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रिटायर्ड आईएफएस की संपत्ति की विजिलेंस ने शुरू की जांच

Tue, 19 Jun 2018 12:19 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला Updated Tue, 19 Jun 2018 12:19 PM IST
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Vigilance started investigation in retired ifs property case in shimla

नौकरी के दौरान अपने निर्णयों को लेकर बहुचर्चित रहे रिटायर्ड आईएफएस अधिकारी चंद्रशेखर सिंह अब स्टेट विजिलेंस ब्यूरो के निशाने पर हैं। विजिलेंस ब्यूरो ने आय से अधिक संपत्ति की शिकायत पर जांच शुरू कर दी है।

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इस क्रम में ब्यूरो ने वन विभाग से चंद्रशेखर की ओर से घोषित आय और संपत्ति का ब्योरा तलब किया है। सूत्रों का कहना है कि उन पर हिमाचल के अलग-अलग हिस्सों में संपत्ति खरीदने का आरोप है।
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वीरभद्र मंत्रिमंडल के फैसले के उलट रिटायरमेंट से ठीक एक हफ्ते पहले वन विकास निगम में ईको टूरिज्म साइटों के टेंडर जारी करने के मामले में सुर्खियों में आने वाले चंद्रशेखर सिंह की मुश्किलें बढ़ गई हैं।
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उनके खिलाफ मिली आय से अधिक संपत्ति और टेंडर में हुए कथित खेल की जांच शुरू कर दी है। सूत्रों के अनुसार शुरुआती जांच में विजिलेंस ब्यूरो को मनाली व उसके आसपास और हिमाचल के कुछ अन्य हिस्सों में संपत्ति की जानकारी मिली है। 

बेनामी संपत्तियां भी होने की आशंका

Vigilance started investigation in retired ifs property case in shimla

कुछ बेनामी संपत्तियां भी होने की आशंका जताई जा रही है। इसी जानकारी के बाद विजिलेंस ब्यूरो ने वन विभाग से उनका ब्योरा तलब कर लिया है। विभाग से मिलने वाली उनकी चल अचल संपत्ति के ब्योरे से जांच में मिली संपत्ति की जानकारी से मिलान किया जाएगा।

इसके बाद ब्यूरो आगे की कार्रवाई की दिशा तय करेगा। सूत्रों का कहना है कि सेवाकाल के अंतिम दिन किए गए टेंडर और निरस्तीकरण के बाद शासन ने भी आधिकारिक रूप से मामले में जांच की सिफारिश कर दी थी।

इसके बाद तब से सिंह के खिलाफ विजिलेंस प्रारंभिक जांच कर रहा है। उधर, नाम न लिखने की शर्त पर वन विभाग के एक अधिकारी ने विजिलेंस की ओर से घोषित चल-अचल संपत्ति मांगे जाने की पुष्टि की है। 

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