उधार का पैसा नहीं मिला तो सगे मौसा ने मासूम से की दरिंदगी
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पुलिस ने एक सप्ताह के भीतर नादौन के बेला गांव में पानी के टैंक में मिले सात वर्षीय बच्चे की मर्डर मिस्ट्री सुलझा ली है। उधार के 15 हजार रुपये न मिलने पर सगे मौसा ने ही सात साल के मासूम को मौत के घाट उतार दिया था। प्राथमिक पाठशाला नादौन में दूसरी कक्षा में पढ़ने वाले रोहित पुत्र उदय कुमार की हत्या के आरोप में उसके सगे मौसा मुकेश उर्फ नागेंद्र कुमार को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।
पूछताछ में मुकेश ने पुलिस को बताया कि सात माह पूर्व उदय ने उससे 15 हजार रुपये उधार लिए थे। बीमारी के बाद बेटी की मौत पर जब वह पैसे मांगने के लिए उदय के घर गया तो उदय की पत्नी गाली गलौज पर उतर गई। उदय ने हाथापाई शुरू कर दी। उस वक्त तो वह लौट आया पर बदला लेना चाहता था। पिछले सोमवार को वह दवाई लेने के लिए मझीन से नादौन आया था।
धक्का देकर पानी के टैंक में गिरा दिया था राहुल
यहां उसने शराब पी। करीब तीन बजे जब पाठशाला में छुट्टी हुई तो रास्ते में राहुल को यह कहकर अपने साथ ले गया कि उसके पिता बुला रहे हैं। बातचीत करते पैदल ही वे बेला गांव के उस घर में पहुंचे, जहां वह अपने परिवार सहित डेढ़ साल पहले रहता था। वहां जाकर पानी के टैंक में मुकेश ने राहुल को हाथ-मुंह धोने के लिए कहा।
जब राहुल हाथ पैर धोने लगा तो उसने धक्का दे दिया। इसके बाद वह घटनास्थल से बस अड्डा नादौन आ गया। यहां दोस्त विजय के साथ बैठकर शराब पी। शाम करीब साढ़े पांच बजे के करीब मझीन चला गया। डीएसपी लालमन शर्मा का कहना है कि रविवार देर रात मुकेश को हिरासत में ले लिया गया है। मुकेश ने राहुल की हत्या का गुनाह कबूल कर लिया है।