फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Shimla News ›   Himachal 120 Professors from 100 Government Colleges Affiliated with HPU Can Now Pursue PhDs

हिमाचल: एचपीयू से संबद्ध सौ सरकारी कॉलेजों के 120 प्राध्यापक करवा सकेंगे पीएचडी, NEP के तहत व्यवस्था लागू

Sat, 25 Apr 2026 12:28 PM IST
Ankesh Dogra संवाद न्यूज एजेंसी, शिमला।
संवाद न्यूज एजेंसी, शिमला। Published by: Ankesh Dogra Updated Sat, 25 Apr 2026 12:28 PM IST
सार

एचपीयू शिमला ने सौ सरकारी कॉलेजों के 120 प्राध्यापकों को पीएचडी सुपरवाइजर के रूप में मान्यता प्रदान की है। यह निर्णय नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के प्रावधानों के अनुरूप लिया गया है, जिसमें शोध और नवाचार को संस्थागत स्तर पर विस्तारित करने पर जोर रहेगा। पढ़ें पूरी खबर...

विज्ञापन
Himachal 120 Professors from 100 Government Colleges Affiliated with HPU Can Now Pursue PhDs
हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय - फोटो : अमर उजाला नेटवर्क

विस्तार

हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय (एचपीयू) ने बड़ा प्रशासनिक निर्णय लेते हुए सौ सरकारी कॉलेजों के 120 प्राध्यापकों को पीएचडी सुपरवाइजर के रूप में मान्यता प्रदान की है। विश्वविद्यालय की जारी सूची के साथ ही यह व्यवस्था लागू हो गई है और चयनित प्राध्यापक अब शोधार्थियों का औपचारिक मार्गदर्शन कर रहे हैं। इससे विश्वविद्यालय पर दबाव कम होगा। यह निर्णय नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के प्रावधानों के अनुरूप लिया गया है, जिसमें शोध और नवाचार को संस्थागत स्तर पर विस्तारित करने पर जोर रहेगा। पहले पीएचडी सुपरविजन विश्वविद्यालय के विभागों तक सीमित था, लेकिन अब कॉलेजों को भी इस प्रक्रिया में शामिल कर दिया गया है।

विज्ञापन


विश्वविद्यालय ने स्पष्ट किया है कि यह जिम्मेदारी केवल उन्हीं प्राध्यापकों को दी गई है, जिन्होंने निर्धारित योग्यता, शोध प्रकाशन और अनुभव से जुड़े मानकों को पूरा किया है। स्क्रीनिंग और मूल्यांकन के बाद अंतिम सूची जारी की गई है। इस फैसले के बाद प्रदेश में पीएचडी मार्गदर्शन की उपलब्धता सीधे तौर पर बढ़ गई है। शोधार्थियों को अपने नजदीकी कॉलेजों में ही सुपरवाइजर मिल रहे हैं, जिससे विवि परिसरों पर निर्भरता घटी है। दाखिला लेने, मार्गदर्शन और संपर्क की प्रक्रिया सुगम हुई है। इससे शोधार्थियों की संख्या में भी वृद्धि हो रही है और विभिन्न विषयों में नए पंजीकरण हो रहे हैं। शिक्षकों के स्तर पर भी बदलाव सीधा प्रभाव डाल रहा है। सुपरविजन की जिम्मेदारी मिलने के साथ ही प्राध्यापक शोध परियोजनाओं, प्रकाशनों और अकादमिक गतिविधियों में शामिल हो रहे हैं।
विज्ञापन


कोटशेरा कॉलेज के 11 प्राध्यापक बने पीएचडी सुपरवाइज़र, एक संस्थान से सबसे अधिक चयन
राजीव गांधी राजकीय महाविद्यालय कोटशेरा के 11 प्राध्यापकों को पीएचडी सुपरवाइजर की मान्यता मिली है। मान्यता प्राप्त प्राध्यापक जीव विज्ञान, संगीत वोकल, संगीत इंस्ट्रुमेंटल, वाणिज्य, अर्थशास्त्र, समाजशास्त्र, रसायन विज्ञान, गणित, इतिहास, हिंदी और कंप्यूटर विज्ञान जैसे विषयों से जुड़े हैं। इससे संस्थान में बहुविषयक शोध संरचना सीधे तौर पर सक्रिय हुई है। कॉलेज में अब पीएचडी स्तर का मार्गदर्शन नियमित रूप से संचालित हो रहा है। विभागीय स्तर पर शोधार्थियों के साथ कार्य प्रारंभ हो चुका है।

विज्ञापन
विज्ञापन

एचपीयू में पीएचडी कोर्स वर्क के नतीजे घोषित, सभी विषयों में 100% परिणाम
हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय ने मार्च 2026 में आयोजित पीएचडी कोर्स वर्क परीक्षाओं के परिणाम शुक्रवार को घोषित कर दिए हैं। विश्वविद्यालय के परीक्षा नियंत्रक प्रो. श्याम लाल कौशल ने इस संबंध में आधिकारिक सूचना जारी करते हुए बताया कि सभी संबंधित विषयों में शत-प्रतिशत परिणाम दर्ज किया गया है। जारी सूचना के अनुसार फिजिकल एजुकेशन, समाजशास्त्र, वाणिज्य, इतिहास, अंग्रेजी, अर्थशास्त्र, राजनीति शास्त्र और शिक्षा विषयों के पीएचडी कोर्स वर्क (सीबीसीएस) के विभिन्न सेमेस्टरों के परिणाम घोषित किए गए हैं।

इन सभी विषयों में परीक्षार्थियों का पास प्रतिशत 100 प्रतिशत रहा, जो विश्वविद्यालय के लिए एक उल्लेखनीय उपलब्धि मानी जा रही है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि परीक्षार्थी अपने-अपने लॉगइन आईडी के माध्यम से ऑनलाइन पोर्टल पर जाकर परिणाम देख सकते हैं। इसके साथ ही विश्वविद्यालय की वेबसाइट पर भी परिणाम अपलोड करने के निर्देश जारी किए गए हैं, ताकि छात्रों को आसानी से जानकारी उपलब्ध हो सके। सीबीसी प्रणाली के तहत संचालित पीएचडी कोर्स वर्क परीक्षाएं शोधार्थियों के लिए अनिवार्य होती हैं, जिनके आधार पर आगे के शोध कार्य की दिशा तय होती है। ऐसे में इस बार का परिणाम शोधार्थियों के लिए सकारात्मक संकेत माना जा रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed