फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Shimla News ›   cm virbhadra singh statement on organisational district.

मैं होता तो कभी नहीं बनाता संगठनात्मक जिलेः वीरभद्र

Fri, 11 Sep 2015 10:02 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, शिमला
ब्यूरो/अमर उजाला, शिमला Updated Fri, 11 Sep 2015 10:02 AM IST
विज्ञापन
cm virbhadra singh statement on organisational district.

मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने कहा कि अगर मैं होता तो संगठनात्मक जिले भी न बनाता। राज्य में नए प्रशासनिक जिले नहीं बनाए जाएंगे। हालांकि, पार्टी संगठनात्मक जिले बनाने को स्वतंत्र है। मुख्यमंत्री ने किसी भी प्रशासनिक फेरबदल से इनकार किया। कहा कि केवल जरूरत पड़ने पर ही प्रशासनिक फेरबदल होंगे। वह वीरवार को पत्रकारों से अनौपचारिक बातचीत कर रहे थे।

विज्ञापन


कहा कि सरकार अंतरराष्ट्रीय मैचों के दौरान सुरक्षा उपलब्ध करवाने के लिए प्रतिबद्ध है। सुरक्षा प्रदान करने के लिए पूर्व में यदि एचपीसीए से किसी प्रकार का शुल्क लिया गया है तो इसी तरह की प्रक्रिया को आगे भी अपनाया जाएगा। व्यावसायिक खेल गतिविधि होने के नाते एचपीसीए इसके लिए शुल्क देने को बाध्य है।
विज्ञापन


सैन्य माउंटेन डिविजन के संबंध में कहा कि इसके लिए पर्याप्त भूमि उपलब्ध है। इस बारे में भारत सरकार की राय ली जाएगी। सरकार ऊना जिले में सैन्य जवानों के लिए सीएसडी कैंटीन डिपो की स्थापना भी कर रही है। प्रदेश में आर्मी के लिए नए स्टेशन बनेंगे। सरकार जमीन देने को हमेशा तैयार रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन


सीएम बोले हम नहीं चाहते, हर चूल्हे तक पहुंचे राजनीति
प्रदेश में पंचायत चुनाव पार्टी चिन्ह पर नहीं होंगे। मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने कहा कि हम नहीं चाहते कि हर चूल्हे तक राजनीति पहुंच जाए। विधानसभा चुनाव और पंचायत चुनाव में काफी अंतर होता है। पंचायत स्तर चुनाव में किसी भी तरह की राजनीति नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि हिमाचल में पंचायत चुनाव की तैयारियां शुरू हो गई हैं।

प्रदेश में पंचायत चुनाव निर्धारित समय पर होंगे। मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने पत्रकारों से अनौपचारिक बातचीत में कहा कि धर्मशाला स्मार्ट सिटी का चयन नियमों के तहत हुआ है। इसमें किसी भी तरह का भेदभाव नहीं किया गया है। जहां तक शिमला के स्मार्ट सिटी में शामिल न होने की बात है तो शिमला हिमाचल की राजधानी है। इसका दर्जा स्मार्ट सिटी से भी ऊपर है।

स्मार्ट सिटी को लेकर किसी भी तरह की राजनीति नहीं हुई है। राजधानी होने के नाते यहां हर समय विकास कार्य को प्राथमिकता दी जाती है। शिमला का दर्जा हमेशा ही ऊपर रहेगा। मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने कहा कि हिमाचल में आर्थिक रूप से कमजोर सामान्य श्रेणी के लोगों की ओर विशेष ध्यान दिया जाएगा। इनके लिए वित्त निगम के गठन पर विचार किया जा सकता है।


कौल सिंह के छुट्टी जाने का सवाल नहीं

मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने कहा है कि कौल सिंह ठाकुर के छुट्टी पर जाने का कोई सवाल ही पैदा नहीं होता है। उन्होंने इस तरह से कोई बात नहीं कही है। उन्होंने चुटकी लेते हुए कहा कि कुछ मंत्री 18 घंटे काम करते हैं तो कुछ 10 घंटे तो कई दो घंटे काम करते हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed