हिमाचल: सांसदों के निलंबन, केंद्र सरकार के विरोध में सड़कों पर उतरी कांग्रेस
शिमला शहरी कांग्रेस और ग्रामीण ने मिलाकर लोअर बाजार में शेरे पंजाब के पास एकत्र होकर प्रदर्शन किया। इसके अलावा प्रदेश के अन्य जिलों में भी प्रदर्शन हुए।
विस्तार
सांसदों के निलंबन, केंद्र की भाजपा सरकार के खिलाफ शुक्रवार को हिमाचल कांग्रेस सड़कों पर उतरी। शिमला शहरी कांग्रेस और ग्रामीण ने मिलाकर लोअर बाजार में शेरे पंजाब के पास एकत्र होकर प्रदर्शन किया। इसमें प्रदेश महिला कांग्रेस अध्यक्ष जैनब चंदेल, ,शिमला शहरी अध्यक्ष जितेंद्र चौधरी, जिला परिषद अध्यक्ष शिमला चंद्र प्रभा नेगी सहित अन्य कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। जैनब चंदेल ने सांसदों के सवाल उठाने पर निलंबित करने को लोकतंत्र की हत्या करार दिया। उन्होंने कहा कि सांसदों को अपनी आवाज उठाने पर निलंबित करना भारतीय लोकतंत्र में काला अध्याय है। उन्होंने कहा कि किसान, बेरोजगारों, युवाओं की आवाज नहीं सुनने वाली केंद्र सरकार अब संसद में चुनकर गए जानता के नुमाइंदों को भी बोलने का हक नहीं दे रही है। प्रदेश के अन्य जिलों में भी प्रदर्शन हुआ।
सांसदों के निलंबन पर बिलासपुर में गरजी कांग्रेस
संसद से 146 सांसदों के निलंबन पर बिलासपुर शहर स्थित शहीद स्मारक पर कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया। इसके बाद किसान भवन तक नारेबाजी करते हुए रैली निकाली। इस दौरान केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। वरिष्ठ नेता रामलाल ठाकुर, कांग्रेस प्रदेश महासचिव बंबर ठाकुर, जिलाध्यक्ष अंजना धीमान, प्रदेश सचिव विकास ठाकुर, विवेक कुमार, पूर्व विधायक बाबू राम गौतम, युवा कांग्रेस जिलाध्यक्ष आशीष ठाकुर, संदीप सांख्यान, अजय चंदेल मौजूद रहे।
चंबा जिला मुख्यालय में जोरदार प्रदर्शन
चंबा में ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के पदाधिकारियों ने जिला मुख्यालय में जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शन की अगुवाई कांग्रेस जिलाध्यक्ष कमल ठाकुर, ब्लॉक अध्यक्ष करतार सिंह ने की। कांग्रेस जिलाध्यक्ष कमल ठाकुर ने कहा कि केंद्र सरकार को आइना दिखाने वाले नहीं बचते हैं। जिसका प्रत्यक्ष प्रमाण बीते दिनों संसद में भी देखने को मिला। केंद्र सरकार की तानाशाही के फलस्वरूप संसद के दोनो सदनों में 142 सांसदों की सदस्यता निरस्त कर दिया गया। इसे कांग्रेसी बर्दाश्त नहीं करेंगे। ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष करतार सिंह ठाकुर ने केंद्र की भाजपा सरकार ने आपदा के दौरान प्रदेश से अपने हाथ पीछे खींचने का काम किया। जबकि, बीजेपी शासित राज्यों को भरपूर बजट प्रदान किया गया। कहा कि प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने अपनी निजी कमाई से भी 50 लाख इस आपदा को दिए। बीजेपी की ओर से एक भी नेता आगे नहीं आया।
नाहन में भी हुआ प्रदर्शन
वहीं, नाहन मंडल कांग्रेस कमेटी ने शुक्रवार को नाहन में प्रदर्शन किया। मंडल अध्यक्ष ज्ञानचंद चौधरी के नेतृत्व में यह विरोध प्रदर्शन किया गया। प्रदर्शन को लेकर कांग्रेसी नेताओं और कार्यकर्ता जिला मुख्यालय में इकट्ठा हुए और कांग्रेस भवन से स्टेट बैंक तक रैली निकाली। इस दौरान पूर्व विधायक कंवर अजय बहादुर सिंह, जिला प्रवक्ता कैप्टन सलीम अहमद विशेष तौर पर मौजूद रहे। रोष रैली के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने मोदी सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
कुल्लू में निकाली रैली, रिकांगपिओ में प्रदर्शन
रिकांगपिओ में भी कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने जिला कांग्रेस अध्यक्ष उमेश नेगी की अध्यक्षता में केंद्र सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। इस दौरान रिकांगपिओ बाजार में जिले के विभिन्न क्षेत्रों से आए कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और निलंबित सांसदों को जल्द बहाल करने की मांग उठाई। वहीं, कुल्लू जिला कांग्रेस कमेटी ने शुक्रवार को लोकसभा व राज्यसभा के 142 सांसदों के निलंबन के विरोध में कुल्लू में सड़कों पर उतरकर प्रदर्शन किया। ढालपुर के प्रदर्शन मैदान से लेकर उपायुक्त कार्यालय तक एक रैली भी निकाली जाएगी। इस दौरान केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की गई।