शिमला: स्थायी नीति की मांग को लेकर विधानसभा में पहुंचे हजारों आउटसोर्स कर्मी, आश्वासन मिलने पर कहा- जय श्रीराम
विधानसभा से बाहर आकर मुख्यमंत्री ने कहा कि आउटसोर्स कर्मचारियों के लिए नीति बनाने पर सरकार काम कर रही है। इसके लिए कमेटी का भी गठन किया गया है। आउटसोर्स कर्मचारियों की तनख्वाह में कुछ इजाफा कर दिया गया है।
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हिमाचल प्रदेश के कोने-कोने से आए हजारों आउटसोर्स कर्मचारियों ने सोमवार को विधानसभा का घेराव किया। पहले आउटसोर्स कर्मी कालीबाड़ी मंदिर के नीचे सड़क से लेकर विधानसभा की दिशा में रेलवे बोर्ड भवन तक बैठ गए। बाद में इनका काफिला मुख्यमंत्री गेट की ओर बढ़ा। यहां वी वांट पॉलिसी... के नारे लगाते हुए आगे बढ़े। स्थायी नीति बनाने की मांग कर रहे इन कर्मचारियों ने कुछ देर नारेबाजी की और सरकार से जल्द उनकी मांगें पूरी करने का मामला उठाया। आश्वासन मिलने के बाद जय श्रीराम के नारे लगाने लगे।
इस दौरान विधानसभा से बाहर आकर मुख्यमंत्री ने कहा कि आउटसोर्स कर्मचारियों के लिए नीति बनाने पर सरकार काम कर रही है। इसके लिए कमेटी का भी गठन किया गया है। आउटसोर्स कर्मचारियों की तनख्वाह में कुछ इजाफा कर दिया गया है। बाकी मांगों पर भी गंभीरता से विचार किया जा रहा है।
विधानसभा के बाहर जुटे आउटसोर्स कर्मचारी मुख्यमंत्री से बड़ी घोषणा का इंतजार कर रहे थे। लेकिन मुख्यमंत्री से जल्द नीति बनाने का ही भरोसा मिला। इसके बाद कर्मचारी वापस लौट गए। प्रदेश आउटसोर्स कर्मचारी महासंघ के अध्यक्ष शैलेंद्र शर्मा ने कहा कि मुख्यमंत्री ने बातचीत के लिए बुलाया था, जिसके बाद कर्मचारी विधानसभा आए थे। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने उनकी मांग पूरा करने का भरोसा दिया है। अध्यक्ष ने कहा कि प्रदेश में हजारों आउटसोर्स कर्मचारी विभिन्न विभागों में सेवाएं दे रहे हैं। इनका शोषण हो रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार के विभिन्न विभागों, बोर्डों और निगमों में लगभग 30 हजार आउटसोर्स कर्मचारी कार्यरत हैं। विभिन्न विभागों में कार्यरत पैरा वर्कर्स के मानदेय मेें वृद्धि की घोषणा की है। पीटीए शिक्षकों का पूरी कानूनी प्रक्रिया से गुजरने के बाद समधान किया। एसएमसी अध्यापकों के कल्याण के लिए भी राज्य सरकार कानूनी बारीकियों को हल करने के बाद उचित कदम उठाएगी। ठीक इन शिक्षकों की तरह वैसे ही आउटसोर्स कर्मचारियों के लिए भी कोई रास्ता निकालेगी। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने वर्ष 2022-23 के बजट में आउटसोर्स कर्मचारियों को न्यूनतम 10500 रुपये प्रतिमाह प्रदान करने की घोषणा की है। जल शक्ति मंत्री महेंद्र सिंह ठाकुर ने इस बारे में स्थिति स्पष्ट की। ऊर्जा मंत्री सुखराम चौधरी भी इस अवसर पर उपस्थित थे।
आज हम आपके साथ खड़े हैं, कल आपको हमारा साथ देना होगा : जयराम
पदनाम बदलने की खुशी में हिमाचल प्रदेश स्कूल प्रवक्ता संघ के प्रतिनिधिमंडल ने सोमवार को ढोल नगाड़ों के साथ विधानसभा तक नाचते हुए पहुंचकर मुख्यमंत्री का बजट घोषणा के लिए आभार जताया। सरकार ने प्रवक्ता स्कूल कैडर और प्रवक्ता स्कूल न्यू का पदनाम प्रवक्ता स्कूल करने की घोषणा की है। प्रवक्ता संघ के अध्यक्ष केसर सिंह की अगुवाई में पहुंचे सैकड़ों शिक्षकों ने मुख्यमंत्री का आभार जताते हुए उन्हें अन्य मांगों से भी अवगत कराया। विधानसभा परिसर के बाहर प्रवक्ताओं को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने कहा कि आज हम आपके साथ खड़े हैं कल आपको हमारे साथ खड़े होना होगा
। संकट में एक-दूसरे का हमें साथ देना चाहिए। मुख्यमंत्री ने हंसते हुए कहा कि ऐसा न हो कि आपका काम जब हो जाए, तो हमारे साथ आप लोग खड़े न हों। इस पर प्रवक्ता ने एक आवाज में सरकार के साथ चट्टान की तरह खड़े की बात कही। प्रवक्ता संघ की मांगों को सुनने के बाद मुख्यमंत्री ने संघ को शिक्षा मंत्री और सचिव के साथ बैठकर सभी लंबित मांगों पर चर्चा करने को कहा। मुख्यमंत्री ने प्रवक्ता वर्ग की समस्याओं को प्राथमिकता से हल करने का आश्वासन दिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार की ओर से हर बेहतर सुविधा दी जा रही है। वेतन आयोग लागू होने में कुछ समय जरूर लगता है। शिक्षा विभाग में पदोन्नति के मामलों में झगड़े अधिक हैं। इसका समाधान किया जाएगा। कमियां दूर करने को खुले मन से विचार किया जाएगा।