45 नए एनएच बनाने के लिए बदलेगा प्रशासनिक ढांचा
केंद्र सरकार से हाल ही में हिमाचल को मिले 45 नए एनएच को सिरे चढ़ाने के लिए हिमाचल सरकार प्रशासनिक ढांचे में बदलाव करने जा रही है। अरबों के इन प्रोजेक्टों को सिरे चढ़ाने के लिए प्रदेश में अलग से प्रशासनिक अमला बैठेगा। एनएच की परियोजनाओं को धरातल पर उतारने के लिए भूमि अधिग्रहण, डीपीआर व प्रोजेक्टों के काम काज की मॉनीटरिंग के लिए अब सचिव एनएच एवं
इंजीनियर इन चीफ अलग से तैनात होंगे। इसके अलावा फील्ड में चीफ इंजीनियरों और इंजीनियरों की भी टीम होगी। ये अधिकारी केंद्र सरकार से मिले एनएच प्रोजेक्टों को गति देने का जिम्मा संभालेंगे। अभी तक प्रदेश में पीडब्ल्यूडी के एक चीफ इंजीनियर ही यह काम देख रहे थे।
हाल ही में केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने हिमाचल के लिए 45 नए एनएच की घोषणा की है। अब प्रदेश सरकार ने भी इन्हें जमीन पर उतारने की तैयारी करने शुरू कर दी है। अभी तक लोक निर्माण विभाग के पास ही एनएच का कार्य होता था। एक चीफ इंजीनियर के अलावा पांच जोनों में एसई और एक्सईएन तैनात थे।
एक माह में मिले 45 एनएच, एक फोरलेन
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने 5 और 6 जून को हिमाचल दौरे के दौरान नेशनल हाईवे और फोरलेेन की घोषण की थी। 5 जून को सोलन में 12 एनएच, हमीरपुर में 15 एनएच के अलावा पालमपुर में अलग से एक एनएच और प्रदेश को एक फोरलेन देने की घोषणा की।
इससे पहले धर्मशाला दौरे के दौरान 17 नेशनल हाईवे की घोषणा की थी। एक माह में 45 एनएच और एक फोरलेन हाईवे दिया। लोनिवि के अतिरिक्त मुख्य सचिव नरेंद्र चौहान ने बताया कि नए एनएच मिलने से काम बढ़ गया है। इसके चलते नेशनल हाईवे का अलग से प्रशासनिक ढांचा होना जरूरी है।
Published by Arvind Thakur