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मौसम के बदले मिजाज से सेब के पेड़ों में फ्लॉवरिंग में होगा विलंब
Thu, 18 Apr 2019 11:27 AM IST
Krishan Singh
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
Published by: Krishan Singh
Updated Thu, 18 Apr 2019 11:27 AM IST
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कुल्लू
- फोटो : अमर उजाला
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प्रदेश के ऊंचाई वाले इलाकों में बारिश से बढ़ी ठंड के कारण सेब के पेड़ों में फ्लॉवरिंग में विलंब होगा। सेब उत्पादक क्षेत्रों में तापमान नीचे चला गया है। सेब के पेड़ों में फ्लावरिंग के दौरान तापमान 18 से 22 डिग्री सेल्सियस तक अच्छा माना जाता है और ऐसे में फूल खूब खिलते हैं।
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बागवानी विशेषज्ञों के अनुसार इन दिनों बारिश के कारण सेब के पेड़ों में फूल आने की प्रक्रिया में देरी हो सकती है। मौसम विभाग ने प्रदेश में गुरुवार को भी बारिश का पूर्वानुमान लगाया है।
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मौसम साफ होने के बाद सेब के पड़ों को उचित तापमान मिल पाएगा और सेब के पेड़ों में फूले खिलने की प्रक्रिया फिर से शुरू हो पाएगी। बागवानी विशेषज्ञ डा. एसपी भारद्वाज कहते हैं कि किन्नौर जिले में बारिश नहीं हो रही है।
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जिन इलाकों में सेब पैदा होता है और वहां बारिश हो रही है वहां फ्लावरिंग में देरी हो सकती है। सेब के पेड़ों में परागण उत्पादन क्षमता भी कम होती है, क्योंकि मधु मक्खियों को घूमने का उचित वातावरण नहीं मिल पाता। इसके लिए तापमान 18 से 22 डिग्री तक होना जरूरी है।
ऐसे तापमान में फूल अच्छे खिलते हैं और फलों की सेटिंग भी अच्छी होती है। उनका कहना है कि किसी भी क्षेत्र में फूलों की पत्तियां झड़ने की कोई शिकायत बागवानों से अभी तक नहीं मिली है। सेब के पेड़ों में किसी भी प्रकार का स्प्रे न करें। बगीचों में कोई भी काम करना है तो इससे पहले बागवानी विशेषज्ञों की सलाह जरूर लें।