Singh
Updated Fri, 30 Oct 2026 05:13 PM IST
सार
मुकेश अग्निहोत्री ने बताया कि हरोली में पेयजल उपलब्धता और खेतों की सिंचाई लंबे समय से चुनौती रही है। वर्तमान और भविष्य की जरूरतों को पूरा करने वाली योजनाओं पर काम हो रहा है।
विज्ञापन
उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री।
- फोटो : संवाद
विस्तार
उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने कहा कि हरोली में पानी की समस्या के स्थायी समाधान के लिए सरकार ने 500 करोड़ रुपये खर्च करने का लक्ष्य रखा है। इसमें से करीब 350 करोड़ रुपये पहले ही खर्च किए जा चुके हैं। शुक्रवार को उन्होंने 36 करोड़ रुपये की पेयजल, सिंचाई और सीवरेज योजनाओं का उद्घाटन व शिलान्यास किया। मुकेश अग्निहोत्री ने बताया कि हरोली में पेयजल उपलब्धता और खेतों की सिंचाई लंबे समय से चुनौती रही है। वर्तमान और भविष्य की जरूरतों को पूरा करने वाली योजनाओं पर काम हो रहा है। लगभग 101 करोड़ रुपये की योजना के तहत 136 पुराने ट्यूबवेलों की री-ड्रिलिंग की जा रही है। इसमें 50 नए जल भंडारण टैंकों का निर्माण और पाइपलाइन बिछाने का भी प्रावधान है।
विज्ञापन
बीत क्षेत्र में सिंचाई सुविधाओं के विस्तार के लिए करीब 75 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं। इससे पालकवाह से बटकलां तक की जमीन को सिंचाई का लाभ मिलेगा। इसके लिए मुख्य पंप हाउस बनाया जा रहा है, जिसमें सौर ऊर्जा का उपयोग भी होगा। हरोली विधानसभा क्षेत्र में अब तक 88 जल भंडारण टैंक तैयार हो चुके हैं। 50 अन्य टैंक बनाए जाएंगे, जिससे पानी के भंडारण की क्षमता बढ़ेगी। पंडोगा क्षेत्र के लिए 100 करोड़ रुपये की एक योजना स्वीकृति के करीब है।
विज्ञापन
वित्तीय चुनौतियों पर विपक्ष को घेरा
मुकेश अग्निहोत्री ने बताया कि हरोली में 18 पुलों का निर्माण किया जा रहा है। सभी छूटे हुए संपर्क मार्गों को जोड़ने का काम भी जारी है। केंद्र से मिलने वाली धनराशि में प्रदेश का भी निर्धारित हिस्सा शामिल होता है। उपमुख्यमंत्री ने कहा कि विपक्ष ने वित्तीय कठिनाइयों में सहयोग नहीं किया। राजस्व घाटा अनुदान और जीएसटी मुआवजे में कमी से प्रदेश के संसाधनों पर असर पड़ा है। मुकेश अग्निहोत्री ने जोर दिया कि राज्यों को करों में निर्धारित हिस्सा मिलना उनका अधिकार है। वित्तीय चुनौतियों के बावजूद सरकार विकास की जरूरतों को पूरा करने का प्रयास कर रही है।
विज्ञापन