देसी कट्टे के साथ हिमाचल में घुस रहे 7 बदमाश गिरफ्तार
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हिमाचल के विभिन्न स्थानों में लूटपाट की घटनाओं को अंजाम देने वाले लुटेरों का गिरोह सक्रिय है। मैहतपुर के मुख्य प्रवेश द्वार पर ऐसे ही एक गिरोह के सात शातिरों को पुलिस ने दबोचा है। ये एक गाड़ी में पुलिस को चकमा देकर हिमाचल में दाखिल हो रहे थे।
26 जनवरी तथा पठानकोट में आतंकी वारदात के बाद प्रदेश के सरहदी नाके पर पुलिस कर्मियों ने शातिरों के मंसूबों पर पानी फेर दिया। सातों शातिरों को अदालत में पेश किया गया। उन्हें अदालत ने पहली फरवरी तक पुलिस रिमांड पर भेजा है। पुलिस अधीक्षक अनुपम शर्मा ने इसकी पुष्टि की है।
पुलिस सूत्रों के मुताबिक 25 जनवरी की रात को करीब सवा दस बजे मैहतपुर मुख्य नाके पर गाड़ी पीबी-डी-8834 को तलाशी के लिए रोका। इसमें करीब सात लोग सवार थे। तलाशी के दौरान पुलिस ने एक देसी कट्टा बरामद किया। पूछताछ पर शातिरों ने बताया कि उन्हें रास्ते में गिरा हुआ मिला।
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गाड़ी की गहनता से जांच करने पर पता चला कि आरोपियों ने कारतूस तथा लाठियां भी छुपाकर रखी थीं। इनसे प्रारंभिक पूछताछ में पता चला कि सभी नालागढ़ से हैं। पीरनिगाह जा रहे थे।
इनके पास लाठियां, देसी कट्टे तथा कारतूस का बरामद होना इसका साफ संकेत है कि यह गिरोह हिमाचल के विभिन्न स्थानों पर न केवल लूटपाट का घटनाओं को अंजाम देता है, बल्कि जंगली क्षेत्रों में जानवरों का बड़े पैमाने पर शिकार भी करता है।
पहरा न होता तो दाखिल हो जाते शातिर
पठानकोट के आतंकी हमले तथा गणतंत्र दिवस को लेकर बढ़ाई गई पुलिस चौकसी के चलते शातिर दबोचे गए हैं। चौकसी न होती तो वे बड़े आराम से हिमाचल में दाखिल हो गए होते। पुलिस अधीक्षक अनुपम शर्मा के मुताबिक पुलिस सरहदी नाकों पर पूरी तरह से मुस्तैद है। लिहाजा, इस तरह के शातिरों का सीमा में आसानी से दाखिल होना संभव नहीं है।