कांग्रेस विधायकों ने हिमाचल सरकार के खिलाफ खोला मोर्चा
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ऊना से कांग्रेस विधायक सतपाल सिंह रायजादा ने भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष और पूर्व विधायक सतपाल सिंह सत्ती पर विधानसभा चुनावों में मिली हार से बौखलाकर एसपी के साथ मिलकर उनके खिलाफ षड्यंत्र रचने का आरोप लगाया है।
मंगलवार को विधानसभा सदन से वाकआउट पर बाहर निकले कांग्रेस विधायकों ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोला। कांग्रेस विधायकों ने पुलिस अधीक्षक ऊना को जांच चलने तक पद से हटाने की मांग उठाई।
नेता विपक्ष मुकेश अग्निहोत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री ने सोमवार को यह कहकर विपक्ष का अपमान किया कि विपक्ष माफिया के साथ खड़ा है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री को अपने बयान पर खेद जताना चाहिए।
अग्निहोत्री ने कहा कि कांग्रेस हमेशा से माफिया के खिलाफ रही है। माफिया की आड़ में ऊना के एसपी ने कांग्रेस विधायक को बदनाम करने का प्रयास किया है। उन्होंने एसपी ऊना को हटाने की मांग करते हुए कहा कि जब तक उनकी मांगे पूरी नहीं होंगी सदन के अंदर और बाहर लड़ाई जारी रहेगी।
माकपा विधायक सिंघा भी आए साथ
विधायक सतपाल सिंह रायजादा ने कहा कि राजनीतिक द्वेष भावना के चलते उनके पीएसओ को फंसाया गया है। सतपाल सत्ती और एसपी उन्हें फंसाने का काम कर रहे हैं। रायजादा ने कहा कि सीआईडी जांच की घोषणा का वह स्वागत करते हैं लेकिन जांच पूरी होने तक एसपी को उनके पद से हटाया जाना चाहिए।
शिमला। कांग्रेस के वाकआउट में माकपा विधायक राकेश सिंघा भी शामिल हुए। सिंघा ने कहा कि उन्होंने पहली बार वाकआउट किया है। विधायिका पर हमला होना चिंतनीय है।
उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार विपक्ष की आवाज को दबाने का काम कर रही है। अगर कल को भाजपा विधायकों के बीच मतभेद हुए तो उन्हें भी भाजपा सरकार इसी तरह फंसाएगी। उन्होंने कहा कि मामले की निष्पक्ष जांच के लिए ऊना के एसपी को हटाना जरूरी है।