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एसडीएम दफ्तर पर हंगामा, कौल सिंह और सरवीण के बीच हुई नोंकझोंक
ब्यूरो/अमर उजाला, शिमला
Updated Mon, 14 Mar 2016 06:41 PM IST
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राजस्व मंत्री कौल सिंह ठाकुर
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शाहपुर में खोले गए एडसीएम कार्यालय को लेकर विधानसभा में राजस्व मंत्री कौल सिंह और शाहपुर की विधायक सरवीण चौधरी के बीच तीखी नोकझोंक हो गई। मामले ने उस वक्त तूल पकड़ा, जब विपक्ष राजस्व मंत्री कौल सिंह के जवाब से संतुष्ट नहीं हुआ।
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प्रश्नकाल समाप्त होने के बाद कौल सिंह ने सरवीण चौधरी की ओर से 10 मार्च को पूछे गए प्रश्न के उत्तर में कहा कि शाहपुर में जिला पर्यटन विकास अधिकारी को निर्वाचन अधिकारी तैनात किया था। 16 अक्तूबर, 2012 को सरवीण ने सुबह 11 बजे उनके समक्ष अपना नामांकन पत्र दाखिल किया था। कहा कि शाहपुर में एसडीएम कार्यालय खोलने की घोषणा मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने 25 जनवरी 2016 को की है।
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नेता प्रतिपक्ष प्रेम कुमार धूमल ने कहा कि सितंबर 2012 को शाहपुर में एसडीएम कार्यालय खोलने की अधिसूचना जारी की गई थी। विस चुनाव खत्म होने के बाद जैसे ही कांग्रेस सरकार सत्ता में आई, उस अधिसूचना को रद्द कर दिया गया। शाहपुर की विधायक सरवीण चौधरी ने राजस्व मंत्री कौल सिंह पर गलत सूचना देकर सदन को गुमराह करने का आरोप लगाया था।
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कहा कि सितंबर 2012 में उनकी सरकार ने शाहपुर में एसडीएम कार्यालय खोलने की अधिसूचना जारी की थी। मंत्री को मान लेना चाहिए कि उनके पास गलत जानकारी है। कौल सिंह ने कहा कि एसडीएम कार्यालय ऐसे नहीं खोले जाते।
कार्यालय खोलने को कौन-कौन सी तहसीलें और पटवार सर्कल इसके अधीन होंगे, इसका आकलन किया जाएगा। उसके बाद ही शाहपुर में एसडीएम कार्यालय खोला जाएगा। भाजपा ने वोट हासिल करने को यह कार्यालय खोला था।