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जातीय भेदभाव मामला: चेष्टा हाई स्कूल को लेकर एक और खुलासा
अमर उजाला ब्यूरो, कुल्लू
Updated Wed, 21 Feb 2018 12:45 PM IST
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कुल्लू जिले की दुर्गम पंचायत शिल्ही राजगिरी के चेष्टा हाई स्कूल में जातीय भेदभाव का मामला खत्म होने का नाम नहीं ले रहा है। मंगलवार को मिड डे मील का खाना खिलाने के लिए सभी छात्र-छात्राओं को रोल नंबर के हिसाब से बैठाया गया लेकिन कुछ बच्चे खड़े हो गए। स्कूल प्रबंधन सभी बच्चों को एक साथ खाना खिलाने में नाकाम रहा।
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यही नहीं एक वीडियो से खुलासा हुआ है कि जाति विशेष के बच्चों को मिड-डे मील के रसोई घर में जाने पर भी रोक लगाई हुई है। इसी वीडियो में बच्चे एक व्यक्ति द्वारा धमकी देने की बात भी कह रहे हैं। बच्चे ही नहीं, स्कूल का एक अध्यापक भी जातीय भेदभाव का शिकार हो रहा है। एक वीडियो में पूछताछ के दौरान बच्चों ने रसोई घर में न जाने देने की बात कही है।
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भेदभाव करने वालों को नहीं बख्शेंगे : गोविंद
वन व परिवहन मंत्री गोविंद सिंह ठाकुर ने कहा कि यह मामला दुर्भाग्यपूर्ण हूं व निंदनीय है। यदि जांच कमेटी कोई लापरवाही बरतती है तो उसकी भी जांच की जा सकती है। जातीय भेदभाव करने वालों को कतई नहीं बख्शा जाएगा।
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चेष्टा ही नहीं, जिले के कई स्कूलों में हो रहा भेदभाव
हाई स्कूल चेष्टा ही नहीं, जिला के कई अन्य स्कूलों में भी जातीय भेदभाव हो रहा है। मंगलवार को उपायुक्त को विभिन्न दलित संगठनों की सौंपी गई शिकायत में यह खुलासा किया है। दलित संगठनों ने स्कूलों में अनुसूचित जाति के बच्चों के साथ भेदभाव करने वाले सभी शिक्षकों को स्कूलों से हटाने की मांग की है।
जिला परिषद के न्योली वार्ड सदस्य सीता राखा ने कहा कि चेष्टा स्कूल में अनुसूचित जाति के बच्चों के साथ भेदभाव करना बेहद निंदनीय है। शैडो संस्था के प्रदेश अध्यक्ष हरदयाल भारती ने कहा कि स्कूल विद्या का मंदिर होता है। स्कूल में इस प्रकार का भेदभाव जो अध्यापक कर रहे हैं, उन्हें तुरंत प्रभाव से हटा देना चाहिए।
उन्होंने कहा कि स्कूल में जातीय भेदभाव का मामला उजागर होने के बाद अब शिक्षक अनुसूचित जाति के छात्रों को जान से मारने की धमकी दे रहे हैं। ऐसे में इन छात्रों की जान पर खतरा बना हुआ है। वहीं उपायुक्त ने भी मामले को लेकर कहा है कि उच्च स्तरीय कमेटी की जांच पूरी हो चुकी है। रिपोर्ट आने के बाद अब आगामी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
इस दौरान बीडीसी सदस्य मीना कुमारी, एसटी, एससी व ओबीसी कल्याण संघ अध्यक्ष हेमंत दास पंथी, दलित साहित्य अकादमी अध्यक्ष नीरत राम राखा, कोली समाज संघ के प्रदेश उपाध्यक्ष अमर चंद, वरिष्ठ उपाध्यक्ष दलित साहित्य अकादमी मोती राम, वीडी कुल्लवी, जोगिंद्र सिंह, गंगा सिंह, महासचिव कोली समाज डीआर आनंद आदि मौजूद रहे।
नपेंगे भेदभाव, छूआछूत को बढ़ावा देने वाले शिक्षक
स्कूली बच्चों के साथ भेदभाव और छूआछूत के मामलों को बढ़ावा देने और इस तरह के मामलों की अनदेखी करने वाले शिक्षकों की शामत आने वाली है। जिला कुल्लू के एक सरकारी स्कूल में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कार्यक्रम के प्रसारण में हुए जातीय भेदभाव के मामले पर विभागीय जांच के शुरू करने के बाद अब उच्च शिक्षा निदेशालय ने सभी स्कूलों को चेतावनी जारी की है।
मंगलवार को संयुक्त निदेशक उच्च शिक्षा सोनिया ठाकुर ने प्रदेश के सभी सरकारी स्कूलों के प्रिंसिपलों और हेडमास्टरों को चेतावनी जारी करते हुए इस तरह की घटनाओं पर पूर्ण पाबंदी सुनिश्चित करने को कहा है। उन्होंने कहा कि भविष्य में कुल्लू जिला के स्कूल की तरह का मामला अगर किसी अन्य जगह दोबारा हुआ तो संबंधित स्कूल प्रभारी के खिलाफ कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
उच्च शिक्षा निदेशालय ने स्कूलों में जाति के आधार पर छूआछूत और भेदभाव करने के मामलों पर सख्ती बरतते हुए स्कूल प्रिंसिपलों और हेडमास्टरों को पत्र जारी किया है। कहा गया है कि भारत का कानून जाति के आधार पर भेदभाव, छूआछूूत की अनुमति नहीं देता है।
कुल्लू में पेश आया मामला दुर्भाग्यपूर्ण है। शिक्षकों को इस तरह के मामलों को ना तो बढ़ावा देना चाहिए और न ही इनकी अनदेखी करनी चाहिए। संयुक्त निदेशक ने कहा है कि इन आदेशों की अवहेलना करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। भेदभाव और छूआछूत के मामलों को किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
अनुसूचित जाति आयोग भी हुआ सख्त
हिमाचल प्रदेश अनुसूचित जाति आयोग के अध्यक्ष अमित नंदा ने पुलिस महानिदेशक से कुल्लू में हुए मामले के लिए जिम्मेवार लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने के आदेश दिए हैं। उन्होंने कहा कि शिक्षक का तबादला किया जाना काफी नहीं है।
समाज को कड़ा संदेश देने के लिए जरूरी है कि इस मामले के लिए जिम्मेवार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। अध्यक्ष अमित नंदा ने डीजीपी से इस मामले पर की जाने वाली कार्रवाई की रिपोर्ट भी तलब की है।
अध्यक्ष ने जिला हमीरपुर के एक स्कूल में एससी वर्ग की छात्रा से हुए दुराचार मामले के दोषी शिक्षक के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई करने को कहा है।