{"_id":"6691f27c604ca617e508d4bb","slug":"education-department-will-do-new-experiments-to-increase-the-use-of-atal-tinkering-lab-2024-07-13","type":"story","status":"publish","title_hn":"Himachal: अटल टिंकरिंग लैब का उपयोग बढ़ाने के लिए नए प्रयोग करेगा शिक्षा विभाग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Himachal: अटल टिंकरिंग लैब का उपयोग बढ़ाने के लिए नए प्रयोग करेगा शिक्षा विभाग
Sat, 13 Jul 2024 08:50 AM IST
Krishan Singh
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला
Published by: Krishan Singh
Updated Sat, 13 Jul 2024 08:50 AM IST
सार
अटल टिंकरिंग लैब के शैक्षिक प्रभाव को बढ़ाने के लिए उच्च शिक्षा निदेशालय ने अभिनव शिक्षण स्थानों के भीतर कार्यक्षमता, उपयोग और रिकॉर्ड रखरखाव को अधिकतम करने के उद्देश्य से एक रणनीति शुरू की है।
विज्ञापन
लैब(सांकेतिक)
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
हिमाचल प्रदेश में अटल टिंकरिंग लैब के शैक्षिक प्रभाव को बढ़ाने के लिए उच्च शिक्षा निदेशालय ने अभिनव शिक्षण स्थानों के भीतर कार्यक्षमता, उपयोग और रिकॉर्ड रखरखाव को अधिकतम करने के उद्देश्य से एक रणनीति शुरू की है। उच्च शिक्षा निदेशक डॉ. अमरजीत शर्मा के निर्देश पर राज्य के स्कूलों में लैब के अधिक जुड़ाव और उपयोग को बढ़ावा देने के लिए कई प्रमुख पहलों को लागू किया जा रहा है। इसके तहत कार्यशालाएं और प्रशिक्षण सत्र शुरू किए जाएंगे। सामुदायिक जागरूकता अभियान चलाया जाएगा। रिकॉर्ड और बुकिंग सिस्टम बदला जाएगा।
विज्ञापन
निदेशक ने बताया कि रोबोटिक्स, थ्रीडी प्रिंटिंग, कोडिंग और इलेक्ट्रॉनिक्स जैसे अत्याधुनिक विषयों पर निर्धारित कार्यशालाएं आयोजित की जाएंगी। शिक्षक लैब संसाधनों के साथ अपनी परिचितता बढ़ाने और उन्हें स्कूल के पाठ्यक्रम में सहजता से एकीकृत करने के लिए विशेष प्रशिक्षण सत्रों से गुजरेंगे। रचनात्मकता और नवाचार को प्रोत्साहित करने के लिए छात्रों के नेतृत्व वाली परियोजनाओं और प्रतियोगिताओं की एक श्रृंखला शुरू की जाएगी।
विज्ञापन
सहयोगी शिक्षण वातावरण की सुविधा के लिए लैब क्लब भी स्थापित किए जाएंगे, जहां छात्र विचारों को साझा कर सकते हैं और एक साथ अभिनव परियोजनाओं पर काम कर सकते हैं। लैब सुविधाओं तक पहुंच और उपयोग को व्यापक बनाने के लिए पड़ोसी स्कूलों के साथ साझेदारी की जाएगी। इस पहल का उद्देश्य व्यावहारिक शिक्षा और अनुभावात्मक शिक्षा के लाभों को व्यापक छात्र जनसांख्यिकी तक पहुंचाना है।
विज्ञापन
लैब की परिवर्तनकारी क्षमता के बारे में जागरूकता बढ़ाने के लिए, विभाग अभिभावक-शिक्षक बैठकों (पीटीएम) या स्कूल प्रबंधन समिति (एसएमसी) की बैठकों के दौरान ओपन हाउस कार्यक्रम और प्रदर्शन आयोजित करने की योजना भी बनाई गई है। निदेशक ने बताया कि लैब संसाधनों के उपयोग को ट्रैक करने और छात्र भागीदारी की निगरानी करने के लिए एक सावधानीपूर्वक रिकॉर्ड रखने की प्रणाली स्थापित की जाएगी। डॉ. अमरजीत शर्मा ने लैब की पूरी क्षमता को साकार करने में सटीक रिकॉर्ड रखरखाव और सक्रिय छात्र भागीदारी की महत्वपूर्ण भूमिका पर जोर दिया।