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शिक्षा का सच: गुनाह के सरकारी प्राइमरी और सीनियर सेकेंडरी स्कूल में एक कमरे में चल रहीं दो-दो कक्षाएं

Sat, 24 Oct 2026 11:56 AM IST
Krishan Singh संवाद न्यूज एजेंसी, रामशहर (सोलन)।
संवाद न्यूज एजेंसी, रामशहर (सोलन)। Published by: Krishan Singh Updated Sat, 24 Oct 2026 11:56 AM IST
सार

करीब 155 विद्यार्थियों के भविष्य से जुड़ी इस गंभीर समस्या के बावजूद अतिरिक्त कमरों का निर्माण अब तक मांग और आश्वासनों के बीच अटका है। 

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Education Reality : In a govt primary and senior secondary school in Guna, two classes are being held in a sin
सरकारी स्कूल गुनाह। - फोटो : अमर उजाला नेटवर्क

विस्तार
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शिक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने के दावे करने वाले विभाग और सरकार के सामने रामशहर के गुनाह के दो सरकारी स्कूलों की स्थिति कई सवाल खड़े कर रही है। एक कमरे में दो-दो कक्षाएं चलाने की मजबूरी है। करीब 155 विद्यार्थियों के भविष्य से जुड़ी इस गंभीर समस्या के बावजूद अतिरिक्त कमरों का निर्माण अब तक मांग और आश्वासनों के बीच अटका है। अभिभावकों का कहना है कि वे लंबे समय से स्कूलों में कमरों की कमी दूर करने की मांग उठा रहे हैं, लेकिन अब तक समस्या का समाधान नहीं हो पाया है। प्राथमिक पाठशाला गुनाह में 40 विद्यार्थी शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं। स्कूल में तीन कमरे उपलब्ध हैं। कमरों की कमी के कारण सभी कक्षाओं को अलग-अलग बैठाना संभव नहीं हो पा रहा है। मजबूरन एक ही कमरे में दो-दो कक्षाएं संचालित करनी पड़ रही हैं। साथ लगती वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला गुनाह के हालात और भी चिंताजनक हैं। यहां करीब 115 विद्यार्थी हैं। स्थिति यह है कि दो अलग-अलग कक्षाओं के विद्यार्थियों को एक ही कमरे में बैठाकर पढ़ाना पड़ रहा है। 

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मामले पर क्या बोले विधायक और शिक्षा विभाग के अधिकारी
स्कूल में कमरों की कमी की समस्या को मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री से उठाया गया है। बच्चों की पढ़ाई प्रभावित न हो, इसके लिए जल्द समस्या का समाधान किया जाएगा। -हरदीप बावा, विधायक

समस्या मेरे संज्ञान में है। स्कूल प्रबंधन समिति (एसएमसी) का प्रस्ताव उच्य अधिकारियों को भेजा जाएगा। -रामेश्वर दास, खंड शिक्षा अधिकारी रामशहर

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विद्यार्थियों को एक कमरे में पढ़ाना मजबूरी
स्कूल में कमरों की कमी के चलते परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। उपलब्ध सीमित कमरों में ही बच्चों को पढ़ाने की व्यवस्था करनी पड़ती है। यदि स्कूल में जल्द अतिरिक्त कमरों का निर्माण हो जाए, तो विद्यार्थियों को बेहतर और शांत शैक्षणिक माहौल मिल सकेगा। सतपाल, मुख्य अध्यापक, प्राथमिक पाठशाला गुनाह

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कमरों की कमी से पढ़ाई हो रही है प्रभावित
कमरों की कमी के कारण दो-दो कक्षाओं के विद्यार्थियों को एक ही कमरे में बैठाना पड़ रहा है। इस समस्या के चलते बड़ी कक्षाओं के विद्यार्थियों की पढ़ाई भी प्रभावित हो रही है। स्कूल में पर्याप्त कमरों की व्यवस्था हो जाए, तो बच्चों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण मिल सकेगा। दलेर सिंह, प्रधानाचार्य, वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला गुनाह

स्थानीय नेताओं, विधायक से मिले आश्वासन
कई बार मांग उठाने के बावजूद जमीनी स्तर पर कोई सुधार नहीं हुआ है। स्कूल में कमरों की कमी का मुद्दा कई बार स्थानीय विधायक के समक्ष भी उठाया जा चुका है। समिति ने निजी निधि या अन्य माध्यमों से अतिरिक्त कमरों का निर्माण करवाने की मांग की थी। अब तक केवल आश्वासन ही मिले हैं। मनजीत कुमार, प्रधान, स्कूल प्रबंधन समिति

कमरों की कमी के कारण बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही: नीता देवी
नीता देवी ने कहा कि कमरों की कमी के कारण बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। विधायक और अन्य नेताओं से यह मामला कई बार उठाया गया है। अब तक समाधान नहीं हो पाया है। भजनलाल और सुरेंद्र ने बताया कि वे बचपन में स्वयं इसी स्कूल में पढ़े हैं। समय के साथ स्कूल में विद्यार्थियों की संख्या तो बढ़ी, लेकिन सुविधाओं और कमरों का विस्तार नहीं हुआ। इस समय विद्यार्थियों को कमरों की कमी से परेशानी हो रही है।

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