फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Shimla News ›   cm jairam thakur statement over himachal govt loans

हिमाचल में विकास की गाड़ी कर्ज लेकर ही दौड़ेगी, यहां जानिए पूरा मामला

Tue, 03 Apr 2018 09:54 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला Updated Tue, 03 Apr 2018 09:54 AM IST
विज्ञापन
cm jairam thakur statement over himachal govt loans

हिमाचल में विकास की गाड़ी कर्जे लेकर ही दौड़ेगी। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने सोमवार को प्रश्नकाल के दौरान विधानसभा में स्पष्ट किया कि बिना कर्ज के सरकार चलाना मुश्किल है। 

विज्ञापन


विकासात्मक कार्यों के लिए कर्ज लेना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि पूर्व कांग्रेस सरकार ने 18 हजार करोड़ का कर्ज लिया। बड़ी बात यह है कि वर्ष 2013 और 2014 में लोन की लिमिट तक ब्रेक कर दी। मुख्यमंत्री ने सदन को आश्वस्त किया कि वे कर्ज लेंगे, लेकिन तय ऋण सीमा के भीतर। 
विज्ञापन


भाजपा सरकार ने अभी तक 1000 करोड़ का लोन लिया है। इसमें लोन की देनदारी और अन्य खर्च शामिल हैं। शुद्ध तौर पर यह लोन 265 करोड़ है। कांग्रेस विधायक सुखविंद्र सुक्खू और विधायक राजेंद्र राणा के प्रश्न के उत्तर में सीएम ने कहा कि वर्ष 2012 में कांग्रेस सरकार सत्ता में आई। 

विज्ञापन
विज्ञापन

खैर बेचकर कर्ज चुका सकती है सरकार

cm jairam thakur statement over himachal govt loans

पहली मंत्रिमंडल बैठक में मंत्रियों के लिए महंगी गाड़ियां खरीदीं। सीपीएएस की तैनाती के साथ निगम-बोर्डों में चेयरमैन और वाइस चेयरमैन की नियुक्तियां कर डालीं। हिमाचल में भाजपा सरकार बने तीन महीने हो गए हैं, लेकिन अभी तक न तो सीपीएस और न ही कांग्रेस सरकार की तर्ज पर बड़े पैमाने पर चेयरमैन की नियुक्तियां की हैं। 

सीएम ने कहा कि हिमाचल की आर्थिक स्थिति ठीक नहीं है। प्रदेश पर साढ़े 46 हजार करोड़ का ऋण है। यह कर्ज इसलिए भी बढ़ा है कि पूर्व सरकार ने नए संस्थानों की घोषणा कर दी। आधारभूत ढांचा तैयार करने के लिए हिमाचल इस खतरनाक स्थिति में जा पहुंचा है। 

भाजपा विधायक रमेश धवाला ने सरकार को सुझाव दिया कि प्रदेश के जंगलों में खैर गिरकर सड़ रहे हैं। इनके पेड़ बेचकर हिमाचल का कर्ज चुकाया जा सकता है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सुप्रीमकोर्ट ने खैर के पेड़ कटान पर प्रतिबंध लगाया था। अब इसे बहाल कर दिया है। तीन वन रेंज नूरपुर, बिलासपुर और पांवटा में खैर काटने की मंजूरी मिल गई है। बिजली प्रोजेक्ट से ही हिमाचल को आय होगी। 

सीएम और मुकेश आमने-सामने 

cm jairam thakur statement over himachal govt loans

विधानसभा में कर्ज लेने के प्रश्न पर मुख्यमंत्री और कांग्रेस विधायक दल के नेता मुकेश अग्निहोत्री आमने-सामने हो गए। मुकेश ने कहा कि हिमाचल पर साढ़े 46 हजार करोड़ का कर्ज है। क्या सरकार केंद्र से इसके बदले में बेल आउट पैकेज मांगेगी।

सीएम ने कहा कि कर्ज लेने की लिमिट होती है। उन्होंने आश्वस्त किया कि विकास कार्यों के लिए धन की कमी आड़े नहीं आने दी जाएगी। मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश में खनन नीति को लेकर अब तक कोई काम नहीं हुआ। नदियों में वैज्ञानिक तरीके से खनन कर राजस्व को कई गुना बढ़ाया जा सकता है। सरकार जल्द खनन की नीति लेकर आ रही है।

2017 में नशीले पदार्थों के पकड़े 1010 मामले

cm jairam thakur statement over himachal govt loans

हिमाचल में वर्ष 2015, 2016 की तुलना में वर्ष 2017 में नशीले पदार्थों के अधिक मामले पकड़ में आए। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने यह जानकारी विधायक रीता देवी की ओर से पूछे गए लिखित प्रश्न के उत्तर में दी।

उन्होंने कहा कि वर्ष 2015 में 622, 2016 में 929 और 2017 में 1010 मामले पकड़े गए। उन्होंने कहा कि सरकार ने प्रदेश से सटे अन्य राज्यों से नशीले पदार्थों के प्रवेश की रोकथाम के लिए विशेष कदम उठाए हैं।

कुल्लू रेंज के तहत जिला हमीरपुर, बिलासपुर और कुल्लू, कांगड़ा रेंज के तहत ऊना, चंबा और कांगड़ा व शिमला रेंज के सिरमौर, किन्नौर, सोलन और शिमला में नशीले पदार्थों को पकड़ने के लिए विशेष अभियान चलाया गया है। 

बीएडीपी के लिए 1000 करोड़ मंजूर

cm jairam thakur statement over himachal govt loans

 कृषि मंत्री डा. रामलाल मारकंडा ने कहा है कि बीएडीपी के तहत प्रदेश को 1,000 करोड़ रुपये मंजूर हुए हैं। बीएडीपी का कार्य जारी रहेगा। किन्नौर में योजनाओं को पूर्ण करने के लिए प्रारंभिक आंकलन अनुसार 81.79 करोड़ रुपये की आवश्यकता है।

वर्ष 2014-15 से 2016-17 तक जिला किन्नौर में कुल 90 कार्यों के लिए धनराशि उपलब्ध करवाई गई, जिसमें से 16 कार्य पूर्ण किए जा चुके हैं। इसमें 54 निर्माणाधीन और 20 कार्य औपचारिकताएं पूर्ण न होने के कारण शुरू नहीं किए जा सके हैं।

इसी प्रकार उपमंडल पूह में कुल 142 कार्यों के लिए धनराशि उपलब्ध करवाई गई, जिसमें से 20 कार्य पूर्ण किए जा चुके हैं और 91 कार्य निर्माणाधीन है। 31 कार्य औपचारिकताएं पूर्ण न होने के कारण अभी शुरू नहीं किए जा सके हैं।

मंत्री ने यह जानकारी किन्नौर के विधायक जगत सिंह नेगी की ओर से पूछे गए प्रश्न के उतर में दी। उन्होंने अपने प्रश्न में जिले में रुके 100 करोड़ रुपये के कार्य को पूरा करने का आग्रह किया। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed