मंत्री से विवाद के कारण नहीं हटाए सचिव : जयराम ठाकुर
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सीएम जयराम ठाकुर ने प्रधान सचिव बागवानी को हटाने पर उठ रहे सवालों पर स्थिति स्पष्ट की। तकरीबन 1134 करोड़ रुपये की बागवानी विकास परियोजना को लाने में अहम भूमिका निभाने वाले प्रधान सचिव रहे जेसी शर्मा को बागवानी महकमे से हटाने की वजह मंत्री से विवाद नहीं है।
यह बात सीएम जयराम ठाकुर ने सोमवार को पत्रकारों से अनौपचारिक बातचीत में कही। उन्होंने कहा कि हिमाचल में प्रशासनिक कारणों से ही आईएएस अधिकारियों के तबादले हुए हैं। ये कई अन्य अधिकारियों के भी किए गए हैं।
बागवानी विकास परियोजना की मंत्री महेंद्र सिंह ने समीक्षा करने की बात की थी। मंत्री अधिकारियों से भी नाराज चल रहे थे, क्योंकि वे मंत्री के मुताबिक इसमें बदलाव करने में देरी कर रहे थे।
जेसी शर्मा ने इस परियोजना के लिए लड़ी लंबी लड़ाई
माना जा रहा है कि प्रधान सचिव जेसी शर्मा को इसी की कीमत चुकानी पड़ी है। बागवानी विकास परियोजना के लिए जेसी शर्मा पिछली सरकार में भी लंबी लड़ाई लड़ चुके थे। अधिकारियों के एक विरोधी धडे़ के विरोध के बावजूद वे मोदी सरकार से इसे मंजूर करवाने में कामयाब हुए थे।
हालांकि, जेसी शर्मा के पास सरकार ने अभी भी महत्वपूर्ण महकमा दिया हुआ है। ये आबकारी एवं कराधान है। पीटरहॉफ शिमला में सीएम जयराम ठाकुर से सोमवार को जब सवाल किया गया कि क्या प्रधान सचिव को बागवानी विभाग से हटाने के बाद अब इस प्रोजेक्ट पर चला हुआ विवाद खत्म हो गया है
तो मुख्यमंत्री बोले - सचिव का महकमा बदलने की यह वजह नहीं है। न ही इस वजह से सचिव को इस महकमे में लगाया गया था और न ही इस वजह से उन्हें हटाया ही गया है।
प्रदेश में सड़कों के किनारे क्रैश बैरियर न लगे होने से हो रही दुर्घटनाओं पर सीएम जयराम ठाकुर बोले - इस बारे में सरकार गंभीर है। हादसों के लिए सरकार की जवाबदेही भी तय की जाएगी।