शहर में टांग दिए चौकीदार वाले होर्डिंग, चुनाव आयोग ने उतरवाए
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शहर के कोर एरिया में लगे ‘मैं भी चौकीदार’ वाले होर्डिंग चुनाव आयोग ने चंद घंटे बाद ही हटवा दिए। महापौर और भाजपा पार्षदों की फोटो लगे ये होर्डिंग बिना अनुमति के लगा दिए गए थे। माल रोड पर नाज चौक के समीप ऐसा ही एक बड़ा होर्डिंग लगाया गया था, जिसमें भाजपा नेताओं समेत महापौर कुसुम सदरेट, उप महापौर राकेश शर्मा और शहर के कुछ भाजपा पार्षदों के फोटो लगे थे।
चुनाव आयोग को इसकी शिकायत मिली, जिसके बाद निगम की तहबाजारी शाखा के इंस्पेक्टर ओपी ठाकुर को इनकी अनुमति चेक करने को कहा गया। पता चला कि ये होर्डिंग बिना अनुमति के टांगा गया था। बाद में पता चला कि ऐसे ही होर्डिंग ऑकलैंड टनल, बीसीएस और बस स्टैंड के समीप भी लगे हैं।
निगम की टीम ने मौके पर जाकर सभी चारों होर्डिंग उखाड़ दिए। इंस्पेक्टर ओपी ठाकुर का कहना है कि प्रशासन से मिले दिशा निर्देशों के तहत यह कार्रवाई की गई है। शहर में होर्डिंग लगाने को लेकर जो भी शिकायतें आ रही हैं, उन सबकी जांच की जा रही है।
नगर निगम ने शहर में कुल आठ जगहों पर ही होर्डिंग लगाने की अनुमति दी है। इसके अलावा बाकी जगहों पर यदि बिना अनुमति होर्डिंग या बोर्ड लगते हैं तो उन्हें तुरंत उखाड़ा जाएगा। आचार संहिता के चलते शहर में किसी भी जगह यदि बोर्ड या होर्डिंग लगाना है तो इसके लिए पहले प्रशासन से अनुमति लेनी होगी। इसके बाद नगर निगम या सरकारी संपत्ति पर प्रचार संबंधी सामग्री लगाई जा सकती है।
नगर निगम शिमला मेयर कुसुम सदरेट ने कहा कि शहर के एक कारोबारी को आठ जगहों पर होर्डिंग लगाने की अनुमति दी गई है। कारोबारी ने बाकायदा इसकी फीस भी भरी है। इनके अलावा यदि कहीं और जगह होर्डिंग लगाए गए हैं तो इसकी मुझे जानकारी नहीं है।